Monday, 2 November 2026
ब्रेकिंग न्यूज़
अस्पताल में मशीनें धूल फांक रहीं, मरीजों के हक के लिए अनिश्चितकालीन धरना अवैध खनन पर एसडीओ का औचक धावा, मिट्टी लदे दो ट्रैक्टर जब्त छठ घाटों पर उमड़ने वाली आस्था की भीड़ के स्वागत में जुटा नगर परिषद, तैयारियों को मिली रफ्तार आग से निपटने के गुर सीखेंगे अस्पतालकर्मी, मरीजों की सुरक्षा पर जोर रोजगार मेले में उमड़ी युवाओं की भीड़, 800 अभ्यर्थियों को मिली चयन की पहली सीढ़ी क्रिकेट के मैदान पर दिखेगा विद्यार्थियों का दम, 7 नवंबर को सजेगा दत्त क्लासेस प्रीमियर लीग एनसीसी शिविर में कैडेटों को सिखाए साइबर सुरक्षा के गुर, डिजिटल ठगी से बचाव की दी गई जानकारी त्योहार से पहले पटाखा कारोबार पर प्रशासन का शिकंजा, चौसा में दुकानों की जांच बिहार में कारतूस तस्करी का भंडाफोड़, 20 हजार से ज्यादा कारतूस के साथ तीन गिरफ्तार; सफारी कार भी जब्त रास्ता पूछने से शुरू हुआ विवाद, बारातियों पर टूट पड़े स्थानीय युवक नुक्कड़ नाटक से दिया नशामुक्ति का संदेश, शराब से दूर रहने की अपील चंदा के पास एन एच 922 पर सड़क दुर्घटना में तीन युवक जख्मी
Keshav Times

प्राकृतिक खेती से मिट्टी और सेहत दोनों सुरक्षित: विशेषज्ञ

कृषि प्रौद्योगिकी प्रबंध अभिकरण (आत्मा) बक्सर के तत्वावधान में कृषि विज्ञान केंद्र परिसर में आयोजित एक दिवसीय कार्यशाला में प्राकृतिक खेती को कृषि का टिकाऊ विकल्प बताते हुए किसानों से रासायनिक उर्वरकों पर निर्भरता कम करने का आह्वान किया गया।

प्राकृतिक खेती से मिट्टी और सेहत दोनों सुरक्षित: विशेषज्ञ

प्राकृतिक खेती से मिट्टी और सेहत दोनों सुरक्षित: विशेषज्ञ

--बक्सर में कार्यशाला, किसानों को रासायनिक उर्वरकों के संतुलित उपयोग और प्राकृतिक खेती अपनाने की दी सलाह

केटी न्यूज/बक्सर

कृषि प्रौद्योगिकी प्रबंध अभिकरण (आत्मा) बक्सर के तत्वावधान में कृषि विज्ञान केंद्र परिसर में आयोजित एक दिवसीय कार्यशाला में प्राकृतिक खेती को कृषि का टिकाऊ विकल्प बताते हुए किसानों से रासायनिक उर्वरकों पर निर्भरता कम करने का आह्वान किया गया। कार्यक्रम में कृषि वैज्ञानिकों, कृषि अधिकारियों तथा प्रगतिशील किसानों ने प्राकृतिक खेती के विभिन्न पहलुओं पर विस्तार से चर्चा की।कार्यशाला का उद्घाटन भाजपा किसान मोर्चा बक्सर के जिलाध्यक्ष जयप्रकाश राय, कृषि विज्ञान केंद्र के वरीय वैज्ञानिक एवं प्रधान डॉ. देवकरण, अनुमंडल कृषि पदाधिकारी डुमरांव डॉ. वेदप्रकाश तथा सहायक निदेशक (रसायन) अंशु राधे ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्ज्वलित कर किया। कार्यक्रम की शुरुआत अन्नदाताओं के सम्मान के साथ हुई।

प्राकृतिक खेती से मिट्टी और सेहत दोनों सुरक्षित: विशेषज्ञ

मुख्य अतिथि जयप्रकाश राय ने कहा कि रासायनिक उर्वरकों के अंधाधुंध प्रयोग से मिट्टी की उर्वरा शक्ति लगातार प्रभावित हो रही है। किसानों को वैज्ञानिक सलाह के अनुरूप ही उर्वरकों का उपयोग करना चाहिए तथा कम से कम एक बीघा भूमि पर प्राकृतिक खेती का प्रयोग अवश्य करना चाहिए।कृषि विज्ञान केंद्र के प्रधान वैज्ञानिक डॉ. देवकरण ने किसानों को कलर लीफ चार्ट के उपयोग की जानकारी देते हुए बताया कि इसके माध्यम से फसलों की जरूरत के अनुसार उर्वरकों की मात्रा निर्धारित की जा सकती है। उन्होंने कहा कि प्राकृतिक खेती से उत्पादित अनाज, फल और सब्जियां स्वास्थ्य के लिए अधिक लाभकारी होती हैं तथा कई गंभीर बीमारियों के खतरे को कम करने में सहायक हैं।

प्राकृतिक खेती से मिट्टी और सेहत दोनों सुरक्षित: विशेषज्ञ

कार्यशाला में विशेषज्ञों ने प्राकृतिक खेती के मुख्य घटकों, मृदा स्वास्थ्य, सूक्ष्म जीवों की भूमिका, नैनो उर्वरकों के उपयोग, मिश्रित उर्वरकों की उपयोगिता तथा खरीफ मौसम में संचालित विभिन्न सरकारी योजनाओं की जानकारी दी। साथ ही किसानों को मृदा जांच के महत्व और प्राकृतिक खेती के विभिन्न अवयव तैयार करने की विधियों से भी अवगत कराया गया।कार्यक्रम के दौरान कृषि सखियों बिंदु देवी (चौसा) और बिंदु देवी (इटाढ़ी) ने प्राकृतिक खेती के अपने अनुभव साझा करते हुए बताया कि कम क्षेत्र में भी विविध सब्जियों की खेती कर परिवार की पोषण संबंधी आवश्यकताओं की पूर्ति की जा सकती है।कार्यशाला में जनप्रतिनिधियों, कृषि पदाधिकारियों, किसान सलाहकारों, कृषि समन्वयकों, कृषि सखियों तथा बड़ी संख्या में प्रगतिशील किसानों की सहभागिता रही। कार्यक्रम का समन्वय आत्मा के कर्मी रघुकुल तिलक ने किया।

प्राकृतिक खेती से मिट्टी और सेहत दोनों सुरक्षित: विशेषज्ञ

इससे जुड़ी खबरें

और देखें ›

टिप्पणियां 0

✍️

टिप्पणी एडमिन की मंज़ूरी के बाद सबको दिखेगी। अभद्र भाषा का प्रयोग न करें।