शिक्षकों के बकाया वेतन भुगतान पर सख्त हुई शिक्षा विभाग, 12 जून तक मांगी पूरी रिपोर्ट

जिले में शिक्षकों एवं शिक्षा कर्मियों के लंबित वेतन और अन्य देय राशि के भुगतान को लेकर शिक्षा विभाग सख्त हो गया है। मुख्यमंत्री बिहार सरकार द्वारा संचालित सहयोग पोर्टल पर लगातार मिल रही शिकायतों के मद्देनजर जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (स्थापना), बक्सर ने जिले के सभी प्रखंड शिक्षा पदाधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए हैं।

शिक्षकों के बकाया वेतन भुगतान पर सख्त हुई शिक्षा विभाग, 12 जून तक मांगी पूरी रिपोर्ट

__ सहयोग पोर्टल पर मिल रही शिकायतों के बाद जिला कार्यक्रम पदाधिकारी ने जारी किया निर्देश, लापरवाही पर होगी कार्रवाई

केटी न्यूज/बक्सर

जिले में शिक्षकों एवं शिक्षा कर्मियों के लंबित वेतन और अन्य देय राशि के भुगतान को लेकर शिक्षा विभाग सख्त हो गया है। मुख्यमंत्री बिहार सरकार द्वारा संचालित सहयोग पोर्टल पर लगातार मिल रही शिकायतों के मद्देनजर जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (स्थापना), बक्सर ने जिले के सभी प्रखंड शिक्षा पदाधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए हैं।जारी पत्र में कहा गया है कि सहयोग पोर्टल पर शिक्षकों एवं कर्मियों के बकाया वेतनादि भुगतान से संबंधित शिकायतें प्राप्त हो रही हैं। इसे गंभीरता से लेते हुए सभी प्रखंड शिक्षा पदाधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्र के विद्यालयों में लंबित वेतन, अंतर राशि अथवा अन्य देय भुगतान से संबंधित मामलों की समीक्षा कर आवश्यक अभिलेख उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया है।

पत्र के अनुसार यदि किसी विद्यालय में किसी शिक्षक या कर्मी का वेतन अथवा अन्य देय राशि लंबित है, तो उससे संबंधित सभी दस्तावेज विद्यालय से प्राप्त कर प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी के माध्यम से 12 जून तक अनिवार्य रूप से उपलब्ध कराना होगा। विभाग ने स्पष्ट किया है कि निर्धारित तिथि तक यदि किसी विद्यालय से बकाया भुगतान संबंधी कागजात प्राप्त नहीं होते हैं, तो यह माना जाएगा कि संबंधित विद्यालय में किसी भी शिक्षक या कर्मी की कोई राशि लंबित नहीं है।शिक्षा विभाग ने इस मामले में जवाबदेही भी तय कर दी है। निर्देश में कहा गया है कि 12 जून के बाद यदि किसी शिक्षक या कर्मी द्वारा सहयोग पोर्टल पर बकाया भुगतान को लेकर शिकायत दर्ज कराई जाती है।

तो उसके लिए संबंधित प्रधानाध्यापक और प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी सीधे तौर पर जिम्मेदार माने जाएंगे। ऐसी स्थिति में उनके विरुद्ध विभागीय एवं अनुशासनिक कार्रवाई की जा सकती है।जिला कार्यक्रम पदाधिकारी ने सभी विद्यालय प्रधानों को भी पत्र की प्रति भेजते हुए निर्देश दिया है कि जिन शिक्षकों एवं कर्मियों की अंतर राशि अथवा अन्य भुगतान लंबित है, उससे संबंधित दस्तावेज शीघ्र उपलब्ध कराएं ताकि भुगतान प्रक्रिया में किसी प्रकार की बाधा न आए।विभाग के इस निर्देश के बाद जिले के विद्यालयों में लंबित भुगतान मामलों की समीक्षा तेज होने की संभावना है। शिक्षा विभाग का उद्देश्य शिक्षकों और कर्मियों की शिकायतों का समयबद्ध निपटारा सुनिश्चित करना तथा भुगतान संबंधी लंबित मामलों को शीघ्र समाप्त करना है।