छात्रों के सवालों के बीच डीके कॉलेज में नई सुविधाओं की सौगात
डुमरांव स्थित डीके कॉलेज में गुरुवार को नई शैक्षणिक एवं सांस्कृतिक सुविधाओं की शुरुआत हुई। कॉलेज परिसर में नवनिर्मित प्रज्ञालय (लाइब्रेरी) और प्रेक्षागृह (ऑडिटोरियम) का उद्घाटन कुलपति प्रो. शैलेंद्र कुमार चतुर्वेदी और डुमरांव विधायक राहुल कुमार सिंह ने संयुक्त रूप से किया।

__ प्रज्ञालय और प्रेक्षागृह का हुआ उद्घाटन, पीजी-पीएचडी की पढ़ाई समेत 7.5 सीजीपीए व फीस में राहत की मांग
केटी न्यूज/डुमरांव।
डुमरांव स्थित डीके कॉलेज में गुरुवार को नई शैक्षणिक एवं सांस्कृतिक सुविधाओं की शुरुआत हुई। कॉलेज परिसर में नवनिर्मित प्रज्ञालय (लाइब्रेरी) और प्रेक्षागृह (ऑडिटोरियम) का उद्घाटन कुलपति प्रो. शैलेंद्र कुमार चतुर्वेदी और डुमरांव विधायक राहुल कुमार सिंह ने संयुक्त रूप से किया। हालांकि उद्घाटन समारोह से पहले छात्रों के विरोध और नारेबाजी के कारण कुछ देर के लिए कॉलेज परिसर का माहौल गरमा गया। बाद में कुलपति के हस्तक्षेप और मांगों पर उचित कार्रवाई के आश्वासन के बाद छात्र शांत हुए।उद्घाटन समारोह से पहले ही विभिन्न मांगों को लेकर छात्र कॉलेज परिसर में धरने पर बैठ गए थे। छात्रों ने कुलपति के समक्ष अपनी समस्याएं रखने की मांग की।

सूचना पर नया भोजपुर थाने की पुलिस पहुंची और छात्रों को समझाने का प्रयास किया। इस दौरान पुलिस और छात्रों के बीच हल्की नोकझोंक भी हुई। कुलपति के पहुंचने के बाद छात्रों ने उन्हें मांगों से संबंधित ज्ञापन सौंपा।छात्रों के मांग पत्र में कॉलेज में स्नातकोत्तर (पीजी) और पीएचडी की पढ़ाई शुरू कराने की मांग प्रमुख रही। इसके अलावा 7.5 सीजीपीए की अनिवार्यता में शिथिलता देने और बढ़ी हुई फीस में कटौती की मांग उठाई गई। छात्रों ने कहा कि आर्थिक रूप से कमजोर और ग्रामीण क्षेत्र से आने वाले विद्यार्थियों के लिए फीस में वृद्धि परेशानी का कारण बन रही है।ज्ञापन में नियमित कक्षाओं का संचालन, रिक्त पदों पर शिक्षकों की नियुक्ति, पर्याप्त कक्षा-कक्ष, स्वच्छ शौचालय, शुद्ध पेयजल और निर्बाध बिजली आपूर्ति जैसी बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराने की मांग भी की गई।

छात्रों ने लाइब्रेरी को और समृद्ध करने, प्रयोगशालाओं के आधुनिकीकरण, खेल सुविधाओं के विस्तार, हेल्प डेस्क बनाने तथा प्रत्येक माह छात्र-प्रशासन बैठक आयोजित करने की मांग रखी।कुलपति ने छात्रों की बातें गंभीरता से सुनीं और उनकी मांगों पर प्राथमिकता के आधार पर विचार करने का भरोसा दिया। उन्होंने कॉलेज प्रशासन को छात्रों की बुनियादी समस्याओं के समाधान में तेजी लाने की हिदायत भी दी। आश्वासन के बाद छात्रों ने धरना समाप्त कर दिया और उद्घाटन समारोह शांतिपूर्ण ढंग से आगे बढ़ा।इस अवसर पर प्राचार्य डॉ. वीणा कुमारी ने अतिथियों का स्वागत करते हुए कहा कि प्रज्ञालय में विभिन्न विषयों की पुस्तकें, संदर्भ सामग्री और अध्ययन संसाधन उपलब्ध कराए गए हैं। वहीं प्रेक्षागृह से शैक्षणिक, सांस्कृतिक और बौद्धिक गतिविधियों को नया मंच मिलेगा। समारोह में छात्र-छात्राओं ने देशभक्ति गीत और नृत्य की प्रस्तुति दी। मौके पर शिक्षक, कर्मचारी, छात्र-छात्राएं और स्थानीय गणमान्य लोग मौजूद रहे।

