बक्सर में एलपीजी आपूर्ति पर प्रशासन सख्त, कालाबाजारी रोकने को व्यापक निगरानी
जिले में रसोई गैस (एलपीजी) की आपूर्ति को सुचारू बनाए रखने और कालाबाजारी पर रोक लगाने के लिए जिला प्रशासन पूरी तरह सक्रिय है। जिला आपूर्ति पदाधिकारी राज कुमार ने बताया कि इंडियन ऑयल, भारत पेट्रोलियम और हिंदुस्तान पेट्रोलियम कंपनियों के अंतर्गत जिले में कुल 27 गैस एजेंसियां कार्यरत हैं। इनमें इंडियन ऑयल की 13, भारत पेट्रोलियम की 6 और हिंदुस्तान पेट्रोलियम की 8 एजेंसियां शामिल हैं।
__ 27 गैस एजेंसियों के जरिए आपूर्ति, 25–45 दिन के अंतराल पर बुकिंग की व्यवस्था लागू
केटी न्यूज/बक्सर
जिले में रसोई गैस (एलपीजी) की आपूर्ति को सुचारू बनाए रखने और कालाबाजारी पर रोक लगाने के लिए जिला प्रशासन पूरी तरह सक्रिय है। जिला आपूर्ति पदाधिकारी राज कुमार ने बताया कि इंडियन ऑयल, भारत पेट्रोलियम और हिंदुस्तान पेट्रोलियम कंपनियों के अंतर्गत जिले में कुल 27 गैस एजेंसियां कार्यरत हैं। इनमें इंडियन ऑयल की 13, भारत पेट्रोलियम की 6 और हिंदुस्तान पेट्रोलियम की 8 एजेंसियां शामिल हैं।कंपनीवार घरेलू उपभोक्ताओं की संख्या भी जारी की गई है, जिसमें इंडियन ऑयल के 2,02,360, भारत पेट्रोलियम के 57,517 तथा हिंदुस्तान पेट्रोलियम के 90,668 उपभोक्ता शामिल हैं।

13 मार्च से 10 अप्रैल तक कुल 1,34,846 गैस सिलेंडरों का वितरण किया जा चुका है, जबकि 10 अप्रैल तक एजेंसियों के पास 3,896 सिलेंडर शेष हैं।जिले में प्रतिदिन औसत मांग 6,419 सिलेंडर है, जबकि औसत आपूर्ति 5,656 सिलेंडर हो रही है। वर्तमान में 27,357 रीफिल बुकिंग लंबित हैं और लगभग 4.8 दिनों का बैकलॉग बना हुआ है।प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि शहरी क्षेत्रों में अंतिम डिलीवरी के 25 दिनों बाद और ग्रामीण क्षेत्रों में 45 दिनों बाद ही नया सिलेंडर बुक कराया जा सकेगा। जमाखोरी और कालाबाजारी पर अंकुश लगाने के लिए सभी एजेंसियों पर दंडाधिकारी और पुलिस पदाधिकारियों की तैनाती की गई है।

साथ ही अधिकारियों द्वारा लगातार निरीक्षण किया जा रहा है। अब तक दो प्राथमिकी दर्ज की जा चुकी हैं।10 अप्रैल को 47 गैस एजेंसियों और अन्य प्रतिष्ठानों का औचक निरीक्षण भी किया गया। शिकायतों के त्वरित समाधान के लिए जिला नियंत्रण कक्ष स्थापित किया गया है, जहां 941 शिकायतें प्राप्त हुईं, जिनमें से 846 का निपटारा किया जा चुका है।प्रशासन ने चेतावनी दी है कि अफवाह फैलाने वालों पर कड़ी कार्रवाई होगी। विवाह समारोह के लिए व्यावसायिक गैस प्राप्त करने हेतु आवेदन प्रक्रिया निर्धारित की गई है, जिसके तहत संबंधित अनुमंडल पदाधिकारी के माध्यम से ही गैस उपलब्ध कराई जाएगी।

