विकास योजनाओं में देरी बर्दाश्त नहीं, 30 नवंबर तक नल-जल व चापाकलों की मरम्मत का अल्टीमेटम
जिले में विकास एवं आधारभूत संरचना से जुड़ी योजनाओं को रफ्तार देने के लिए बुधवार को समाहरणालय सभाकक्ष में प्रोजेक्ट मॉनिटरिंग ग्रुप एवं तकनीकी विभागों की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। जिला पदाधिकारी साहिला की अध्यक्षता में हुई बैठक में विभिन्न विभागों की निर्माणाधीन, पूर्ण, लंबित एवं प्रस्तावित योजनाओं की बिंदुवार समीक्षा की गई।


__ डीएम साहिला ने तकनीकी विभागों को दिए सख्त निर्देश, अटकी योजनाओं की बाधाएं दूर कर समयसीमा में काम पूरा कराने पर जोर
केटी न्यूज/बक्सर।
जिले में विकास एवं आधारभूत संरचना से जुड़ी योजनाओं को रफ्तार देने के लिए बुधवार को समाहरणालय सभाकक्ष में प्रोजेक्ट मॉनिटरिंग ग्रुप एवं तकनीकी विभागों की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। जिला पदाधिकारी साहिला की अध्यक्षता में हुई बैठक में विभिन्न विभागों की निर्माणाधीन, पूर्ण, लंबित एवं प्रस्तावित योजनाओं की बिंदुवार समीक्षा की गई। इस दौरान डीएम ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिया कि विकास योजनाओं में गुणवत्ता और समयसीमा से किसी भी स्तर पर समझौता नहीं किया जाएगा।बैठक में डीएम ने विभागवार योजनाओं की वर्तमान स्थिति की जानकारी लेते हुए निर्माण कार्यों में आ रही अड़चनों का त्वरित समाधान कराने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि योजनाओं का लाभ आम लोगों तक समय पर पहुंचे, इसके लिए संबंधित विभाग आपसी समन्वय के साथ काम करें और लंबित कार्यों में तेजी लाएं।

__बक्सर-इटाढ़ी पथ के लिए वर्क ऑर्डर की कवायद
पथ निर्माण विभाग की समीक्षा के दौरान कार्यपालक अभियंता को बक्सर-इटाढ़ी पथ के संबंध में वर्क ऑर्डर की मांग करने का निर्देश दिया गया। वहीं, बड़ी मस्जिद से आईटीआई मैदान तक सड़क चौड़ीकरण की दिशा में अंचलाधिकारी, बक्सर से अनापत्ति प्रमाण-पत्र प्राप्त करने को कहा गया, ताकि आगे की प्रक्रिया में अनावश्यक विलंब न हो।
__ विकास भवन समेत निर्माणाधीन भवनों पर मांगी रिपोर्ट
भवन प्रमंडल की योजनाओं की समीक्षा करते हुए कार्यपालक अभियंता को विकास भवन तथा चौगाई और केसठ में निर्माणाधीन सरकारी भवनों के संबंध में आवश्यक प्रस्ताव उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया। डीएम ने निर्माण कार्यों की प्रगति पर नियमित निगरानी रखने को भी कहा।

__ 30 नवंबर तक दुरुस्त होंगे नल-जल व चापाकल
लोक स्वास्थ्य प्रमंडल की समीक्षा में डीएम ने जिले में खराब अथवा मरम्मत योग्य नल-जल योजनाओं एवं चापाकलों को चिन्हित करने का निर्देश दिया। उन्होंने स्पष्ट समयसीमा तय करते हुए सभी चिन्हित नल-जल योजनाओं और चापाकलों की मरम्मत का कार्य 30 नवंबर 2026 तक पूरा कराने को कहा। इससे ग्रामीण क्षेत्रों में पेयजल व्यवस्था को दुरुस्त करने की दिशा में विभागीय स्तर पर तेजी आने की उम्मीद है।
__ छात्रावास में मरम्मत और रंग-रोगन के निर्देश
अनुसूचित जाति एवं जनजाति कल्याण छात्रावास की स्थिति की समीक्षा के दौरान आवश्यक मरम्मत के साथ रंग-रोगन का कार्य कराने का निर्देश दिया गया। डीएम ने छात्रावास की सुविधाओं को बेहतर बनाने पर भी जोर दिया।

__ जलजमाव वाले स्थलों पर पहले होगी जमीन की जांच
पंचायत सरकार भवनों की समीक्षा के दौरान सामने आया कि कुछ स्थानों पर जलजमाव के कारण निर्माण कार्य शुरू नहीं हो पाया है। डीएम ने ऐसे सभी स्थलों की जिला पंचायती राज पदाधिकारी के स्तर से जांच कराने तथा भूमि की उपलब्धता और उपयुक्तता सुनिश्चित करने का निर्देश दिया, ताकि उपयुक्त स्थल चिह्नित कर निर्माण कार्य जल्द शुरू कराया जा सके।बैठक में डीएम ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि योजनाओं की नियमित समीक्षा करें, प्रगति प्रतिवेदन को अद्यतन रखें और निर्धारित लक्ष्य के अनुरूप कार्यों में तेजी लाएं। उन्होंने कहा कि विकास योजनाओं का प्रभावी और समयबद्ध क्रियान्वयन जिला प्रशासन की प्राथमिकता है। विभागों के बीच समन्वय की कमी के कारण किसी भी योजना में अनावश्यक विलंब नहीं होना चाहिए।

