डुमरांव की सड़क पर लौटने लगी रफ्तार, भारी वाहनों की रोक ने थामा टूटने का सिलसिला

डुमरांव की बदहाल सड़कों को लेकर लंबे समय से चली आ रही शिकायतों के बीच अब पुराना भोजपुर से मां डुमरेजनी प्रवेश द्वार तक के मुख्य मार्ग पर बदलाव दिखने लगा है। सड़क पर बने गहरे गड्ढों की नियमित भराई, किनारे के नालों की सफाई और भारी वाहनों के परिचालन पर सख्ती ने राहगीरों को तत्काल राहत दी है।

डुमरांव की सड़क पर लौटने लगी रफ्तार, भारी वाहनों की रोक ने थामा टूटने का सिलसिला

__ भारी वाहनों पर ब्रेक लगा तो डुमरांव की सड़क ने पकड़ी रफ्तार

__ एसडीएम राजीव कुमार की सख्ती और विधायक राहुल कुमार सिंह की पहल से पुराना भोजपुर–डुमरेजनी मार्ग पर राहत, गड्ढों की भराई के साथ नालों की सफाई तेज

केटी न्यूज/डुमरांव।

डुमरांव की बदहाल सड़कों को लेकर लंबे समय से चली आ रही शिकायतों के बीच अब पुराना भोजपुर से मां डुमरेजनी प्रवेश द्वार तक के मुख्य मार्ग पर बदलाव दिखने लगा है। सड़क पर बने गहरे गड्ढों की नियमित भराई, किनारे के नालों की सफाई और भारी वाहनों के परिचालन पर सख्ती ने राहगीरों को तत्काल राहत दी है। प्रशासनिक स्तर पर लगातार निगरानी के साथ सड़क को मोटरेबल बनाए रखने की कोशिश का असर अब साफ नजर आ रहा है। खासकर बाइक, ई-रिक्शा और ऑटो चालकों को पहले की अपेक्षा काफी सहूलियत मिली है।इस बदलाव के पीछे नवनियुक्त अनुमंडल पदाधिकारी राजीव कुमार की त्वरित कार्रवाई के साथ डुमरांव विधायक राहुल कुमार सिंह की पहल को भी अहम माना जा रहा है।

सड़क की बदहाली और भारी वाहनों के दबाव का मुद्दा लगातार उठाए जाने के बाद प्रशासन ने इसे गंभीरता से लिया। एसडीएम ने पदभार संभालने के बाद ट्रक और ट्रेलर के परिचालन पर सख्त रोक लगा दी। इसका सीधा असर सड़क की हालत पर पड़ा है।दरअसल, पहले दिन में सड़क की मरम्मत के बाद रात में बालू-गिट्टी लदे भारी ट्रकों की आवाजाही पूरी कवायद पर पानी फेर देती थी। भारी वाहनों के लगातार दबाव से कुछ ही समय में सड़क फिर गड्ढों में तब्दील हो जाती थी। अब परिचालन पर रोक के कारण मरम्मत का काम टिकाऊ साबित हो रहा है। प्रशासन ने यह भी स्पष्ट किया है कि किसी परिस्थिति में भारी वाहनों का परिचालन होने पर तत्काल गड्ढों की भराई कराई जाएगी।स्थानीय स्तर पर सड़क की बदहाली के खिलाफ लोगों का आक्रोश भी सामने आया था। शक्ति समाजसेवी संस्था के बैनर तले धरना देकर सड़क को दुरुस्त कराने और भारी वाहनों पर रोक की मांग की गई थी। इसके बाद प्रशासनिक कार्रवाई तेज हुई।

__ 15.04 करोड़ की नई निविदा, स्थायी समाधान की उम्मीद

तात्कालिक मरम्मत के साथ सड़क के स्थायी पुनर्निर्माण की प्रक्रिया भी आगे बढ़ी है। डुमरांव बाजार क्षेत्र की करीब 5.2 किलोमीटर लंबी सड़क के पुनर्निर्माण के लिए 15.04 करोड़ रुपये की नई निविदा जारी की गई है। निर्माण पूरा करने के लिए 270 दिनों की समय-सीमा निर्धारित की गई है। चयनित एजेंसी को पांच वर्षों तक सड़क के अनुरक्षण की जिम्मेदारी भी दी जाएगी।विभागीय प्रक्रिया पूरी होने के बाद अक्टूबर के अंत तक एजेंसी के चयन और नवंबर 2026 से निर्माण शुरू होने की संभावना जताई जा रही है। पूर्व की निविदा प्रक्रियागत त्रुटि के कारण रद्द हो गई थी, जिससे निर्माण योजना करीब डेढ़ से दो माह पीछे चली गई।एसडीएम राजीव कुमार ने कहा कि सड़क की विशेष मॉनिटरिंग की जा रही है। अनुमंडल प्रशासन का लक्ष्य सड़क को लगातार मोटरेबल बनाए रखना है। वहीं, विधायक राहुल कुमार सिंह की पहल से स्थायी पुनर्निर्माण की प्रक्रिया को गति मिलने की उम्मीद है। फिलहाल सड़क पर बाइक और ई-रिक्शा के पलटने जैसी घटनाओं में कमी आने से स्थानीय लोगों में संतोष है।