डुमरांव में हाईटेक चोरी का खुलासा नहीं, एक सप्ताह बाद भी पुलिस के हाथ खाली

डुमरांव के मुख्य बाजार स्थित स्टेशन रोड के गीता मोबाइल सेंटर में हुई हाईटेक चोरी की सनसनीखेज वारदात के एक सप्ताह बाद भी पुलिस के हाथ खाली हैं। करीब 40 लाख रुपये के मोबाइल और तीन लाख रुपये नकदी चोरी करने वाले अपराधियों को गिरफ्तार करना तो दूर, पुलिस अब तक यह भी पता नहीं लगा सकी है कि चोर कहां से आए थे और वारदात को अंजाम देने के बाद किस रास्ते से गायब हो गए।

डुमरांव में हाईटेक चोरी का खुलासा नहीं, एक सप्ताह बाद भी पुलिस के हाथ खाली

__ थाने के नाक तले 40 लाख के मोबाइल और तीन लाख नकदी उड़ाने वाले चोरों का सुराग तक नहीं; अन्य दो चोरी की घटनाओं का भी पखवाड़े बाद खुलासा नहीं, कारोबारियों में गहराने लगा आक्रोश

केटी न्यूज/डुमरांव।

डुमरांव के मुख्य बाजार स्थित स्टेशन रोड के गीता मोबाइल सेंटर में हुई हाईटेक चोरी की सनसनीखेज वारदात के एक सप्ताह बाद भी पुलिस के हाथ खाली हैं। करीब 40 लाख रुपये के मोबाइल और तीन लाख रुपये नकदी चोरी करने वाले अपराधियों को गिरफ्तार करना तो दूर, पुलिस अब तक यह भी पता नहीं लगा सकी है कि चोर कहां से आए थे और वारदात को अंजाम देने के बाद किस रास्ते से गायब हो गए। थाने से महज 500 मीटर और दशहरा मेले की निगरानी के लिए बने वॉच टॉवर से करीब 100 मीटर की दूरी पर हुई इस बड़ी चोरी का खुलासा नहीं होने से पुलिस की कार्यशैली और रात्रि गश्त पर सवाल उठने लगे हैं। वहीं, शहर के कारोबारियों में भी आक्रोश गहराने लगा है।

__ सात दिन बाद भी खाली हाथ, कारोबारियों का भरोसा डगमगाया

सीसीटीवी फुटेज में पीपीई किट जैसी पोशाक और नकाब पहनकर पहुंचे चोर की गतिविधियां सामने आने के बावजूद पुलिस अब तक किसी ठोस नतीजे पर नहीं पहुंच सकी है। स्क्रू ड्राइवर की मदद से शटर और कैश काउंटर खोलकर इत्मीनान से महंगे मोबाइल समेटने वाले चोरों की पेशेवर कार्यशैली ने पहले ही कारोबारियों को हैरान कर दिया था। अब एक सप्ताह बीतने के बाद भी गिरफ्तारी नहीं होने से उनकी चिंता बढ़ गई है।व्यवसायियों का कहना है कि स्टेशन रोड जैसे व्यस्त और प्रमुख मार्ग पर स्थित दुकान सुरक्षित नहीं है, तो शहर के दूसरे बाजारों और मोहल्लों की सुरक्षा की क्या गारंटी है? कारोबारियों ने पुलिस से रात्रि गश्त प्रभावी बनाने, संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखने और चोरी की घटना का शीघ्र उद्भेदन करने की मांग की है। उनका मानना है कि ऐसी घटनाओं में समय रहते कार्रवाई नहीं होने से अपराधियों का मनोबल बढ़ सकता है।

__ दो अन्य चोरियों का भी नहीं मिला सुराग

शहर में चोरी की घटनाओं का सिलसिला केवल मोबाइल सेंटर तक सीमित नहीं है। वार्ड संख्या 18 के स्टेशन बाइपास रोड से जुड़ी कॉलोनी में शिक्षक तेज नारायण सिंह तथा सफाखाना रोड निवासी निर्मला देवी के घरों में हुई चोरी की घटनाओं का भी एक पखवाड़े बाद तक खुलासा नहीं हो सका है। लगातार सामने आ रही इन घटनाओं ने आम लोगों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ा दी है।इन मामलों को लेकर पूर्व विधायक डॉ. अजीत कुमार सिंह भी पहले ही आक्रोश जता चुके हैं। उन्होंने स्थानीय पुलिस से चोरी की घटनाओं का शीघ्र खुलासा करने की मांग की थी। इसके बावजूद अब तक किसी ठोस नतीजे की जानकारी सामने नहीं आने से पुलिस की जांच की प्रगति पर सवाल उठ रहे हैं।

__ बाजार की सुरक्षा पर उठ रहे गंभीर सवाल

लगातार चोरी की घटनाओं और उनके खुलासे में हो रही देरी से डुमरांव में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर असंतोष बढ़ रहा है। कारोबारियों और स्थानीय लोगों की नजर अब पुलिस की अगली कार्रवाई पर टिकी है। सवाल यह भी है कि क्या सीसीटीवी फुटेज, घटनास्थल के आसपास की गतिविधियों और संभावित भागने के रास्तों की जांच से अपराधियों तक पहुंचने में सफलता मिलेगी?फिलहाल, मोबाइल सेंटर समेत तीन चोरी की घटनाओं का खुलासा नहीं होना पुलिस के सामने बड़ी चुनौती बना हुआ है। कारोबारियों की मांग स्पष्ट है—सिर्फ जांच का भरोसा नहीं, बल्कि अपराधियों की पहचान, गिरफ्तारी और चोरी की घटनाओं का ठोस उद्भेदन होना चाहिए।