स्कूलों में पढ़ाई के साथ प्रतिभा निखारने पर जोर
बक्सर जिले के सरकारी विद्यालयों में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के साथ विद्यार्थियों की रचनात्मक प्रतिभा, तार्किक क्षमता और व्यक्तित्व विकास को नई दिशा देने की तैयारी तेज हो गई है। मिशन ज्ञानार्जन के तहत अब विद्यालयों में पढ़ाई के साथ कला, संस्कृति, विज्ञान, पठन-पाठन और स्वास्थ्य संबंधी गतिविधियों को भी बढ़ावा दिया जाएगा।

__नवंबर में कला उत्सव और दिसंबर तक वार्षिकोत्सव
__ मिशन ज्ञानार्जन की समीक्षा बैठक में डीएम साहिला ने दिए निर्देश, हर दिन स्वास्थ्य एवं कल्याण की एक कक्षा और विद्यालयों में पठन कोना बनाने पर भी जोर
केटी न्यूज/बक्सर।
बक्सर जिले के सरकारी विद्यालयों में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के साथ विद्यार्थियों की रचनात्मक प्रतिभा, तार्किक क्षमता और व्यक्तित्व विकास को नई दिशा देने की तैयारी तेज हो गई है। मिशन ज्ञानार्जन के तहत अब विद्यालयों में पढ़ाई के साथ कला, संस्कृति, विज्ञान, पठन-पाठन और स्वास्थ्य संबंधी गतिविधियों को भी बढ़ावा दिया जाएगा। इसको लेकर जिलाधिकारी साहिला ने अधिकारियों को निर्धारित समयसीमा के भीतर विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन सुनिश्चित कराने का निर्देश दिया है।मिशन ज्ञानार्जन के अंतर्गत संचालित गतिविधियों की समीक्षा के लिए शुक्रवार को समाहरणालय स्थित कार्यालय कक्ष में जिलाधिकारी की अध्यक्षता में बैठक आयोजित की गई। बैठक में विद्यालयों में शैक्षणिक गुणवत्ता सुधारने और विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास से जुड़े विभिन्न बिंदुओं पर विस्तार से चर्चा हुई। जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि शिक्षा का उद्देश्य केवल पाठ्यक्रम पूरा कराना नहीं, बल्कि बच्चों की प्रतिभा को निखारना और उनमें व्यावहारिक ज्ञान विकसित करना भी है।

__ नवंबर में कला उत्सव, दिसंबर तक वार्षिकोत्सव
जिलाधिकारी ने विद्यार्थियों की रचनात्मक क्षमता को मंच देने के लिए नवंबर 2026 के अंतिम सप्ताह में विद्यालयों में कला उत्सव आयोजित कराने का निर्देश दिया। वहीं, दिसंबर 2026 तक वार्षिकोत्सव संपन्न कराने को कहा गया, ताकि बच्चों को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने का अवसर मिल सके।

__ पठन संस्कृति और स्थानीय ज्ञान को मिलेगा बढ़ावा
विद्यार्थियों में किताबें पढ़ने की आदत विकसित करने तथा स्वाध्याय को प्रोत्साहित करने के लिए विद्यालयों में पठन कोना स्थापित करने का निर्देश जिला शिक्षा पदाधिकारी को दिया गया। इसके अलावा आगामी अभिभावक-शिक्षक संगोष्ठी के अवसर पर स्थानीय ज्ञान दिवस आयोजित करने को कहा गया। इसके माध्यम से बच्चों को क्षेत्र की संस्कृति, परंपराओं और स्थानीय ज्ञान से परिचित कराया जाएगा।

__ ओलंपियाड की तैयारी और स्वास्थ्य पर विशेष जोर
विद्यार्थियों की तार्किक क्षमता एवं वैज्ञानिक सोच विकसित करने के लिए गणित और विज्ञान ओलंपियाड की तैयारियां शुरू करने का निर्देश दिया गया। साथ ही, बच्चों में स्वास्थ्य, स्वच्छता और व्यक्तिगत कल्याण के प्रति जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से प्रतिदिन एक कक्षा स्वास्थ्य एवं कल्याण विषय पर संचालित करने को कहा गया।जिलाधिकारी ने सभी गतिविधियों को नियमित और प्रभावी ढंग से लागू करने पर जोर देते हुए कहा कि विद्यार्थियों के शैक्षणिक स्तर में सुधार के साथ उनके समग्र व्यक्तित्व विकास को प्राथमिकता दी जानी चाहिए। बैठक में उप विकास आयुक्त (डीडीसी) निहारिका छवि सहित संबंधित अधिकारी मौजूद रहे।

