एनीमिया मुक्त भारत अभियान में तेजी, जिले में 47 हजार से अधिक लोगों की स्क्रीनिंग

एनीमिया मुक्त भारत अभियान के तहत बक्सर जिले में एनीमिया की पहचान और समय पर उपचार सुनिश्चित करने के लिए व्यापक स्क्रीनिंग अभियान चलाया जा रहा है। 25 अगस्त से शुरू हुआ यह अभियान 30 नवंबर 2026 तक संचालित किया जाएगा।

एनीमिया मुक्त भारत अभियान में तेजी, जिले में 47 हजार से अधिक लोगों की स्क्रीनिंग

__ 2.04 लाख लाभार्थियों की जांच का लक्ष्य, अब तक 2,559 मॉडरेट और 7,705 माइल्ड एनीमिक मिले; 56 में गंभीर एनीमिया की पुष्टि

केटी न्यूज/बक्सर। 

एनीमिया मुक्त भारत अभियान के तहत बक्सर जिले में एनीमिया की पहचान और समय पर उपचार सुनिश्चित करने के लिए व्यापक स्क्रीनिंग अभियान चलाया जा रहा है। 25 अगस्त से शुरू हुआ यह अभियान 30 नवंबर 2026 तक संचालित किया जाएगा। स्वास्थ्य विभाग द्वारा जिले में अधिक से अधिक पात्र लाभार्थियों की जांच कर एनीमिया की प्रारंभिक अवस्था में पहचान करने पर विशेष जोर दिया जा रहा है।अभियान के तहत जिले को कुल 2,04,000 लाभार्थियों की स्क्रीनिंग का लक्ष्य दिया गया है। स्वास्थ्य विभाग के अनुसार अब तक 47,191 लोगों की एनीमिया स्क्रीनिंग की जा चुकी है। जांच के दौरान 2,559 लोग मॉडरेट एनीमिक, 7,705 माइल्ड एनीमिक और 56 लोग सीवियर एनीमिक पाए गए हैं।

वहीं 36,861 लोग नॉन-एनीमिक मिले हैं। एनीमिया से पीड़ित पाए गए लाभार्थियों को आवश्यक चिकित्सकीय परामर्श, उपचार और फॉलोअप की सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है।अभियान में विभिन्न आयु वर्ग और श्रेणी के लोगों को शामिल किया गया है। इनमें छह माह से पांच वर्ष तक के बच्चे, पांच से 19 वर्ष तक के बच्चे एवं किशोर-किशोरियां, गर्भवती महिलाएं, स्तनपान कराने वाली महिलाएं तथा गैर-गर्भवती और गैर-स्तनपान कराने वाली महिलाएं शामिल हैं।स्वास्थ्य विभाग की टीमें जिला से लेकर पंचायत स्तर तक स्वास्थ्य संस्थानों, हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर, आंगनबाड़ी केंद्रों, विद्यालयों और स्वास्थ्य शिविरों में स्क्रीनिंग कर रही हैं।

जांच के साथ एनीमिया से ग्रसित लाभार्थियों को आवश्यक उपचार तथा आयरन-फोलिक एसिड उपलब्ध कराने पर भी जोर दिया जा रहा है।स्वास्थ्य विभाग ने आमजन से अपील की है कि अभियान के दौरान परिवार के सभी पात्र सदस्यों की एनीमिया स्क्रीनिंग अवश्य कराएं। एनीमिया की पुष्टि होने पर चिकित्सकीय सलाह के अनुसार नियमित उपचार करें और आयरन-फोलिक एसिड का सेवन सुनिश्चित करें, ताकि एनीमिया की गंभीर स्थिति से बचा जा सके।