डुमरांव अस्पताल को मिली दो नई व्हीलचेयर, समाजसेवा की मिसाल बना श्रद्धांजलि कार्यक्रम
अनुमंडलीय अस्पताल डुमरांव में बुधवार को एक सराहनीय सामाजिक पहल देखने को मिली, जहां स्वर्गीय ललिता देवी की पुण्यतिथि के अवसर पर उनकी स्मृति में अस्पताल को दो व्हीलचेयर भेंट की गईं। यह पहल न केवल दिवंगत आत्मा को श्रद्धांजलि देने का माध्यम बनी, बल्कि अस्पताल में आने वाले मरीजों की सुविधा बढ़ाने की दिशा में भी महत्वपूर्ण कदम साबित हुई।

केटी न्यूज/डुमरांव
अनुमंडलीय अस्पताल डुमरांव में बुधवार को एक सराहनीय सामाजिक पहल देखने को मिली, जहां स्वर्गीय ललिता देवी की पुण्यतिथि के अवसर पर उनकी स्मृति में अस्पताल को दो व्हीलचेयर भेंट की गईं। यह पहल न केवल दिवंगत आत्मा को श्रद्धांजलि देने का माध्यम बनी, बल्कि अस्पताल में आने वाले मरीजों की सुविधा बढ़ाने की दिशा में भी महत्वपूर्ण कदम साबित हुई। कार्यक्रम के दौरान एक व्हीलचेयर स्व. ललिता देवी के नाम पर तथा दूसरी उनके पति स्व. पशुपतिनाथ की स्मृति में समर्पित की गई। इस अवसर पर प्रशासनिक एवं चिकित्सकीय पदाधिकारियों सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे। उपस्थित लोगों ने इस पहल की सराहना करते हुए इसे समाज के लिए प्रेरणादायक बताया।

व्हीलचेयर समर्पण कार्यक्रम स्व. ललिता देवी के पुत्र विनय सर्राफ की मौजूदगी में संपन्न हुआ। इस मौके पर उन्होंने कहा कि उनके माता-पिता जीवनभर समाजसेवा के कार्यों से जुड़े रहे और उनकी स्मृति में किया गया यह छोटा-सा प्रयास जरूरतमंदों के लिए उपयोगी साबित हो, यही उनकी सच्ची श्रद्धांजलि है। उन्होंने यह भी कहा कि यदि समाज के अन्य लोग भी इसी प्रकार आगे आएं, तो स्वास्थ्य संस्थानों में सुविधाओं का विस्तार संभव हो सकेगा। कार्यक्रम में एसडीएम, एसडीपीओ, अस्पताल के प्रभारी उपाधीक्षक सहित कई प्रमुख लोग मौजूद रहे। इसके अलावा स्थानीय जनप्रतिनिधि और समाजसेवी भी कार्यक्रम में शामिल हुए। सभी ने एक स्वर में कहा कि अस्पतालों में व्हीलचेयर जैसी मूलभूत सुविधाओं की उपलब्धता मरीजों, खासकर बुजुर्गों और गंभीर रूप से बीमार लोगों के लिए अत्यंत जरूरी है।

अस्पताल प्रशासन ने इस सहयोग के लिए दानदाताओं के प्रति आभार व्यक्त किया और कहा कि यह योगदान मरीजों की सेवा में सहायक सिद्ध होगा। कार्यक्रम के अंत में उपस्थित लोगों ने स्व. ललिता देवी और स्व. पशुपतिनाथ को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए उनके आदर्शों को याद किया।

