भरत तिवारी को न्याय दिलाने की मांग को लेकर कोरान सराय में निकला कैंडल मार्च
कोरान सराय प्रमुख चौक से छोटा पड़ाव तक बुधवार को शहीद भरत तिवारी को न्याय दिलाने की मांग को लेकर कैंडल मार्च निकाला गया। कैंडल मार्च में सैकड़ों की संख्या में युवा और स्थानीय लोग शामिल हुए। मार्च का नेतृत्व सामाजिक कार्यकर्ता संतोष दुबे ने किया। इस दौरान लोगों ने हाथों में कैंडल लेकर भरत तिवारी को श्रद्धांजलि दी और न्याय की मांग को लेकर आवाज बुलंद की।

__ सैकड़ों युवाओं ने दी श्रद्धांजलि, दोषी पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई और उच्चस्तरीय जांच की उठी मांग
केटी न्यूज/डुमरांव
कोरान सराय प्रमुख चौक से छोटा पड़ाव तक बुधवार को शहीद भरत तिवारी को न्याय दिलाने की मांग को लेकर कैंडल मार्च निकाला गया। कैंडल मार्च में सैकड़ों की संख्या में युवा और स्थानीय लोग शामिल हुए। मार्च का नेतृत्व सामाजिक कार्यकर्ता संतोष दुबे ने किया। इस दौरान लोगों ने हाथों में कैंडल लेकर भरत तिवारी को श्रद्धांजलि दी और न्याय की मांग को लेकर आवाज बुलंद की।कैंडल मार्च के दौरान शामिल युवाओं ने “भरत तिवारी अमर रहे” जैसे नारे लगाए। साथ ही बिहार सरकार से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर न्याय दिलाने की मांग की। आक्रोशित युवाओं ने पुलिस प्रशासन के खिलाफ भी नारेबाजी की और कथित रूप से दोषी पुलिस पदाधिकारियों एवं कर्मियों पर कार्रवाई की मांग की।

श्रद्धांजलि सभा को संबोधित करते हुए सामाजिक कार्यकर्ता संतोष दुबे ने कहा कि भरत तिवारी कोई अपराधी नहीं थे, बल्कि वे गरीब और आम लोगों की समस्याओं को लेकर संघर्ष करने वाले व्यक्ति थे। उन्होंने आरोप लगाया कि भ्रष्ट व्यवस्था के खिलाफ आवाज उठाने के कारण उनके साथ अन्याय हुआ। उन्होंने कहा कि यदि पुलिस के सामने भरत तिवारी ने आत्मसमर्पण कर दिया था और हथियार रख दिया था, तो फिर उनकी मौत कैसे हुई, इसकी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।संतोष दुबे ने बिहार सरकार से मांग की कि पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच सुप्रीम कोर्ट के किसी सेवानिवृत्त न्यायाधीश की निगरानी में कराई जाए। उन्होंने कहा कि यदि जांच में कोई पुलिस पदाधिकारी या कर्मी दोषी पाए जाते हैं तो उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए।

उन्होंने मामले में स्पीड ट्रायल के माध्यम से न्याय दिलाने की मांग भी रखी।उन्होंने कहा कि सरकार को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि किसी भी व्यक्ति के साथ अन्याय न हो और कानून व्यवस्था में जनता का विश्वास बना रहे। उन्होंने कहा कि भरत तिवारी के मामले में सच्चाई सामने आनी चाहिए ताकि पीड़ित परिवार को न्याय मिल सके।कैंडल मार्च के समापन के बाद शहीद भरत तिवारी के चित्र पर कैंडल जलाकर और पुष्प अर्पित कर लोगों ने भावभीनी श्रद्धांजलि दी। उपस्थित लोगों ने उनकी आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की।कैंडल मार्च में सामाजिक कार्यकर्ता संतोष दुबे के अलावा बड़े तिवारी, बबलू उपाध्याय, अगस्त उपाध्याय, अधिवक्ता सुरेंद्र यादव, मोहन तिवारी सहित सैकड़ों लोग मौजूद रहे। पूरे कार्यक्रम के दौरान कोरान सराय बाजार नारों से गूंजता रहा।

