बक्सर में गैस आपूर्ति पर प्रशासन सख्त, कालाबाजारी पर शिकंजा—हर दिन 6 हजार से अधिक की मांग
जिले में रसोई गैस की आपूर्ति व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने के लिए प्रशासन पूरी तरह सतर्क हो गया है। जिला आपूर्ति पदाधिकारी से प्राप्त जानकारी के अनुसार बक्सर में इंडियन ऑयल, भारत पेट्रोलियम और हिंदुस्तान पेट्रोलियम कंपनियों के तहत कुल 27 गैस एजेंसियां संचालित हैं। इनमें इंडियन ऑयल की 13, भारत पेट्रोलियम की 6 और हिंदुस्तान पेट्रोलियम की 8 एजेंसियां शामिल हैं।
__ 25–45 दिन के अंतराल पर ही होगी नई बुकिंग, 28 हजार से अधिक सिलेंडर की डिलीवरी लंबित, 841 शिकायतों में 757 का निपटारा
केटी न्यूज/बक्सर
जिले में रसोई गैस की आपूर्ति व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने के लिए प्रशासन पूरी तरह सतर्क हो गया है। जिला आपूर्ति पदाधिकारी से प्राप्त जानकारी के अनुसार बक्सर में इंडियन ऑयल, भारत पेट्रोलियम और हिंदुस्तान पेट्रोलियम कंपनियों के तहत कुल 27 गैस एजेंसियां संचालित हैं। इनमें इंडियन ऑयल की 13, भारत पेट्रोलियम की 6 और हिंदुस्तान पेट्रोलियम की 8 एजेंसियां शामिल हैं।जिले में घरेलू एलपीजी उपभोक्ताओं की संख्या भी काफी बड़ी है। इंडियन ऑयल के 2,02,360, भारत पेट्रोलियम के 57,517 और हिंदुस्तान पेट्रोलियम के 90,668 उपभोक्ता हैं।

13 मार्च से 7 अप्रैल तक कुल 1,19,121 गैस सिलेंडरों का वितरण किया जा चुका है, जबकि 7 अप्रैल तक एजेंसियों के पास 2,834 सिलेंडर का स्टॉक उपलब्ध है।आंकड़ों के अनुसार जिले में प्रतिदिन औसतन 6,419 सिलेंडरों की मांग है, जबकि आपूर्ति 5,761 सिलेंडरों की हो रही है। इस कारण 28,838 रिफिल बुकिंग अभी भी डिलीवरी के लिए लंबित हैं, जिससे लगभग 5 दिनों का बैकलॉग बन गया है।गैस वितरण व्यवस्था को संतुलित रखने के लिए प्रशासन ने स्पष्ट दिशा-निर्देश जारी किए हैं। शहरी क्षेत्र के उपभोक्ता अंतिम डिलीवरी के 25 दिन बाद ही नई बुकिंग करा सकेंगे, जबकि ग्रामीण क्षेत्रों में यह अवधि 45 दिन निर्धारित की गई है।

इससे अनावश्यक बुकिंग पर रोक लगेगी और वास्तविक जरूरतमंदों तक सिलेंडर पहुंच सकेगा।एलपीजी की जमाखोरी और कालाबाजारी पर रोक लगाने के लिए सभी गैस एजेंसियों पर दंडाधिकारी और पुलिस पदाधिकारियों की तैनाती की गई है।साथ ही वरीय अधिकारी, अनुमंडल पदाधिकारी और प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारी लगातार एजेंसियों व व्यावसायिक प्रतिष्ठानों की जांच कर रहे हैं। अब तक कालाबाजारी के मामलों में दो प्राथमिकी दर्ज की जा चुकी हैं।7 अप्रैल को 41 गैस एजेंसियों और अन्य प्रतिष्ठानों का औचक निरीक्षण किया गया, जिससे व्यवस्था पर निगरानी और कड़ी हुई है।

आम लोगों की शिकायतों के त्वरित समाधान के लिए जिला नियंत्रण कक्ष भी स्थापित किया गया है। गैस आपूर्ति से जुड़ी समस्या के लिए 06183-223333 पर संपर्क किया जा सकता है। अब तक 841 शिकायतें प्राप्त हुई हैं, जिनमें से 757 का निपटारा कर दिया गया है, जबकि शेष पर कार्रवाई जारी है।प्रशासन ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि एलपीजी या अन्य आवश्यक वस्तुओं को लेकर अफवाह फैलाने वालों पर सख्त कार्रवाई होगी। सोशल मीडिया की लगातार निगरानी की जा रही है। निर्धारित प्रक्रिया के तहत ही होम डिलीवरी के माध्यम से गैस सिलेंडरों की आपूर्ति सुनिश्चित की जा रही है।

