बक्सर में एलपीजी आपूर्ति पर सख्ती: कालाबाजारी पर नकेल, 25-45 दिन बाद ही बुकिंग की अनुमति

जिले में रसोई गैस (एलपीजी) की आपूर्ति व्यवस्था को दुरुस्त रखने और कालाबाजारी पर रोक लगाने के लिए प्रशासन ने सख्त कदम उठाए हैं। जिला आपूर्ति पदाधिकारी के अनुसार, बक्सर में इंडियन ऑयल, भारत पेट्रोलियम और हिंदुस्तान पेट्रोलियम कंपनियों के अंतर्गत कुल 27 गैस एजेंसियां संचालित हैं। इनमें इंडियन ऑयल की 13, भारत पेट्रोलियम की 6 और हिंदुस्तान पेट्रोलियम की 8 एजेंसियां शामिल हैं।

बक्सर में एलपीजी आपूर्ति पर सख्ती: कालाबाजारी पर नकेल, 25-45 दिन बाद ही बुकिंग की अनुमति

__ 27 गैस एजेंसियों से रोजाना औसतन 5,525 सिलेंडर की आपूर्ति, 27 हजार से अधिक बुकिंग लंबित; प्रशासन ने जारी किए सख्त निर्देश

केटी न्यूज/बक्सर

जिले में रसोई गैस (एलपीजी) की आपूर्ति व्यवस्था को दुरुस्त रखने और कालाबाजारी पर रोक लगाने के लिए प्रशासन ने सख्त कदम उठाए हैं। जिला आपूर्ति पदाधिकारी के अनुसार, बक्सर में इंडियन ऑयल, भारत पेट्रोलियम और हिंदुस्तान पेट्रोलियम कंपनियों के अंतर्गत कुल 27 गैस एजेंसियां संचालित हैं। इनमें इंडियन ऑयल की 13, भारत पेट्रोलियम की 6 और हिंदुस्तान पेट्रोलियम की 8 एजेंसियां शामिल हैं।जिले में घरेलू उपभोक्ताओं की संख्या भी काफी बड़ी है। इंडियन ऑयल के 2,02,360, भारत पेट्रोलियम के 57,517 और हिंदुस्तान पेट्रोलियम के 90,668 उपभोक्ता हैं। 13 मार्च से 4 मई तक कुल 2,37,889 गैस सिलेंडरों का वितरण किया जा चुका है, जबकि 4 मई तक एजेंसियों के पास 4,918 सिलेंडर का भंडार शेष है।

आपूर्ति और मांग के आंकड़ों पर नजर डालें तो जिले में प्रतिदिन औसतन 6,419 सिलेंडरों की मांग है, जबकि 5,525 सिलेंडरों की आपूर्ति हो रही है। वर्तमान में 27,361 रिफिल बुकिंग लंबित हैं, जिससे करीब 5 दिनों का बैकलॉग बना हुआ है।प्रशासन ने आपूर्ति संतुलन बनाए रखने के लिए नई व्यवस्था लागू की है। इसके तहत शहरी क्षेत्रों में उपभोक्ता अंतिम डिलीवरी के 25 दिन बाद ही नया सिलेंडर बुक कर सकेंगे, जबकि ग्रामीण क्षेत्रों में यह अवधि 45 दिन तय की गई है।कालाबाजारी और जमाखोरी पर लगाम कसने के लिए सभी गैस एजेंसियों पर दंडाधिकारी और पुलिस पदाधिकारियों की तैनाती की गई है। साथ ही, वरीय अधिकारियों द्वारा लगातार एजेंसियों और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों का भौतिक निरीक्षण किया जा रहा है।

अब तक कालाबाजारी के दो मामलों में प्राथमिकी दर्ज की जा चुकी है। 4 मई को ही चार एजेंसियों का औचक निरीक्षण किया गया।आम लोगों की शिकायतों के त्वरित समाधान के लिए जिला नियंत्रण कक्ष स्थापित किया गया है। एलपीजी आपूर्ति से संबंधित किसी भी समस्या के लिए 06183-223333 नंबर जारी किया गया है। अब तक 1,286 शिकायतें प्राप्त हुई हैं, जिनमें से 1,284 का निष्पादन किया जा चुका है, जबकि शेष पर कार्रवाई जारी है।प्रशासन ने 5 किलोग्राम के छोटे गैस सिलेंडरों की आपूर्ति प्रवासी मजदूरों के बीच सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। इसके अलावा शादी-विवाह जैसे आयोजनों के लिए वाणिज्यिक गैस आपूर्ति को लेकर भी स्पष्ट दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं।निर्देशों के अनुसार, कैटरर्स और रसोइयों को वाणिज्यिक गैस के लिए पंजीकरण कराना अनिवार्य होगा।

वहीं, जिन घरों में शादी का कार्यक्रम है, उन्हें शादी का कार्ड संलग्न कर अनुमंडल पदाधिकारी को आवेदन देना होगा, जिसमें आवश्यक सिलेंडरों की संख्या और संभावित मेहमानों का उल्लेख करना होगा।अनुमंडल पदाधिकारी मांग और उपलब्धता के आधार पर संबंधित तेल कंपनियों को निर्देश देकर कार्यक्रम के दिन गैस उपलब्ध कराएंगे। यह गैस केवल उसी कार्यक्रम में उपयोग की जा सकेगी।अब तक विवाह और श्राद्ध कार्यक्रमों के लिए बक्सर अनुमंडल में 625 और डुमरांव अनुमंडल में 493 आवेदन प्राप्त हो चुके हैं। जिलाधिकारी लगातार वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से अधिकारियों और तेल कंपनियों के साथ समीक्षा कर आवश्यक दिशा-निर्देश जारी कर रहे हैं, ताकि आम जनता को किसी प्रकार की असुविधा न हो।