गौ तस्करी का भंडाफोड़: ग्रामीणों ने पकड़ा मवेशी लदी पिकअप, एक घंटे बाद पहुंची पुलिस
तिलक राय के हाता थाना क्षेत्र में शनिवार की शाम ग्रामीणों की सतर्कता से जहां एक पिकअप वाहन गौवंश के साथ पकड़ा गया, वहीं पुलिस की देरी और आरोपों ने पूरे मामले को बेहद संवेदनशील बना दिया है।
-- तिलक राय के हाता थाना क्षेत्र के बड़का राजपुर गांव की है घटना, पुलिस पर ग्रामीणों ने लगाए आरोप
केटी न्यूज/डुमरांव।
तिलक राय के हाता थाना क्षेत्र में शनिवार की शाम ग्रामीणों की सतर्कता से जहां एक पिकअप वाहन गौवंश के साथ पकड़ा गया, वहीं पुलिस की देरी और आरोपों ने पूरे मामले को बेहद संवेदनशील बना दिया है।जानकारी के अनुसार शनिवार शाम करीब 6.15 बजे तीन पिकअप वाहनों पर गौवंश लादकर तस्कर बूचड़खाने की ओर जा रहे थे। तिलक राय के हाता इलाके में ग्रामीणों को संदिग्ध गतिविधि दिखी, जिसके बाद उन्होंने एक पिकअप वाहन को रोक लिया। पूछताछ में गौ तस्करी की पुष्टि होते ही मौके पर बड़ी संख्या में ग्रामीण जुट गए। दो पिकअप वाहन अंधेरे का फायदा उठाकर फरार हो गए, जबकि एक वाहन ग्रामीणों के कब्जे में आ गया।

-- एक किलोमीटर दूर थाना, पहुंचने में लगा एक घंटा
ग्रामीणों का आरोप है कि जिस स्थान पर पिकअप पकड़ा गया, वहां से थाना महज एक किलोमीटर की दूरी पर है, इसके बावजूद पुलिस को मौके पर पहुंचने में लगभग एक घंटा लग गया। इस दौरान तस्करों द्वारा ग्रामीणों को जान से मारने और झूठे मुकदमों में फंसाने की धमकी भी दी गई। पुलिस की इस देरी को लेकर ग्रामीणों में भारी आक्रोश देखा गया और देर रात तक थाना क्षेत्र में भीड़ लगी रही।

-- चार गौवंश बरामद, चालक गिरफ्तार
पुलिस के मौके पर पहुंचने के बाद पिकअप वाहन की तलाशी ली गई, जिसमें चार गौवंश बरामद किए गए। सभी पशुओं को जिला मुख्यालय स्थित गौशाला भेज दिया गया। इस मामले में पिकअप चालक ब्रह्मानंद पासवान, निवासी आदर्श नगर गांव, को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। पुलिस के अनुसार दो अन्य तस्कर फरार हैं, जिनकी तलाश की जा रही है।

-- ग्रामीणों के गंभीर आरोप, महीनों से चल रहा खेल
घटना के बाद ग्रामीणों ने पुलिस पर संरक्षण देने के गंभीर आरोप लगाए हैं। ग्रामीण चंदन मिश्रा का कहना है कि उत्तर प्रदेश से गोवंश को नाव के सहारे गंगा नदी पार कराकर तिलक राय के हाता, भिक्षु के डेरा और केशोपुर गंगा घाट पर उतारा जाता है। इसके बाद पिकअप वाहनों से उन्हें बूचड़खाने भेजा जाता है। ग्रामीणों का आरोप है कि शिकायत के बावजूद पुलिस केवल औपचारिक कार्रवाई कर तस्करों को जमानत दे देती है।

-- एसपी से कॉल डिटेल जांच की मांग
गांव निवासी पप्पू मिश्रा और गुंजन मिश्रा ने पुलिस अधीक्षक से मांग की है कि थाना में पदस्थापित पुलिस अधिकारियों की कॉल डिटेल रिकॉर्ड की जांच कराई जाए, ताकि तस्करों से कथित मिलीभगत का खुलासा हो सके। ग्रामीणों ने पूरे मामले की उच्चस्तरीय और निष्पक्ष जांच की मांग की है।थानाध्यक्ष पूजा कुमारी ने आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि पकड़े गए चालक के खिलाफ विधिसम्मत कार्रवाई की गई है और अन्य फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी जारी है।अब बड़ा सवाल यह है कि यह कार्रवाई वास्तव में गौ तस्करी पर लगाम लगाएगी या फिर यह मामला भी अन्य मामलों की तरह फाइलों में दबकर रह जाएगा। ग्रामीणों की नजरें अब प्रशासन की अगली कार्रवाई पर टिकी हैं।

