चौसा में कोयला ट्रकों से उगाही का पर्दाफाश, तीन गिरफ्तार
मुफस्सिल थाना क्षेत्र में पुलिस ने एक संगठित गिरोह का खुलासा किया है, जो फर्जी रसीदों के सहारे कोयला लदे ट्रकों से अवैध वसूली कर रहा था। त्वरित कार्रवाई करते हुए पुलिस ने इस मामले में तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है तथा उनके पास से नगद राशि और भारी मात्रा में जाली रसीदें बरामद की गई हैं।
__ वन विभाग की फर्जी रसीद बनाकर चल रहा था खेल
केटी न्यूज/चौसा
मुफस्सिल थाना क्षेत्र में पुलिस ने एक संगठित गिरोह का खुलासा किया है, जो फर्जी रसीदों के सहारे कोयला लदे ट्रकों से अवैध वसूली कर रहा था। त्वरित कार्रवाई करते हुए पुलिस ने इस मामले में तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है तथा उनके पास से नगद राशि और भारी मात्रा में जाली रसीदें बरामद की गई हैं।पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि यादव मोड़ के आसपास कुछ संदिग्ध लोग ट्रक चालकों को रोककर उनसे पैसे वसूल रहे हैं। सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर छापेमारी की और एक आरोपी को रंगे हाथ पकड़ लिया। गिरफ्तार आरोपी की पहचान रामबचन सिंह के रूप में हुई है।

पूछताछ के दौरान रामबचन सिंह ने अपने अन्य साथियों के बारे में जानकारी दी, जिसके आधार पर पुलिस ने दानी कुटिया स्थित एक पेट्रोल पंप के पास से श्यामबिहारी सिंह और अखौरीपुर गोला के आगे पंजाबी ढाबा के समीप से सैयद शाहनवाज को भी गिरफ्तार कर लिया।तीनों आरोपियों की तलाशी लेने पर उनके पास से कुल 28,900 रुपये नकद और पांच बंडल फर्जी रसीदें बरामद हुईं। पुलिस जांच में सामने आया कि इन रसीदों पर उत्तर प्रदेश के बलिया जिले के फेफना क्षेत्रीय वन अधिकारी की मुहर और हस्ताक्षर की नकल की गई थी, जिससे ट्रक चालकों को भ्रमित कर उनसे जबरन पैसे वसूले जाते थे।

प्रारंभिक जांच के अनुसार यह गिरोह काफी समय से सक्रिय था और सुनियोजित तरीके से अलग-अलग स्थानों पर ट्रकों को रोककर अवैध वसूली करता था। गिरफ्तार आरोपियों में रामबचन सिंह (गहमर थाना क्षेत्र), सैयद शाहनवाज (बारा) और श्यामबिहारी सिंह (सौंवाबांध) शामिल हैं।अपर थानाध्यक्ष चंदन कुमार ने बताया कि गिरोह के अन्य सदस्यों की पहचान की जा रही है और जल्द ही उन्हें भी गिरफ्तार किया जाएगा। पुलिस इस पूरे नेटवर्क की गहराई से जांच कर रही है ताकि इस तरह की अवैध गतिविधियों पर पूरी तरह रोक लगाई जा सके।

