बाढ़-सुखाड़ से निपटने की तैयारियों की समीक्षा, सभी विभागों को समय पर व्यवस्था पूरी करने का निर्देश
बाढ़ एवं सुखाड़ की संभावित स्थिति से निपटने की तैयारियों को लेकर मंगलवार को समाहरणालय स्थित सभाकक्ष में समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता बिहार स्टेट पावर (होल्डिंग) कंपनी लिमिटेड के अध्यक्ष सह प्रबंध निदेशक एवं बिहार के प्रभारी सचिव अजय यादव ने की।

केटी न्यूज/बक्सर
बाढ़ एवं सुखाड़ की संभावित स्थिति से निपटने की तैयारियों को लेकर मंगलवार को समाहरणालय स्थित सभाकक्ष में समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता बिहार स्टेट पावर (होल्डिंग) कंपनी लिमिटेड के अध्यक्ष सह प्रबंध निदेशक एवं बिहार के प्रभारी सचिव अजय यादव ने की।बैठक में पिछले पांच वर्षों के वर्षापात की समीक्षा की गई। अधिकारियों को निर्देश दिया गया कि वर्ष 2025 में वर्षा विचलन -1.74 प्रतिशत रहने के बावजूद पिछले वर्ष की तरह सभी आवश्यक तैयारियां पहले से सुनिश्चित की जाएं। घाटों पर उपलब्ध नावों का सत्यापन कराने तथा नाव संचालन के सभी सुरक्षा मानकों का पालन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया ताकि ओवरलोडिंग जैसी घटनाओं पर रोक लगाई जा सके।

प्रभारी सचिव ने प्रशिक्षित गोताखोरों, खोज एवं बचाव दल, राहतकर्मियों तथा पशु चिकित्सा टीम की अद्यतन सूची मोबाइल नंबर सहित सभी संबंधित अधिकारियों को उपलब्ध कराने और उसे व्हाट्सएप समूहों में साझा करने का निर्देश दिया। साथ ही संचार योजना, महाजाल और लाइफ जैकेट सहित आपदा प्रबंधन संसाधनों का सत्यापन कराने को कहा गया।नैनीजोर बांध पर चल रहे बाढ़ सुरक्षा कार्यों को समय पर पूरा करने, पशुपालन विभाग की मोबाइल टीम के हेल्पलाइन नंबर का व्यापक प्रचार-प्रसार करने तथा सभी विभागों द्वारा जनजागरूकता सामग्री का प्रसार सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। ग्रामीण कार्य विभाग और पथ निर्माण विभाग को 15 जून से पहले सभी वेंट की सफाई कराने को कहा गया।

नगर परिषद द्वारा कराई गई नालों की सफाई की जांच के लिए टीम गठित करने तथा लोक स्वास्थ्य प्रमंडल को सभी स्वचालित पशु नाद शीघ्र चालू कराने का निर्देश दिया गया। बैठक में हीट वेव, अगलगी और वज्रपात से मौत की स्थिति में तत्काल मुआवजा भुगतान तथा अस्पतालों में चिकित्सकों और जीवनरक्षक दवाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया गया। अधिकारियों को एसओपी के अनुरूप सभी तैयारियां समय पर पूरी कर आपदा की स्थिति में त्वरित राहत सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया।

