इंटर परीक्षा में कदाचार पर जीरो टॉलरेंस, डुमरांव प्रशासन ने कसा शिकंजा
डुमरांव में इंटरमीडिएट परीक्षा को लेकर प्रशासन ने इस बार सख्ती की नई मिसाल पेश की है। कदाचारमुक्त, शांतिपूर्ण और पारदर्शी परीक्षा आयोजन को सुनिश्चित करने के उद्देश्य से अनुमंडल प्रशासन और पुलिस विभाग पूरी तरह अलर्ट मोड में नजर आ रहा है। परीक्षा अवधि के दौरान नगर क्षेत्र सहित आसपास के सभी परीक्षा केंद्रों पर सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत किया गया है, ताकि किसी भी प्रकार की अव्यवस्था या अनुचित गतिविधि पर तुरंत नियंत्रण किया जा सके।
__परीक्षा केंद्रों के आसपास सख्ती, समय से पहुंचने और नियमों के पालन की सख्त हिदायत
केटी न्यूज/डुमरांव
डुमरांव में इंटरमीडिएट परीक्षा को लेकर प्रशासन ने इस बार सख्ती की नई मिसाल पेश की है। कदाचारमुक्त, शांतिपूर्ण और पारदर्शी परीक्षा आयोजन को सुनिश्चित करने के उद्देश्य से अनुमंडल प्रशासन और पुलिस विभाग पूरी तरह अलर्ट मोड में नजर आ रहा है। परीक्षा अवधि के दौरान नगर क्षेत्र सहित आसपास के सभी परीक्षा केंद्रों पर सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत किया गया है, ताकि किसी भी प्रकार की अव्यवस्था या अनुचित गतिविधि पर तुरंत नियंत्रण किया जा सके।एसडीपीओ पोलस्त कुमार के नेतृत्व में डुमरांव थाना पुलिस द्वारा व्यापक सुरक्षा प्रबंध किए गए हैं। थानाध्यक्ष संजय कुमार सिन्हा ने बताया कि प्रत्येक परीक्षा केंद्र के बाहर और आसपास पर्याप्त संख्या में पुलिस बल की तैनाती की गई है।

इसके साथ ही संवेदनशील परीक्षा केंद्रों को चिन्हित कर वहां अतिरिक्त पुलिस बल लगाया गया है। परीक्षा के दौरान लगातार पेट्रोलिंग की व्यवस्था की गई है, जिससे असामाजिक तत्वों और अफवाह फैलाने वालों पर कड़ी नजर रखी जा सके।प्रशासन ने स्पष्ट कर दिया है कि परीक्षा केंद्रों के आसपास अनावश्यक भीड़, ठेला-खोमचा लगाने, अभिभावकों के जमावड़े या किसी भी प्रकार की संदिग्ध गतिविधि को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ तत्काल कार्रवाई की जाएगी। पुलिस द्वारा परीक्षा केंद्रों के आसपास विशेष निगरानी रखी जा रही है, ताकि परीक्षार्थियों को शांत और सुरक्षित माहौल मिल सके।थानाध्यक्ष संजय कुमार सिन्हा ने परीक्षार्थियों को समय पालन को लेकर भी सख्त चेतावनी दी है। उन्होंने कहा कि सभी छात्र-छात्राओं को निर्धारित समय से पहले अपने परीक्षा केंद्र पर पहुंचना अनिवार्य है।

देरी से पहुंचने की स्थिति में परीक्षा में शामिल होने में परेशानी हो सकती है, जिसकी जिम्मेदारी परीक्षार्थियों की स्वयं की होगी।इसके साथ ही परीक्षा केंद्रों में मोबाइल फोन, स्मार्ट वॉच, ब्लूटूथ डिवाइस, इलेक्ट्रॉनिक गैजेट या किसी भी प्रकार की प्रतिबंधित सामग्री ले जाने पर पूर्ण रोक लगाई गई है। परीक्षा से संबंधित दिशा-निर्देशों का पालन न करने पर कठोर कार्रवाई की जाएगी।प्रशासन ने अभिभावकों और आम नागरिकों से भी सहयोग की अपील की है। किसी भी आपात स्थिति या समस्या की जानकारी तुरंत नजदीकी पुलिस कर्मी या प्रशासनिक अधिकारियों को देने को कहा गया है। प्रशासन का मानना है कि कड़ी निगरानी और जनसहयोग से ही निष्पक्ष और कदाचारमुक्त परीक्षा का लक्ष्य हासिल किया जा सकता है।

