उर्वरक की कालाबजारी रोकने के लिए बक्सर में नियंत्रण कक्ष स्थापित
रबी मौसम 2025 में किसानों को समय पर और उचित मूल्य पर उर्वरक उपलब्ध कराने के उद्देश्य से जिला कृषि पदाधिकारी, बक्सर द्वारा विशेष कदम उठाया गया है। कृषि निदेशालय, बिहार, पटना के कार्यालय आदेश (ज्ञापांक 5603 दिनांक 31 अक्टूबर 2025) के आलोक में बक्सर जिले में उर्वरक वितरण व्यवस्था की निगरानी हेतु नियंत्रण कक्ष (कंट्रोल रूम) की स्थापना की गई है। यह नियंत्रण कक्ष संयुक्त कृषि भवन, बक्सर में कार्यरत रहेगा।

__ टोल फ्री नंबर 8210704121 व 9473081675 पर दर्ज की जा सकेगी
केटी न्यूज/बक्सर
रबी मौसम 2025 में किसानों को समय पर और उचित मूल्य पर उर्वरक उपलब्ध कराने के उद्देश्य से जिला कृषि पदाधिकारी, बक्सर द्वारा विशेष कदम उठाया गया है। कृषि निदेशालय, बिहार, पटना के कार्यालय आदेश (ज्ञापांक 5603 दिनांक 31 अक्टूबर 2025) के आलोक में बक्सर जिले में उर्वरक वितरण व्यवस्था की निगरानी हेतु नियंत्रण कक्ष (कंट्रोल रूम) की स्थापना की गई है। यह नियंत्रण कक्ष संयुक्त कृषि भवन, बक्सर में कार्यरत रहेगा।

नियंत्रण कक्ष का संचालन सहायक निदेशक (शस्य) प्रक्षेत्र, श्री शालीग्राम सिंह के नियंत्रण में किया जाएगा। इस कक्ष में किसानों एवं आम उपभोक्ताओं की सुविधा के लिए दो संपर्क नंबर जारी किए गए हैं — टोल फ्री नंबर 8210704121 एवं मोबाइल नंबर 9473081675। इन नंबरों पर कोई भी व्यक्ति उर्वरक से संबंधित समस्या या शिकायत दर्ज करा सकता है।

नियंत्रण कक्ष में प्राप्त शिकायतों को एक निर्धारित पंजी में दर्ज किया जाएगा और उनका त्वरित निष्पादन सुनिश्चित किया जाएगा। इस नियंत्रण कक्ष में कार्य सुचारू रूप से संपादित करने के लिए जिला कृषि कार्यालय, बक्सर के सहायक श्री राकेश कुमार एवं परिचारी श्री सुमित कुमार पाण्डेय को प्रतिनियुक्त किया गया है। ये दोनों अधिकारी प्रभारी अधिकारी की सहायता में रहकर शिकायतों के समाधान की प्रक्रिया को गति प्रदान करेंगे।

जिला कृषि पदाधिकारी कार्यालय से मिली जानकारी के अनुसार, नियंत्रण कक्ष का मुख्य उद्देश्य उर्वरकों की कालाबजारी, जमाखोरी, मुनाफाखोरी तथा अधिक मूल्य पर बिक्री जैसी अवैध गतिविधियों पर पूर्ण नियंत्रण रखना है। यदि किसी दुकान या विक्रेता द्वारा किसानों से निर्धारित दर से अधिक मूल्य वसूला जाता है या उर्वरक की कृत्रिम कमी पैदा की जाती है, तो उसकी शिकायत सीधे नियंत्रण कक्ष में दर्ज कराई जा सकती है।

कृषि विभाग ने यह भी स्पष्ट किया है कि नियंत्रण कक्ष में दर्ज प्रत्येक शिकायत का निष्पादन समयबद्ध तरीके से किया जाएगा। संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि वे शिकायतों की गंभीरता को देखते हुए तत्काल जांच कर उचित कार्रवाई सुनिश्चित करें।

इस पहल से जिले में उर्वरकों की उपलब्धता सुचारू रखने, किसानों को राहत पहुंचाने और बाजार में पारदर्शिता बनाए रखने में मदद मिलेगी। कृषि विभाग का कहना है कि रबी सीजन में उर्वरक की मांग बढ़ जाती है, ऐसे में नियंत्रण कक्ष की सक्रियता किसानों को काफी राहत प्रदान करेगी।किसानों से अपील की गई है कि यदि उन्हें कहीं भी उर्वरक की कमी, अधिक दर पर बिक्री या जमाखोरी की जानकारी मिलती है तो तुरंत टोल फ्री नंबर पर संपर्क कर सूचना दें ताकि त्वरित कार्रवाई की जा सके। इससे जिले में निष्पक्ष व व्यवस्थित उर्वरक वितरण व्यवस्था सुनिश्चित की जा सकेगी।
