महिला फुटबॉल का रोमांचक फाइनल: यूपी ने झारखंड को हराकर जीता शेरशाह सूरी कप
चौसा खेल मैदान पर शेरशाह सूरी जनकल्याण संस्थान के तत्वावधान में आयोजित चार दिवसीय शेरशाह सूरी फुटबॉल प्रतियोगिता का बुधवार को भव्य समापन हुआ। इस अवसर पर खेले गए महिला फुटबॉल के फाइनल मुकाबले ने दर्शकों को रोमांच से भर दिया। झारखंड एकादश और यूपी एकादश के बीच खेले गए इस खिताबी मुकाबले में यूपी की टीम ने कड़े संघर्ष के बाद झारखंड को 1-0 से पराजित कर ट्रॉफी पर कब्जा जमाया।
__ चौसा के खचाखच भरे मैदान में दिखा महिला खिलाड़ियों का जज्बा, 1-0 से निर्णायक जीत दर्ज कर यूपी बनी चैंपियन
केटी न्यूज/चौसा
चौसा खेल मैदान पर शेरशाह सूरी जनकल्याण संस्थान के तत्वावधान में आयोजित चार दिवसीय शेरशाह सूरी फुटबॉल प्रतियोगिता का बुधवार को भव्य समापन हुआ। इस अवसर पर खेले गए महिला फुटबॉल के फाइनल मुकाबले ने दर्शकों को रोमांच से भर दिया। झारखंड एकादश और यूपी एकादश के बीच खेले गए इस खिताबी मुकाबले में यूपी की टीम ने कड़े संघर्ष के बाद झारखंड को 1-0 से पराजित कर ट्रॉफी पर कब्जा जमाया।मैच की शुरुआत से ही दोनों टीमों ने आक्रामक खेल का प्रदर्शन किया। पहले हाफ में जहां झारखंड और यूपी की खिलाड़ी गोल करने के कई मौके बना सकीं, वहीं मजबूत रक्षा पंक्ति के कारण कोई भी टीम बढ़त नहीं बना पाई।

दर्शकों की तालियों और नारों के बीच खेल दूसरे हाफ में और तेज हो गया। इसी दौरान यूपी एकादश ने बेहतरीन तालमेल और तेज आक्रमण के दम पर निर्णायक गोल दागकर मैच का रुख अपने पक्ष में मोड़ दिया। झारखंड की टीम ने बराबरी के लिए भरपूर प्रयास किया, लेकिन यूपी की मजबूत डिफेंस के सामने उनके प्रयास सफल नहीं हो सके।दोनों टीमों में एक-एक राष्ट्रीय स्तर की खिलाड़ी शामिल थीं। यूपी की ओर से अबिबा और झारखंड की ओर से मनीष कुमारी ने शानदार खेल का प्रदर्शन कर दर्शकों का दिल जीत लिया। उनका खेल मैच का मुख्य आकर्षण रहा।

महिला फुटबॉल फाइनल मुकाबले का उद्घाटन आयोजन समिति के अध्यक्ष डॉ. मनोज कुमार यादव की अध्यक्षता में हुआ। मुख्य अतिथि अल्पसंख्यक मंत्री जमा खान, कार्यपालक पदाधिकारी रानी कुमारी, चेयरमैन किरण देवी एवं थानाध्यक्ष शम्भू भगत ने संयुक्त रूप से फीता काटकर मैच का शुभारंभ किया। अतिथियों ने खिलाड़ियों से परिचय प्राप्त कर उनका उत्साहवर्धन किया और खेल भावना, अनुशासन तथा आपसी भाईचारे का संदेश दिया। विजेता और उपविजेता टीम को शील्ड प्रदान कर सम्मानित किया गया।इस अवसर पर अल्पसंख्यक मंत्री जमा खान ने महिला खिलाड़ियों के प्रदर्शन की सराहना करते हुए कहा कि हार और जीत खेल का हिस्सा है, लेकिन जो हार से सीखता है वही भविष्य में विजेता बनता है।

उन्होंने चौसा खेल मैदान को स्टेडियम के रूप में विकसित कराने की घोषणा भी की, जिससे क्षेत्र में खेल गतिविधियों को नई दिशा मिलेगी।आयोजन समिति के अध्यक्ष डॉ. मनोज कुमार यादव ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों की महिला खिलाड़ियों को मंच देना संस्था का मुख्य उद्देश्य है। ऐसे आयोजन न केवल छिपी प्रतिभाओं को निखारते हैं, बल्कि समाज में खेल के प्रति सकारात्मक वातावरण भी तैयार करते हैं।मैच का सफल संचालन रेफरी पप्पू कुमार सिंह ने किया। आयोजन को सफल बनाने में प्रो. रमेशचंद श्रीवास्तव, इंजीनियर नितेश उपाध्याय, अधिवक्ता रामलखन पाल, डॉ. सुनील सिंह यादव, रामशीष सिंह, समसुद्दीन, रिजवान खान, पंकज सिंह, रामजीत गोंड़ सहित बड़ी संख्या में खेल प्रेमियों का उल्लेखनीय योगदान रहा।

