पंचायत विकास योजना को लेकर ग्राम सभाएं आयोजित, 15 अगस्त तक तैयार होगी कार्ययोजना
राजपुर प्रखंड की सभी पंचायतों में रविवार को 'पंचायत विकास दिवस' के अवसर पर विशेष ग्राम सभाओं का आयोजन किया गया। ग्राम सभाओं में वित्तीय वर्ष 2026-27 की पंचायत विकास योजना (जीपीडीपी) तैयार करने को लेकर व्यापक चर्चा हुई।

--ग्रामीणों की भागीदारी से विकास कार्यों की प्राथमिकताएं तय, पंचायत प्रतिनिधियों ने योजनाओं पर लिया सुझाव
केटी न्यूज/राजपुर
राजपुर प्रखंड की सभी पंचायतों में रविवार को 'पंचायत विकास दिवस' के अवसर पर विशेष ग्राम सभाओं का आयोजन किया गया। ग्राम सभाओं में वित्तीय वर्ष 2026-27 की पंचायत विकास योजना (जीपीडीपी) तैयार करने को लेकर व्यापक चर्चा हुई। इस दौरान ग्रामीणों से उनकी जरूरतों के अनुरूप विकास कार्यों के प्रस्ताव लिए गए और प्राथमिकताओं के आधार पर योजनाओं के चयन की प्रक्रिया शुरू की गई।अधिकारियों ने बताया कि विभाग द्वारा पंचायत विकास योजना तैयार करने की अंतिम तिथि 15 अगस्त 2026 निर्धारित की गई है। निर्धारित समय सीमा के भीतर सभी योजनाओं की ऑनलाइन प्रविष्टि सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया, ताकि 16वें वित्त आयोग की अनुशंसाओं के तहत मिलने वाली राशि समय पर पंचायतों को उपलब्ध कराई जा सके।

राजपुर पंचायत में मुखिया अनिल सिंह की अध्यक्षता में आयोजित ग्राम सभा में ग्रामीणों की सहमति से सड़क, नाली, पेयजल, स्वच्छता तथा अन्य आधारभूत सुविधाओं से जुड़ी कई योजनाओं का चयन किया गया। इस मौके पर प्रखंड पंचायत राज पदाधिकारी अभिषेक पाठक ने कहा कि पंचायतों का समग्र विकास तभी संभव है, जब ग्राम सभा में आम लोगों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित हो। उन्होंने ग्रामीणों को केंद्र एवं राज्य सरकार की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी भी दी और अधिक से अधिक लोगों से ग्राम सभाओं में शामिल होकर विकास योजनाओं के निर्माण में सहयोग करने की अपील की।

इसी प्रकार समहुता पंचायत में मुखिया रुबाना परवीन एवं प्रतिनिधि फैज अली उर्फ राहुल, कैथहरकला में मुखिया चंदा देवी के प्रतिनिधि उपेन्द्र सिंह, तियरा में रामावतार राम, खीरी में मुखिया इंद्रावती देवी, नागपुर में मुखिया शैलेंद्र सिंह तथा अकबरपुर में मुखिया चिंता देवी के प्रतिनिधि राजेश सिंह की मौजूदगी में ग्राम सभाएं आयोजित की गईं। बैठकों में आंगनबाड़ी सेविकाओं, आशा कार्यकर्ताओं, पंचायत कर्मियों तथा बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने भाग लेकर स्थानीय विकास से जुड़े सुझाव दिए।

