बधार में वज्रपात से 21 वर्षीय युवक की मौत, गांव में पसरा मातम
मुरार थाना क्षेत्र के नचाप गांव में गुरुवार की शाम आकाशीय बिजली गिरने से एक 21 वर्षीय युवक की दर्दनाक मौत हो गई। घटना नचाप और पुरैना गांव के बीच स्थित बधार में हुई। हादसे की सूचना मिलते ही परिजनों में कोहराम मच गया, जबकि पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई।

__ बारिश से बचने के लिए घर की ओर दौड़ रहा था युवक, नचाप और पुरैना के बीच हुआ हादसा; परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल
केटी न्यूज/चौगाईं
मुरार थाना क्षेत्र के नचाप गांव में गुरुवार की शाम आकाशीय बिजली गिरने से एक 21 वर्षीय युवक की दर्दनाक मौत हो गई। घटना नचाप और पुरैना गांव के बीच स्थित बधार में हुई। हादसे की सूचना मिलते ही परिजनों में कोहराम मच गया, जबकि पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई। मृतक की पहचान नचाप गांव के वार्ड संख्या-10 निवासी धर्मदेव यादव के 21 वर्षीय पुत्र गोलू कुमार के रूप में हुई है।प्राप्त जानकारी के अनुसार गोलू कुमार गुरुवार की शाम किसी काम से नचाप और पुरैना गांव के बीच स्थित बधार में गया था। इसी दौरान मौसम ने अचानक करवट ली और तेज बारिश के साथ बिजली कड़कने लगी। बारिश से बचने के लिए वह तेजी से अपने घर की ओर दौड़ा, लेकिन बीच रास्ते में ही आकाशीय बिजली उसकी चपेट में आ गई।

वज्रपात इतना तेज था कि उसकी मौके पर ही मौत हो गई।घटना की जानकारी मिलते ही आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे और परिजनों को सूचना दी। इसके बाद परिवार के लोग घटनास्थल पर पहुंचे, जहां बेटे का शव देखते ही चीख-पुकार मच गई। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। गांव में भी मातमी सन्नाटा पसरा हुआ है और हर कोई इस दर्दनाक हादसे से स्तब्ध है।स्थानीय लोगों का कहना है कि मौसम अचानक खराब हुआ था, जिससे लोगों को संभलने का मौका नहीं मिला। हालांकि कुछ ग्रामीणों ने आशंका जताई कि युवक का मोबाइल फोन चालू होने के कारण वह वज्रपात की चपेट में आया होगा।

हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है और विशेषज्ञ भी यह नहीं मानते कि केवल मोबाइल चालू होने से वज्रपात होने की संभावना बढ़ जाती है।ग्रामीणों ने प्रशासन से मृतक के परिजनों को आपदा राहत के तहत शीघ्र मुआवजा देने की मांग की है। वहीं लगातार हो रही बारिश और वज्रपात की घटनाओं को देखते हुए लोगों से खराब मौसम के दौरान खुले खेतों, बधार और पेड़ों के नीचे जाने से बचने की अपील की जा रही है। युवक की असमय मौत से पूरे क्षेत्र में गहरा शोक व्याप्त है।

