जिलाधिकारी ने लोक शिकायतों की द्वितीय अपील की सुनवाई, 11 मामलों पर हुई कार्यवाही

जिले में लोक शिकायतों के त्वरित एवं प्रभावी निवारण को लेकर जिला प्रशासन गंभीर दिख रहा है। इसी क्रम में जिलाधिकारी साहिला द्वारा समाहरणालय परिसर स्थित अपने कार्यालय कक्ष में लोक शिकायत निवारण अधिनियम के तहत दायर द्वितीय अपील मामलों की सुनवाई की गई। सुनवाई में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से भी संबंधित पदाधिकारी शामिल हुए।

जिलाधिकारी ने लोक शिकायतों की द्वितीय अपील की सुनवाई, 11 मामलों पर हुई कार्यवाही

केटी न्यूज/बक्सर

जिले में लोक शिकायतों के त्वरित एवं प्रभावी निवारण को लेकर जिला प्रशासन गंभीर दिख रहा है। इसी क्रम में जिलाधिकारी साहिला द्वारा समाहरणालय परिसर स्थित अपने कार्यालय कक्ष में लोक शिकायत निवारण अधिनियम के तहत दायर द्वितीय अपील मामलों की सुनवाई की गई। सुनवाई में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से भी संबंधित पदाधिकारी शामिल हुए।इस दौरान कुल 11 मामलों की सुनवाई की गई, जो सभी लोक शिकायत अधिकार निवारण से संबंधित थे। सुनवाई के क्रम में जिलाधिकारी ने एक-एक मामले की विस्तार से समीक्षा की तथा संबंधित पदाधिकारियों से वस्तुस्थिति की जानकारी ली।

प्राप्त तथ्यों एवं अभिलेखों के आधार पर जिलाधिकारी द्वारा 11 में से 04 मामलों का निष्पादन किया गया, जबकि शेष मामलों में आवश्यक निर्देश देते हुए आगे की कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा गया।जिलाधिकारी ने सुनवाई के दौरान स्पष्ट शब्दों में कहा कि लोक शिकायत निवारण प्रणाली का उद्देश्य आम जनता की समस्याओं का समयबद्ध समाधान करना है। इसमें किसी भी स्तर पर लापरवाही या टालमटोल बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने संबंधित पदाधिकारियों को निर्देश दिया कि लंबित मामलों का शीघ्र निष्पादन सुनिश्चित करें तथा शिकायतकर्ताओं को अनावश्यक रूप से कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें।

सुनवाई में स्थापना उप समाहर्ता बक्सर, कार्यपालक पदाधिकारी नगर परिषद डुमरांव समाहरणालय से उपस्थित रहे। वहीं वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से प्रखंड विकास पदाधिकारी ब्रह्मपुर, अंचल अधिकारी इटाढ़ी, चौसा, नावानगर एवं डुमरांव भी शामिल हुए। सभी पदाधिकारियों ने अपने-अपने क्षेत्र से संबंधित मामलों में स्थिति स्पष्ट की और दिए गए निर्देशों का अनुपालन करने का आश्वासन दिया।जिला प्रशासन द्वारा नियमित रूप से की जा रही इस प्रकार की सुनवाई से आम नागरिकों में न्याय की उम्मीद मजबूत हुई है। साथ ही यह पहल प्रशासनिक पारदर्शिता एवं जवाबदेही को भी सुदृढ़ कर रही है।