डुमरांव में पूरा टॉवर ही चुरा ले गए चोर
डुमरांव थाना क्षेत्र में चोरों ने हैरतअंगेज वारदात को अंजाम देते हुए एक मोबाइल टॉवर को ही उखाड़कर गायब कर दिया। मामला उस समय सामने आया जब बंद पड़े टॉवर को दोबारा चालू करने की प्रक्रिया के तहत कंपनी की टीम निरीक्षण के लिए पहुंची। जांच में पाया गया कि टॉवर, जनरेटर और अन्य तकनीकी उपकरण चोरी हो चुके हैं।

__ जीटीएल इंफ्रास्ट्रक्चर लिमिटेड कंपनी का था मोबाइल टॉवर, 15 केवीए जनरेटर समेत लाखों के उपकरण गायब, कंपनी के अधिकारी ने थाने में दी लिखित शिकायत
केटी न्यूज/डुमरांव
डुमरांव थाना क्षेत्र में चोरों ने हैरतअंगेज वारदात को अंजाम देते हुए एक मोबाइल टॉवर को ही उखाड़कर गायब कर दिया। मामला उस समय सामने आया जब बंद पड़े टॉवर को दोबारा चालू करने की प्रक्रिया के तहत कंपनी की टीम निरीक्षण के लिए पहुंची। जांच में पाया गया कि टॉवर, जनरेटर और अन्य तकनीकी उपकरण चोरी हो चुके हैं। घटना को लेकर जीटीएल इंफ्रास्ट्रक्चर लिमिटेड के अधिकारी ने डुमरांव थाने में लिखित शिकायत देकर प्राथमिकी दर्ज करने की मांग की है। पुलिस मामले की जांच में जुट गई है।प्राप्त जानकारी के अनुसार जीटीएल इंफ्रास्ट्रक्चर लिमिटेड में भूमि एवं संचालन पदाधिकारी के रूप में कार्यरत बैद्यनाथ ओझा ने थाने में दिए आवेदन में बताया है कि कंपनी का एक मोबाइल टॉवर डुमरांव थाना क्षेत्र के स्थानीय नगर के वार्ड 18 स्थित हरेनाथ यादव के जमीन जिसका खाता संख्या 378 तथा प्लाट नंबर 655 में स्थित था।

यह टॉवर तकनीकी कारणों से कुछ वर्षों से बंद पड़ा था और इसे पुनः चालू करने की प्रक्रिया चल रही थी।कंपनी के अनुसार 2 जून को जब स्थल का निरीक्षण किया गया तो वहां से करीब 40 मीटर ऊंचा मोबाइल टॉवर, 15 केवीए क्षमता का डीजल जनरेटर तथा अन्य सहायक उपकरण गायब मिले। प्रथम दृष्टया आशंका है कि अज्ञात चोरों ने योजनाबद्ध तरीके से पूरे ढांचे को काटकर और खोलकर चोरी कर लिया। सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि इतनी बड़ी चोरी को अंजाम देने के लिए चोरों को कई घंटे नहीं बल्कि संभवतः दो दिनों तक लगातार काम करना पड़ा होगा, फिर भी किसी को इसकी भनक नहीं लगी।

कंपनी अधिकारियों ने अपने स्तर से जांच-पड़ताल की, जिसमें चोरी की घटना की पुष्टि हुई। इसके बाद आवश्यक दस्तावेजों और विभागीय स्वीकृति के साथ डुमरांव थाने में आवेदन देकर अज्ञात चोरों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने और कानूनी कार्रवाई की मांग की गई है।इस अनोखी चोरी ने इलाके में चर्चा का विषय बना दिया है। लोगों का कहना है कि आमतौर पर तार, बैटरी या छोटे उपकरण चोरी होने की घटनाएं सामने आती हैं, लेकिन पूरा मोबाइल टॉवर और जनरेटर गायब कर देना संगठित गिरोह की संलिप्तता की ओर इशारा करता है। पुलिस आवेदन के आधार पर मामले की छानबीन कर रही है तथा चोरी में शामिल लोगों की पहचान करने का प्रयास किया जा रहा है।

