ढिलाई पर डीएम सख्त: गैस एजेंसियों, नगर परिषद और अधिकारियों को नोटिस, काम में तेजी लाने के सख्त निर्देश
जिलाधिकारी साहिला की अध्यक्षता में सोमवार को समाहरणालय स्थित सभाकक्ष में आयोजित जिला समन्वय समिति की बैठक में प्रशासनिक कार्यों की समीक्षा के दौरान कई विभागों की लापरवाही उजागर हुई। बैठक में डीएम ने सख्त रुख अपनाते हुए संबंधित अधिकारियों को स्पष्टीकरण देने और कार्यों में तत्काल सुधार लाने के निर्देश दिए।

__ समन्वय समिति की बैठक में कई विभागों की लापरवाही उजागर, स्कूल से अस्पताल तक व्यवस्था सुधारने का आदेश
केटी न्यूज/बक्सर
जिलाधिकारी साहिला की अध्यक्षता में सोमवार को समाहरणालय स्थित सभाकक्ष में आयोजित जिला समन्वय समिति की बैठक में प्रशासनिक कार्यों की समीक्षा के दौरान कई विभागों की लापरवाही उजागर हुई। बैठक में डीएम ने सख्त रुख अपनाते हुए संबंधित अधिकारियों को स्पष्टीकरण देने और कार्यों में तत्काल सुधार लाने के निर्देश दिए।सबसे पहले गैस सिलेंडर डिलीवरी व्यवस्था की समीक्षा में यह सामने आया कि कई गैस एजेंसियां अब तक 25 मार्च तक की ही आपूर्ति कर पाई हैं। इससे उपभोक्ताओं की लंबी कतारें लग रही हैं और परेशानी बढ़ रही है। इस पर डीएम ने जिला आपूर्ति पदाधिकारी को संबंधित एजेंसियों से स्पष्टीकरण लेने और व्यवस्था दुरुस्त करने का निर्देश दिया।

बैठक में मनरेगा के डीपीएम बिना पूर्व सूचना के अनुपस्थित पाए गए, जिस पर डीएम ने इसे गंभीर लापरवाही मानते हुए विशेष कार्य पदाधिकारी को उनसे जवाब-तलब करने का निर्देश दिया। वहीं मोक्षधाम और कन्या विवाह मंडप की प्रगति पर संतोषजनक जानकारी नहीं मिलने पर सहायक जिला पंचायत राज पदाधिकारी को भी नोटिस जारी करने का आदेश दिया गया।नेहरू स्मारक उच्च विद्यालय में जलनिकासी और साफ-सफाई की खराब स्थिति पर डीएम ने कड़ी नाराजगी जताई। पूर्व में दिए गए निर्देशों के बावजूद काम नहीं होने पर नगर परिषद के कार्यपालक पदाधिकारी से स्पष्टीकरण मांगा गया। डीएम ने कहा कि छात्रों को असुविधा किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

स्वास्थ्य व्यवस्था की समीक्षा में सदर अस्पताल के महत्वपूर्ण स्थानों पर होमगार्ड की तैनाती सुनिश्चित करने का निर्देश अनुमंडल पदाधिकारी को दिया गया। साथ ही निर्माणाधीन लिफ्ट की स्थिति पर कार्यपालक अभियंता बीएमएसआईसीएल और डीपीएम से रिपोर्ट मांगी गई। सिविल सर्जन को स्पष्ट निर्देश दिया गया कि अवकाश पर गए चिकित्सकों के स्थान पर वैकल्पिक व्यवस्था तुरंत की जाए।नगर निकायों को लेकर भी डीएम ने सख्ती दिखाई। सभी नगर निकायों के कार्यपालक पदाधिकारियों को नियमित कूड़ा उठाव सुनिश्चित करने, खुले में कचरा जलाने पर रोक लगाने और वेस्ट मैनेजमेंट के लिए डंपिंग साइट चिन्हित कर प्रस्ताव देने का निर्देश दिया गया।

साथ ही वार्ड स्तर पर तैनात वरीय पदाधिकारियों को नियमित निरीक्षण कर फोटो रिपोर्ट उपलब्ध कराने को कहा गया।बैठक में प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के तहत सोलर पैनल लगाने के लिए व्यापक प्रचार-प्रसार करने का निर्देश नोडल पदाधिकारी को दिया गया। डीएम ने कहा कि यह योजना आम लोगों के लिए लाभकारी है, इसलिए इसे तेजी से लागू किया जाए।राजस्व कार्यों की समीक्षा में पाया गया कि कुछ अंचलों में प्रगति संतोषजनक नहीं है। चौगाई, चौसा और डुमरांव में कम रैकिंग प्रगति पर संबंधित अधिकारियों से जवाब मांगा गया।

अतिक्रमण, दाखिल-खारिज, भूमि विवाद और ई-मापी के मामलों में तेजी लाने के निर्देश सभी अंचलाधिकारियों और भूमि सुधार उप समाहर्ताओं को दिए गए।इसके अलावा मुख्यमंत्री के जनता दरबार से प्राप्त परिवादों के त्वरित निष्पादन, सड़कों के चौड़ीकरण कार्यों को शीघ्र पूरा करने और दैनिक प्रगति रिपोर्ट उपलब्ध कराने का भी निर्देश दिया गया।बैठक के अंत में डीएम ने 23 भूमिहीन विद्यालयों के लिए भूमि चिन्हित कर प्रस्ताव जल्द उपलब्ध कराने का निर्देश देते हुए कहा कि विकास कार्यों में लापरवाही किसी भी सूरत में स्वीकार नहीं की जाएगी।

