भूमि बैंक अद्यतन में तेजी लाने के निर्देश, एसडीओ ने की समीक्षा बैठक, दो दिनों में रिपोर्ट तलब
अनुमंडल पदाधिकारी डुमरांव राकेश कुमार की अध्यक्षता में भूमि बैंक के सृजन एवं अद्यतन की प्रगति को लेकर महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में अनुमंडल क्षेत्र के सभी अंचलाधिकारियों (सीओ) एवं राजस्व कर्मियों को अपने-अपने क्षेत्र अंतर्गत उपलब्ध सरकारी भूमि की पहचान, भौतिक सत्यापन तथा अभिलेखों में समुचित प्रविष्टि सुनिश्चित करने का स्पष्ट निर्देश दिया गया। एसडीओ ने कहा कि अभिलेखों का मिलान करते हुए दो दिनों के भीतर अद्यतन प्रतिवेदन अनिवार्य रूप से समर्पित किया जाए।
केटी न्यूज/डुमरांव
अनुमंडल पदाधिकारी डुमरांव राकेश कुमार की अध्यक्षता में भूमि बैंक के सृजन एवं अद्यतन की प्रगति को लेकर महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में अनुमंडल क्षेत्र के सभी अंचलाधिकारियों (सीओ) एवं राजस्व कर्मियों को अपने-अपने क्षेत्र अंतर्गत उपलब्ध सरकारी भूमि की पहचान, भौतिक सत्यापन तथा अभिलेखों में समुचित प्रविष्टि सुनिश्चित करने का स्पष्ट निर्देश दिया गया। एसडीओ ने कहा कि अभिलेखों का मिलान करते हुए दो दिनों के भीतर अद्यतन प्रतिवेदन अनिवार्य रूप से समर्पित किया जाए।

समीक्षा के दौरान एसडीओ ने सरकारी भूमि की सुरक्षा पर विशेष जोर देते हुए कहा कि चिन्हित भूमि को अतिक्रमण से मुक्त रखने के लिए नियमित निगरानी व्यवस्था सुदृढ़ की जाए। यदि किसी भी प्रकार का अवैध कब्जा सामने आता है, तो संबंधित पदाधिकारी त्वरित वैधानिक कार्रवाई सुनिश्चित करें। उन्होंने दो टूक कहा कि भूमि बैंक में दर्ज भूमि का उपयोग केवल सार्वजनिक हित एवं सरकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए ही किया जाएगा, इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही या अनियमितता बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

-- स्वास्थ्य व वेलनेस ढांचे को मिलेगी मजबूती
बैठक में स्वास्थ्य एवं वेलनेस से जुड़ी अधोसंरचनाओं के लिए आवश्यक भूमि की उपलब्धता सुनिश्चित करने पर विशेष बल दिया गया। एसडीओ ने कहा कि स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार और योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए पर्याप्त भूमि का चिन्हीकरण प्राथमिकता के आधार पर किया जाए। इससे ग्रामीण एवं शहरी दोनों क्षेत्रों में स्वास्थ्य सुविधाओं को मजबूत आधार मिलेगा।

-- आंगनबाड़ी केंद्रों के लिए सरकारी भूमि चिन्हित
वर्तमान में निजी भवनों में संचालित आंगनबाड़ी केंद्रों को लेकर भी एसडीओ ने अहम निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि ऐसे सभी आंगनबाड़ी केंद्रों के लिए सरकारी भूमि चिन्हित कर शीघ्र उपलब्ध कराई जाए, ताकि भविष्य में उनके लिए स्थायी सरकारी भवनों का निर्माण किया जा सके। इसके लिए संबंधित विभागों को समन्वय बनाकर कार्ययोजना तैयार करने का निर्देश दिया गया।

-- भूमि विवाद कम करने पर जोर
इसके अतिरिक्त भूमि अभिलेखों के नियमित अद्यतन एवं फील्ड वेरिफिकेशन को सर्वाेच्च प्राथमिकता देने को कहा गया। एसडीओ ने स्पष्ट किया कि इससे भूमि से जुड़े विवादों में कमी आएगी और प्रशासनिक कार्यों में पारदर्शिता सुनिश्चित होगी।प्रशासन की इस पहल का उद्देश्य भूमि संसाधनों का सुव्यवस्थित और पारदर्शी उपयोग करते हुए स्वास्थ्य, पोषण एवं सामाजिक कल्याण से जुड़ी योजनाओं को स्थायी एवं सुदृढ़ आधार प्रदान करना है। प्रशासनिक सख्ती और समयबद्ध कार्रवाई से भूमि बैंक व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में इसे एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
