परीक्षा पर चर्चा’ में बक्सर की बुलंद भागीदारी, 121 प्रतिशत पंजीयन से रचा रिकॉर्ड
भारत सरकार द्वारा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में प्रतिवर्ष आयोजित होने वाला ‘परीक्षा पर चर्चा’ कार्यक्रम विद्यार्थियों को परीक्षा के तनाव से मुक्त करने की दिशा में एक प्रभावी पहल बन चुका है। इस कार्यक्रम के अंतर्गत वर्ग 6 से 12 तक के विद्यार्थियों, शिक्षकों और अभिभावकों को ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से पंजीयन कर प्रधानमंत्री के साथ संवाद का अवसर मिलता है।
-- प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संवाद कार्यक्रम में छात्रों-शिक्षकों की ऐतिहासिक हिस्सेदारी, बिहार की उपलब्धि में बक्सर की अहम भूमिका
केटी न्यूज/बक्सर
भारत सरकार द्वारा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में प्रतिवर्ष आयोजित होने वाला ‘परीक्षा पर चर्चा’ कार्यक्रम विद्यार्थियों को परीक्षा के तनाव से मुक्त करने की दिशा में एक प्रभावी पहल बन चुका है। इस कार्यक्रम के अंतर्गत वर्ग 6 से 12 तक के विद्यार्थियों, शिक्षकों और अभिभावकों को ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से पंजीयन कर प्रधानमंत्री के साथ संवाद का अवसर मिलता है।शिक्षा विभाग, बिहार सरकार द्वारा संचालित इस जागरूकता मिशन में बक्सर जिले ने इस बार शानदार प्रदर्शन करते हुए प्रदेश में अपनी मजबूत उपस्थिति दर्ज कराई है।

जिले को कुल 91,782 शिक्षार्थियों का ऑनलाइन पंजीयन लक्ष्य दिया गया था, लेकिन शिक्षा विभाग बक्सर ने लक्ष्य से कहीं आगे बढ़ते हुए 1,29,594 शिक्षार्थियों का डाटा सफलतापूर्वक ऑनलाइन दर्ज कराया। यह उपलब्धि 121 प्रतिशत पंजीयन को दर्शाती है, जो जिले की सक्रियता और प्रशासनिक समन्वय का प्रमाण है।प्रदेश स्तर पर पंजीयन के आंकड़ों की बात करें तो 38 जिलों में सर्वाधिक सहभागिता दर्ज करने में पूर्वी चंपारण पहले स्थान पर रहा, जहां 2,72,356 शिक्षार्थियों का ऑनलाइन पंजीयन हुआ।वहीं वैशाली जिला 1,99,105 पंजीयन के साथ दूसरे स्थान पर रहा।

बिहार को कुल 58 लाख पंजीयन का लक्ष्य मिला था, जिसके मुकाबले राज्य ने करीब 30 लाख के आसपास पंजीयन कर अपनी मजबूत स्थिति दर्ज कराई है। इसमें बक्सर की भूमिका उल्लेखनीय रही है।इस अवसर पर सक्रिय शिक्षक डॉ. मनीष कुमार शशि ने बताया कि ‘परीक्षा पर चर्चा’ शिक्षा विभाग की एक महत्वाकांक्षी और दूरदर्शी पहल है। इसके माध्यम से शिक्षार्थियों को प्रधानमंत्री से सीधे संवाद का अवसर मिलता है, जिससे वे परीक्षा के दबाव, भय और तनाव से बाहर निकलने के उपाय समझ पाते हैं। यह कार्यक्रम न केवल विद्यार्थियों, बल्कि शिक्षकों और अभिभावकों के लिए भी मार्गदर्शन का कार्य करता है।

शिक्षा विभाग के नियमानुसार पंजीयन के दौरान शिक्षार्थी, शिक्षक एवं अभिभावक अपने नाम, विद्यालय का विवरण, अभिभावक का नाम, मोबाइल नंबर, ईमेल आईडी, पिन कोड सहित कई महत्वपूर्ण जानकारियां ऑनलाइन दर्ज करते हैं। राज्य और राष्ट्रीय स्तर पर चयनित प्रतिभागियों को प्रधानमंत्री के समक्ष सीधे प्रश्न पूछने और संवाद करने का अवसर भी प्राप्त होता है।कुल मिलाकर, ‘परीक्षा पर चर्चा’ ने बक्सर जिले के विद्यालयों में जागरूकता की नई ऊर्जा भर दी है और यह साबित कर दिया है कि सही दिशा और सामूहिक प्रयास से शिक्षा के क्षेत्र में उल्लेखनीय उपलब्धियां हासिल की जा सकती हैं।

