डीएम साहिला सख्त: जल संरचनाओं से हटेगा अतिक्रमण, भू-विवाद मामलों का होगा त्वरित निपटारा
समाहरणालय सभाकक्ष में मंगलवार को जिलाधिकारी साहिला की अध्यक्षता में जिला सड़क सुरक्षा समिति, मद्य निषेध, भू-विवाद, नीलाम पत्र, विधि-व्यवस्था, लोक शिकायत एवं लोक सेवा अधिकार अधिनियम की संयुक्त समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में डीएम ने विभिन्न विभागों के अधिकारियों को समयबद्ध कार्रवाई के साथ जवाबदेही तय करते हुए कई अहम निर्देश दिए।
केटी न्यूज/बक्सर
समाहरणालय सभाकक्ष में मंगलवार को जिलाधिकारी साहिला की अध्यक्षता में जिला सड़क सुरक्षा समिति, मद्य निषेध, भू-विवाद, नीलाम पत्र, विधि-व्यवस्था, लोक शिकायत एवं लोक सेवा अधिकार अधिनियम की संयुक्त समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में डीएम ने विभिन्न विभागों के अधिकारियों को समयबद्ध कार्रवाई के साथ जवाबदेही तय करते हुए कई अहम निर्देश दिए।भू-विवाद मामलों की समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी ने अनुमंडल पदाधिकारी, भूमि सुधार उप समाहर्ता बक्सर एवं डुमरांव को निर्देश दिया कि लंबित आवेदनों की गहन समीक्षा कर उनका त्वरित निष्पादन सुनिश्चित करें। साथ ही सभी मामलों की शत-प्रतिशत प्रविष्टि पोर्टल पर अनिवार्य रूप से की जाए, ताकि शिकायतों के निस्तारण में पारदर्शिता बनी रहे।

सरकारी जल संरचनाओं पर बढ़ते अतिक्रमण को गंभीरता से लेते हुए डीएम ने सभी अंचलाधिकारी, नगर परिषद के कार्यपालक पदाधिकारी तथा भूमि सुधार उप समाहर्ता को निर्देश दिया कि जिले की सभी सरकारी जल संरचनाओं के आसपास से एक सप्ताह के भीतर अतिक्रमण हटाया जाए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि जल स्रोतों की सुरक्षा प्रशासन की प्राथमिकता है।नीलाम पत्र वाद की समीक्षा के क्रम में संबंधित पदाधिकारियों को पंजी-09 एवं पंजी-10 का मिलान कराने का निर्देश दिया गया। साथ ही बड़े बकायेदारों के खिलाफ विशेष अभियान चलाकर वसूली और कानूनी कार्रवाई तेज करने को कहा गया।मद्य निषेध अभियान को लेकर जिलाधिकारी ने अधीक्षक मद्य निषेध को सख्त निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि अवैध शराब के खिलाफ जिलेभर में गहन जांच अभियान चलाया जाए।

रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड, सार्वजनिक स्थलों तथा अंतरराज्यीय वाहनों की विशेष जांच कर तस्करी पर रोक लगाई जाए।लोक सेवा अधिकार एवं लोक सेवा केंद्रों की समीक्षा के दौरान डीएम ने सभी अंचलाधिकारियों को नियमित अनुश्रवण करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि अधिक से अधिक आवेदनों का शीघ्र निष्पादन सुनिश्चित किया जाए। साथ ही लोक सेवा केंद्रों पर ऑफलाइन आवेदन भी स्वीकार कर समय पर निपटारा किया जाए, ताकि आम लोगों को अनावश्यक परेशानी न हो।बैठक में डीएम ने स्पष्ट संदेश दिया कि लापरवाही किसी भी स्तर पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी और जनता से जुड़े मामलों में तेजी से काम करना ही प्रशासन की प्राथमिकता है।

