एसडीपीओ चलाएंगे मिशन दलाल, बिना वजह थानों का चक्कर लगाने वालों पर होगी कार्रवाई

पुलिसिंग को पारदर्शी व दलालों पर लगाम लगाने के लिए डुमरांव एसडीपीओ सख्त हो गए हैं। डीजीपी विनय कुमार के निर्देश के बाद उन्होंने सभी थानाध्यक्षों को चेतावनी दी है कि वे अपने थाने में किसी को भी अनावश्यक रूप से चक्कर नहीं लगाने दें। उन्होंने कहा कि बिना वजह थाना का चक्कर लगाने वाले दलालों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। वहीं, संबंधित थानाध्यक्ष पर भी गाज गिरेगी।

एसडीपीओ चलाएंगे मिशन दलाल, बिना वजह थानों का चक्कर लगाने वालों पर होगी कार्रवाई

- डीजीपी के आदेश के बाद सख्त हुए डुमरांव एसडीपीओ, दलालों को दी चेतावनी

केटी न्यूज/डुमरांव

पुलिसिंग को पारदर्शी व दलालों पर लगाम लगाने के लिए डुमरांव एसडीपीओ सख्त हो गए हैं। डीजीपी विनय कुमार के निर्देश के बाद उन्होंने सभी थानाध्यक्षों को चेतावनी दी है कि वे अपने थाने में किसी को भी अनावश्यक रूप से चक्कर नहीं लगाने दें। उन्होंने कहा कि बिना वजह थाना का चक्कर लगाने वाले दलालों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। वहीं, संबंधित थानाध्यक्ष पर भी गाज गिरेगी।

एसडीपीओ ने थानाध्यक्षों से कहा है कि जो बार-बार थाना आते हैं, उनका नाम आगंतुक पंजी में दर्ज करें। पंजी में दर्ज रिपोर्ट के आधार पर बार-बार अकारण थाने आने वाले व्यक्ति पर कानूनी कार्रवाई होगी। साथ ही संबंधित थानाध्यक्ष के विरूद्ध आवश्यक समझे जाने पर अनुशासनात्मक एवं विभागीय कार्यवाही के लिए भी वरीय अधिकारी को अनुशंसा भेजी जाएगी। बता दें कि सूबे के डीजीपी विनय कुमार ने इसे लागू करने के लिए सभी जिलों के एसपी और संबंधित पुलिस अधिकारियों को आदेश की कॉपी भेजी है।

एसडीपीओ ने थानाध्यक्षों से कहा है कि हर हाल में आगंतुक पंजी का संधारण कराए तथा आगंतुक पंजी में दर्ज प्रविष्टियों का मिलान थाने में लगे सीसीटीवी कैमरों से की जाएगी। यह सुनिश्चित किया जाएगा कि किसी भी तरह इस नियम का उल्लंघन न हो। रजिस्टर में जिसका नाम बार-बार दर्ज होगा, उसके संबंध में जानकारी प्राप्त कर विस्तृत जांच कर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इसके साथ ही अगर थानाध्यक्ष की भूमिका संदिग्ध या लापरवाह पाई जाती है, तो उसके विरुद्ध भी अनुशासनिक और विभागीय कार्रवाई की अनुशंसा वरीय पदाधिकारी से की जाएगी। 

एसडीपीओ ने आम जनता से भी अपील की कि वे ऐसे दलालों से सावधान रहें और यदि किसी को इस तरह की गतिविधियों की जानकारी हो, तो तुरंत वरीय पुलिस पदाधिकारी को सूचित करें। उन्होंने कहा कि पुलिस प्रशासन का उद्देश्य पारदर्शिता बनाए रखना और आम जनता को त्वरित न्याय दिलाना है।

एसडीपीओ ने कहा कि पुलिस मुख्यालय द्वारा जारी किए गए निर्देशों से यह स्पष्ट है कि पुलिस प्रशासन किसी भी तरह की बाहरी हस्तक्षेप को सहन नहीं करेगा। एसडीपीओ के इस फरमान के बाद थानाध्यक्षों में हड़कंप मच गया है। वहीं, कथित दलालों की मुश्किलें भी बढ़ गई है।