रामलीला मंच पर ताले की जंग, ईओ के खिलाफ सड़क पर उतरे लोग
चौसा नगर पंचायत के स्थानीय बाजार स्थित साक्षरता भवन सह रामलीला मंच पर मंगलवार को ताला लगाने को लेकर विवाद गहरा गया। शौचालय में गंदगी और नलों की टोंटी टूटी मिलने पर कार्यपालक पदाधिकारी (ईओ) रानी कुमारी ने भवन में दूसरा ताला लगवा दिया। इस कार्रवाई से नाराज स्थानीय नागरिकों ने ईओ के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।

__ शौचालय की गंदगी देख ईओ ने जड़ा दूसरा ताला, नागरिकों ने मौके पर बुलाकर माफी मंगवाने की उठाई मांग
केटी न्यूज/बक्सर।
चौसा नगर पंचायत के स्थानीय बाजार स्थित साक्षरता भवन सह रामलीला मंच पर मंगलवार को ताला लगाने को लेकर विवाद गहरा गया। शौचालय में गंदगी और नलों की टोंटी टूटी मिलने पर कार्यपालक पदाधिकारी (ईओ) रानी कुमारी ने भवन में दूसरा ताला लगवा दिया। इस कार्रवाई से नाराज स्थानीय नागरिकों ने ईओ के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। मामला इतना बढ़ा कि मौके पर पहुंचे थानाध्यक्ष शम्भू भगत को भी लोगों के विरोध का सामना करना पड़ा। नागरिक ईओ को घटनास्थल पर बुलाने और उनसे माफी मंगवाने की मांग पर अड़े रहे। देर शाम तक भवन का ताला नहीं खुल सका था।

__ निरीक्षण के दौरान सामने आई गंदगी
जानकारी के अनुसार, मंगलवार को ईओ रानी कुमारी नगर पंचायत क्षेत्र में चल रहे नाली निर्माण कार्य का निरीक्षण करने निकली थीं। इसके साथ ही सरकार के निर्देश पर पर्व-त्योहारों के मद्देनजर कायाकल्प योजना के तहत सरकारी भवनों में रंग-रोगन और शौचालयों की साफ-सफाई की स्थिति भी जांची जा रही थी। इसी क्रम में वह स्थानीय बाजार स्थित साक्षरता भवन पहुंचीं। वहां शौचालय में गंदगी और नलों की टोंटी टूटी मिलने पर उन्होंने नाराजगी जताई और भवन में दूसरा ताला लगा दिया। इसके बाद वह कार्यालय लौट गईं।

__ चाबी लेकर पहुंचे थानाध्यक्ष, नहीं माने नागरिक
ईओ की कार्रवाई की खबर फैलते ही स्थानीय लोगों में नाराजगी बढ़ गई। देखते ही देखते लोग जमा हो गए और उनके खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। सूचना मिलने पर थानाध्यक्ष शम्भू भगत चाबी लेकर मौके पर पहुंचे और लोगों को समझाने का प्रयास किया। हालांकि, नागरिक अपनी मांग पर अड़े रहे। उनका कहना था कि ईओ को मौके पर आकर अपनी कार्रवाई पर जवाब देना चाहिए और माफी मांगनी चाहिए।

__ ईओ बोलीं- मामले को दिया जा रहा तूल
वहीं, ईओ रानी कुमारी ने कहा कि वह सनातन धर्म के विरोधी नहीं हैं और मामले को जानबूझकर तूल दिया जा रहा है। उनके मुताबिक, संबंधित भवन साक्षरता भवन है, जिसका उपयोग सार्वजनिक कार्यों के लिए होता है। निरीक्षण के दौरान शौचालय में गंदगी मिली थी। साथ ही, भवन में आयोजित कार्यक्रम की उन्हें कोई जानकारी नहीं थी और न ही इसके लिए कोई लिखित आवेदन दिया गया था। उन्होंने बताया कि उसी समय थानाध्यक्ष को चाबी सौंपकर भिजवा दी गई थी। फिलहाल, भवन में ताला लगाने को लेकर उपजा विवाद देर शाम तक शांत नहीं हो सका था।

