रघुनाथपुर बाजार में बाल श्रम पर बड़ा एक्शन

बक्सर जिले में बाल श्रम के खिलाफ प्रशासन ने सख्त रुख अपनाते हुए बड़ी कार्रवाई की है। जिलाधिकारी साहिला के निर्देश पर श्रम संसाधन एवं प्रवासी श्रमिक कल्याण विभाग द्वारा गठित बाल श्रमिक धावा दल ने ब्रह्मपुर प्रखंड के रघुनाथपुर बाजार स्थित विनोद ऑटो केयर सेंटर में छापेमारी कर एक बाल श्रमिक को मुक्त कराया।

रघुनाथपुर बाजार में बाल श्रम पर बड़ा एक्शन

--विनोद ऑटो केयर सेंटर से बाल श्रमिक मुक्त, नियोजकों पर एफआईआर की तैयारी

केटी न्यूज/ब्रह्मपुर

बक्सर जिले में बाल श्रम के खिलाफ प्रशासन ने सख्त रुख अपनाते हुए बड़ी कार्रवाई की है। जिलाधिकारी साहिला के निर्देश पर श्रम संसाधन एवं प्रवासी श्रमिक कल्याण विभाग द्वारा गठित बाल श्रमिक धावा दल ने ब्रह्मपुर प्रखंड के रघुनाथपुर बाजार स्थित विनोद ऑटो केयर सेंटर में छापेमारी कर एक बाल श्रमिक को मुक्त कराया। कार्रवाई के बाद बालक को जिला बाल कल्याण समिति, बक्सर के सुपुर्द कर दिया गया।प्रशासन की इस कार्रवाई से बाल श्रम कराने वाले नियोजकों में हड़कंप मच गया है। विभागीय अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि दोषी नियोजकों के खिलाफ सुसंगत धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कराने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।

अधिकारियों ने कहा कि बाल श्रम किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और ऐसे मामलों में कठोर कानूनी कार्रवाई जारी रहेगी।विमुक्त कराए गए बाल श्रमिक को सरकार की ओर से तत्काल राहत के रूप में तीन हजार रुपये की सहायता राशि उपलब्ध कराई जाएगी। इसके अलावा मुख्यमंत्री राहत कोष से 25 हजार रुपये की राशि बाल श्रमिक के खाते में जमा कर एफडी कराई जाएगी, ताकि उसके भविष्य को सुरक्षित किया जा सके।धावा दल में श्रम प्रवर्तन पदाधिकारी ब्रह्मपुर अमरजीत कुमार, श्रम प्रवर्तन पदाधिकारी चक्की-सह-डुमरांव अमित कुमार तथा स्वर्गीय कन्हाई शुक्ला सेवा संस्थान से अजित कुमार शामिल रहे।

वहीं पूरी कार्रवाई में ब्रह्मपुर थाना पुलिस बल की भूमिका भी सराहनीय रही।अधिकारियों ने बताया कि जिले में बाल श्रम उन्मूलन अभियान लगातार चलाया जा रहा है। होटल, गैराज, दुकानों और छोटे उद्योगों में बाल श्रमिकों की तलाश के लिए नियमित रूप से छापेमारी की जा रही है। साथ ही लोगों को जागरूक करने के लिए व्यापक प्रचार-प्रसार भी किया जा रहा है, ताकि समाज से बाल श्रम जैसी कुप्रथा को पूरी तरह समाप्त किया जा सके।प्रशासन ने साफ संदेश दिया है कि बच्चों से मजदूरी कराने वालों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा।