रैपिड रेल से बक्सर को जोड़ने की उठी मांग, सरकार से सर्वे में शामिल करने की अपील
बिहार में प्रस्तावित रीजनल रैपिड ट्रांजिट सिस्टम (आरआरटीएस) परियोजना के विस्तार को लेकर बक्सर को भी शामिल करने की मांग तेज हो गई है। रेल यात्री कल्याण समिति, दानापुर मंडल ने पटना एयरपोर्ट–आरा प्रस्तावित आरआरटीएस कॉरिडोर का विस्तार बक्सर तक करने तथा परियोजना के सर्वे और विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (डीपीआर) में जिले को शामिल करने की मांग राज्य सरकार से की है।

__ रेल यात्री कल्याण समिति ने मुख्यमंत्री व नगर विकास मंत्री को भेजा पत्र, कहा—पश्चिमी बिहार के लाखों यात्रियों की जरूरतों को मिले प्राथमिकता
केटी न्यूज/बक्सर
बिहार में प्रस्तावित रीजनल रैपिड ट्रांजिट सिस्टम (आरआरटीएस) परियोजना के विस्तार को लेकर बक्सर को भी शामिल करने की मांग तेज हो गई है। रेल यात्री कल्याण समिति, दानापुर मंडल ने पटना एयरपोर्ट–आरा प्रस्तावित आरआरटीएस कॉरिडोर का विस्तार बक्सर तक करने तथा परियोजना के सर्वे और विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (डीपीआर) में जिले को शामिल करने की मांग राज्य सरकार से की है।समिति के महामंत्री शैलेश कुमार ओझा ने मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और नगर विकास एवं आवास मंत्री नीतीश मिश्रा को पत्र भेजकर कहा है कि बक्सर धार्मिक, ऐतिहासिक, पर्यटन और सामरिक दृष्टि से महत्वपूर्ण जिला होने के बावजूद इस महत्वाकांक्षी परियोजना से बाहर है, जिससे स्थानीय लोगों में निराशा है। उन्होंने आग्रह किया कि पश्चिमी बिहार के हितों को ध्यान में रखते हुए बक्सर को भी आरआरटीएस नेटवर्क का हिस्सा बनाया जाए।

पत्र में कहा गया है कि पटना–बक्सर रेलखंड राज्य के सबसे व्यस्त रेलमार्गों में शामिल है, जहां प्रतिदिन बड़ी संख्या में छात्र, नौकरीपेशा लोग, व्यापारी और मरीज यात्रा करते हैं। ऐसे में तेज और आधुनिक परिवहन व्यवस्था की आवश्यकता लंबे समय से महसूस की जा रही है। समिति का कहना है कि पटना से बक्सर की दूरी करीब 118 किलोमीटर है, जो प्रस्तावित कई अन्य आरआरटीएस कॉरिडोरों के बराबर या उनसे कम है। इसके बावजूद बक्सर को प्रारंभिक सर्वे से बाहर रखा जाना उचित नहीं है।समिति ने अपने पत्र में यह भी उल्लेख किया है कि बक्सर पहले से दिल्ली–हावड़ा मुख्य रेलमार्ग, राष्ट्रीय जलमार्ग-1, विश्वामित्र पथ एक्सप्रेसवे तथा गाजीपुर–बक्सर एलिवेटेड रोड जैसी महत्वपूर्ण अवसंरचना परियोजनाओं से जुड़ा हुआ है।

ऐसे में रैपिड रेल परियोजना से जुड़ने पर क्षेत्र में व्यापार, शिक्षा, पर्यटन और निवेश को नई गति मिल सकती है।शैलेश कुमार ओझा ने कहा कि आरआरटीएस का विस्तार बक्सर तक होने से राजधानी पटना पर बढ़ते यातायात और आवासीय दबाव में भी कमी आएगी तथा पश्चिमी बिहार के लाखों लोगों को तेज, सुरक्षित और समयबद्ध परिवहन सुविधा उपलब्ध होगी। उन्होंने बताया कि इस मांग को लेकर जल्द ही नगर विकास एवं आवास मंत्री नीतीश मिश्रा से मुलाकात कर बक्सर को परियोजना के सर्वे और डीपीआर में शामिल करने का आग्रह किया जाएगा।

