पंडालों तक दमकल की पहुंच जरूरी, 20 फीट से ऊंची नहीं होंगी दुर्गा प्रतिमाएं

दुर्गापूजा के दौरान श्रद्धालुओं की सुरक्षा और किसी भी आपात स्थिति से निपटने की तैयारी को लेकर चौसा प्रखंड प्रशासन ने निगरानी तेज कर दी है। मंगलवार को बीडीओ मनोज पासवान और सीओ विजय प्रकाश ने प्रखंड क्षेत्र के सरेंजा, बनारपुर समेत विभिन्न गांवों में निर्माणाधीन पूजा पंडालों का निरीक्षण किया।

पंडालों तक दमकल की पहुंच जरूरी, 20 फीट से ऊंची नहीं होंगी दुर्गा प्रतिमाएं

__ चौसा में बीडीओ-सीओ ने पूजा पंडालों का लिया जायजा, सुरक्षा मानकों की अनदेखी पर प्रशासन सख्त; सीसीटीवी लगाने का निर्देश

केटी न्यूज/बक्सर।

दुर्गापूजा के दौरान श्रद्धालुओं की सुरक्षा और किसी भी आपात स्थिति से निपटने की तैयारी को लेकर चौसा प्रखंड प्रशासन ने निगरानी तेज कर दी है। मंगलवार को बीडीओ मनोज पासवान और सीओ विजय प्रकाश ने प्रखंड क्षेत्र के सरेंजा, बनारपुर समेत विभिन्न गांवों में निर्माणाधीन पूजा पंडालों का निरीक्षण किया। अधिकारियों ने पूजा समितियों को स्पष्ट निर्देश दिया कि पंडालों का निर्माण निर्धारित सुरक्षा मानकों के अनुरूप ही कराया जाए। खासकर अग्निशमन वाहनों के सुगम आवागमन की व्यवस्था सुनिश्चित करने और प्रतिमाओं की ऊंचाई 20 फीट तक सीमित रखने पर जोर दिया गया।

निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने पंडालों के आसपास की जगह, रास्तों और सुरक्षा संबंधी इंतजामों का जायजा लिया। उन्होंने कहा कि पूजा पंडालों तक पहुंचने वाले मार्ग इतने खुले होने चाहिए कि आग लगने या किसी अन्य आपात स्थिति में अग्निशमन वाहन बिना किसी बाधा के मौके पर पहुंच सके। पंडालों के आसपास अनावश्यक अवरोध नहीं रखने और श्रद्धालुओं की आवाजाही के लिए पर्याप्त जगह उपलब्ध कराने का भी निर्देश दिया गया।

__सजावट के साथ सुरक्षा का भी रखना होगा ध्यान

प्रशासन ने पूजा समितियों को आग से बचाव के लिए जरूरी सावधानियां बरतने की हिदायत दी। अधिकारियों ने कहा कि पंडालों की सजावट और निर्माण के दौरान सुरक्षा को नजरअंदाज नहीं किया जाना चाहिए। भीड़ को नियंत्रित रखने और श्रद्धालुओं के सुरक्षित आवागमन के लिए भी उचित व्यवस्था करनी होगी। इसके साथ ही पूजा पंडालों में सीसीटीवी कैमरे लगाने का निर्देश दिया गया, ताकि गतिविधियों पर नजर रखी जा सके और जरूरत पड़ने पर तत्काल कार्रवाई की जा सके।

__पर्यावरण अनुकूल सामग्री के इस्तेमाल पर जोर

बीडीओ और सीओ ने प्रतिमाओं के निर्माण तथा रंग-रोगन में पर्यावरण अनुकूल सामग्री का इस्तेमाल करने की सलाह दी। उन्होंने स्पष्ट किया कि प्रतिमाओं की ऊंचाई 20 फीट से अधिक नहीं होनी चाहिए। पूजा समितियों से कहा गया कि सजावट, निर्माण और अन्य तैयारियां प्रशासन के दिशा-निर्देशों के अनुरूप पूरी करें, ताकि दर्शन-पूजन के दौरान श्रद्धालुओं को किसी तरह की परेशानी न हो।अधिकारियों ने कहा कि दुर्गापूजा के दौरान शांति व्यवस्था बनाए रखना, भीड़ का सुरक्षित प्रबंधन करना और आपात स्थिति से निपटने की तैयारी प्रशासन की प्राथमिकता है। इसके लिए सभी पूजा समितियों से नियमों का पालन करने और प्रशासन को सहयोग देने की अपील की गई।