रघुनाथपुर सीएचसी को सुविधाओं से लैस करने की उठी मांग, स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार की पहल
ब्रह्मपुर प्रखंड के रघुनाथपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) में स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार की मांग एक बार फिर तेज हो गई है। सामाजिक कार्यकर्ता शैलेश ओझा ने शुक्रवार को बक्सर के सिविल सर्जन शिव कुमार प्रसाद से मुलाकात कर अस्पताल में बुनियादी एवं आधुनिक चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए विस्तृत मांग-पत्र सौंपा।

__ सिविल सर्जन को सौंपा गया मांग-पत्र, महिला चिकित्सक, अल्ट्रासाउंड और ट्रॉमा सेंटर समेत आपात चिकित्सा संसाधन उपलब्ध कराने पर जोर
केटी न्यूज/ब्रह्मपुर।
ब्रह्मपुर प्रखंड के रघुनाथपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) में स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार की मांग एक बार फिर तेज हो गई है। सामाजिक कार्यकर्ता शैलेश ओझा ने शुक्रवार को बक्सर के सिविल सर्जन शिव कुमार प्रसाद से मुलाकात कर अस्पताल में बुनियादी एवं आधुनिक चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए विस्तृत मांग-पत्र सौंपा। उन्होंने स्थायी महिला चिकित्सक की पदस्थापना, अल्ट्रासाउंड सेवा शुरू करने, इमरजेंसी ट्रॉमा सेंटर की स्थापना तथा आवश्यक जीवनरक्षक चिकित्सा उपकरण उपलब्ध कराने की मांग की।सौंपे गए मांग-पत्र में कहा गया है कि रघुनाथपुर सीएचसी ब्रह्मपुर प्रखंड की 18 पंचायतों और 100 से अधिक गांवों की बड़ी आबादी के लिए प्रमुख सरकारी स्वास्थ्य केंद्र है। प्रतिदिन यहां 250 से अधिक मरीज इलाज के लिए पहुंचते हैं, जिनमें गर्भवती एवं प्रसूता महिलाओं की संख्या भी काफी रहती है।

इसके बावजूद कई आवश्यक स्वास्थ्य सेवाओं के अभाव में मरीजों को परेशानी झेलनी पड़ती है।शैलेश ओझा ने बताया कि अस्पताल में महिला चिकित्सक की नियमित उपलब्धता नहीं रहने से ग्रामीण महिलाओं को उपचार में कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। कई बार प्रतिनियोजन के कारण महिला चिकित्सक दूसरे अस्पतालों में चली जाती हैं, जिससे महिलाओं को अपनी समस्याएं पुरुष चिकित्सकों के समक्ष बताने में संकोच होता है। वहीं, अल्ट्रासाउंड सुविधा नहीं होने के कारण गर्भवती महिलाओं को जांच के लिए निजी केंद्रों या दूरस्थ अस्पतालों का रुख करना पड़ता है, जिससे समय और आर्थिक दोनों तरह का अतिरिक्त बोझ पड़ता है।उन्होंने कहा कि रघुनाथपुर सीएचसी राष्ट्रीय राजमार्ग-922 (बक्सर–पटना) और ब्रह्मपुर–कुरानसराय–मलियाबाग मुख्य मार्ग के निकट स्थित है।

राज्य सरकार द्वारा सड़क के उन्नयन के बाद इस मार्ग पर यातायात का दबाव और बढ़ने की संभावना है। ऐसे में दुर्घटनाओं के घायलों को त्वरित उपचार उपलब्ध कराने के लिए अस्पताल में ट्रॉमा सेंटर की स्थापना समय की आवश्यकता है। वर्तमान में गंभीर मरीजों को बेहतर इलाज के लिए तत्काल रेफर करना पड़ता है, जिससे उपचार में देरी की आशंका बनी रहती है।शैलेश ओझा ने उम्मीद जताई कि मांगों पर सकारात्मक कार्रवाई होने से ब्रह्मपुर प्रखंड सहित आसपास के क्षेत्रों की लाखों आबादी को बेहतर, सुलभ और गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं मिल सकेंगी। इस दौरान सीएचसी प्रभारी डॉ. जितेंद्र कुमार सिंह, रघुनाथपुर पंचायत के मुखिया अनिल राम, एकरासी पंचायत के मुखिया कमल सिंह, विंध्याचल शाही सहित कई जनप्रतिनिधि एवं गणमान्य लोग मौजूद रहे।

