डीएम साहिला ने एकलव्य आवासीय प्रशिक्षण केंद्र का किया निरीक्षण, सुविधाओं की गुणवत्ता पर दिया जोर
जिलाधिकारी साहिला ने बिहार राज्य एकलव्य आवासीय (बालक) प्रशिक्षण केंद्र सह प्लस टू सीपीएस उच्च विद्यालय, डुमरांव का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का गहन जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने केंद्र में आवासित खिलाड़ियों से सीधा संवाद स्थापित कर उनका परिचय प्राप्त किया और विभाग द्वारा उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं की विस्तृत जानकारी ली।
केटी न्यूज/डुमरांव
जिलाधिकारी साहिला ने बिहार राज्य एकलव्य आवासीय (बालक) प्रशिक्षण केंद्र सह प्लस टू सीपीएस उच्च विद्यालय, डुमरांव का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का गहन जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने केंद्र में आवासित खिलाड़ियों से सीधा संवाद स्थापित कर उनका परिचय प्राप्त किया और विभाग द्वारा उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं की विस्तृत जानकारी ली।भ्रमण के क्रम में जिलाधिकारी ने खिलाड़ियों से उनके प्रशिक्षण, आवासन, भोजन, स्वास्थ्य एवं अन्य मूलभूत आवश्यकताओं के बारे में सवाल पूछे।खिलाड़ियों ने अपनी समस्याओं और जरूरतों से जिलाधिकारी को अवगत कराया।

इस पर डीएम साहिला ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया कि खिलाड़ियों को हर हाल में बेहतर, सुरक्षित और अनुकूल वातावरण उपलब्ध कराया जाए, ताकि वे बिना किसी परेशानी के अपने खेल कौशल को निखार सकें।जिलाधिकारी ने शारीरिक शिक्षा पदाधिकारी सह उपाधीक्षक को स्पष्ट निर्देश देते हुए कहा कि प्रशिक्षण केंद्र में उपलब्ध सुविधाओं की नियमित समीक्षा की जाए। हॉस्टल परिसर और रसोई कक्ष का विशेष निरीक्षण करते हुए उन्होंने साफ-सफाई की स्थिति पर संतोष व्यक्त नहीं किया और इसे और बेहतर बनाने का आदेश दिया।उन्होंने कहा कि स्वच्छता, पौष्टिक भोजन और सुरक्षित आवासन खिलाड़ियों के शारीरिक व मानसिक विकास के लिए अत्यंत आवश्यक है।

डीएम ने यह भी निर्देश दिया कि पेयजल, शौचालय, बिजली, खेल सामग्री तथा चिकित्सा सुविधाओं की उपलब्धता में किसी प्रकार की कमी नहीं होनी चाहिए। समय-समय पर निरीक्षण कर खामियों को दूर किया जाए। उन्होंने कहा कि एकलव्य आवासीय प्रशिक्षण केंद्र का उद्देश्य ग्रामीण और प्रतिभावान खिलाड़ियों को बेहतर अवसर प्रदान करना है, इसलिए इसमें लापरवाही बिल्कुल बर्दाश्त नहीं की जाएगी।निरीक्षण के दौरान प्रशासनिक अधिकारियों एवं केंद्र के कर्मियों को आपसी समन्वय से कार्य करते हुए खिलाड़ियों के सर्वांगीण विकास के लिए सतत प्रयास करने का निर्देश दिया गया।

