समहुता में भूमि विवाद पर पुलिस टीम पर हमला, आधा दर्जन जवान घायल, पुलिस वाहन का शीशा टूटा
धनसोई थाना क्षेत्र के समहुता गांव में रविवार को भूमि दखल की कार्रवाई के दौरान भारी बवाल हो गया। कोर्ट के आदेश पर पहुंची पुलिस और प्रशासनिक टीम पर ग्रामीणों ने अचानक हमला कर दिया। इस घटना में छह पुलिस जवान और एक चौकीदार घायल हो गए, जबकि पुलिस का वाहन भी क्षतिग्रस्त हो गया। घायलों को इटाढ़ी सीएचसी में भर्ती कराया गया है, जहां उनकी हालत सामान्य बताई जा रही है।

-- सदर एसडीओ के आदेश पर जमीन पर दखल दिलाने गई थी राजपुर सीओ
-- ग्रामीणों ने प्रशासन पर एकपक्षीय कार्रवाई का लगाया आरोप
केटी न्यूज/बक्सर
धनसोई थाना क्षेत्र के समहुता गांव में रविवार को भूमि दखल की कार्रवाई के दौरान भारी बवाल हो गया। कोर्ट के आदेश पर पहुंची पुलिस और प्रशासनिक टीम पर ग्रामीणों ने अचानक हमला कर दिया। इस घटना में छह पुलिस जवान और एक चौकीदार घायल हो गए, जबकि पुलिस का वाहन भी क्षतिग्रस्त हो गया। घायलों को इटाढ़ी सीएचसी में भर्ती कराया गया है, जहां उनकी हालत सामान्य बताई जा रही है।
मिली जानकारी के अनुसार, विवादित जमीन खाता संख्या 235, क्षेत्रफल लगभग 6 एकड़ 99 डिसमिल (करीब 12 बीघा) की है। यह जमीन मूल रूप से अभिषेक प्रताप सिंह की थी, जिसे बाद में चंद्रकांत राय ने खरीद लिया। चंद्रकांत राय के पक्ष में एसडीएम और डीएम स्तर से लेकर उच्च न्यायालय तक से डिग्री मिल चुकी है। इसके बावजूद स्थानीय ग्रामीण इस जमीन को “शेरशाह का पोखरा” बताते हुए लंबे समय से खेल मैदान और सार्वजनिक उपयोग में लाते रहे हैं। यही स्थिति वर्षों से विवाद का कारण बनी हुई है।
-- दखल कराने पहुंची सीओ पर पथराव
रविवार को सदर एसडीओ के आदेश पर राजपुर की सीओ डॉ. शोभा कुमारी पुलिस बल और जेसीबी के साथ समहुता गांव पहुंचीं। उद्देश्य था कि चंद्रकांत राय को उनकी खरीदी हुई जमीन पर दखल दिलाना। लेकिन ग्रामीणों ने प्रशासनिक कार्रवाई को एकपक्षीय करार देते हुए विरोध करना शुरू कर दिया। देखते ही देखते स्थिति बिगड़ गई और भीड़ ने पुलिस टीम पर पथराव कर दिया।
अचानक हुए हमले से अफरा-तफरी का माहौल बन गया। पुलिसकर्मियों को चोट लगी और वाहनों के शीशे टूट गए। हालात इतने खराब हो गए कि सीओ को सुरक्षा कारणों से पहले निजी वाहन और बाद में पुलिस बस से घटनास्थल से बाहर निकालना पड़ा।
-- हालात संभालने पहुंचे आला अधिकारी
घटना की सूचना मिलते ही एसडीओ अविनाश कुमार और एसडीपीओ गौरव कुमार भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने किसी तरह स्थिति को नियंत्रित किया और ग्रामीणों को समझाने का प्रयास किया। फिलहाल पूरे गांव में अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती कर दी गई है ताकि स्थिति शांत बनी रहे और दोबारा अप्रिय घटना न हो।
-- प्रशासन का सख्त रुख
घटना के बाद पुलिस-प्रशासन ने उपद्रवियों की पहचान शुरू कर दी है। अधिकारियों ने स्पष्ट कहा है कि कानून-व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा। धनसोई थाना अध्यक्ष रितेश कुमार ने बताया कि उपद्रव करने वाले ग्रामीणों पर प्राथमिकी दर्ज की जाएगी और आगे की कार्रवाई की जाएगी।
-- जमीन विवाद ने बढ़ाई चुनौती
स्थानीय लोगों का कहना है कि जिस भूखंड को लेकर विवाद हो रहा है, वह कभी “शेरशाह का पोखरा” था और दशकों से गांव के लोग इसे सार्वजनिक स्थल मानकर इस्तेमाल करते आ रहे हैं। वहीं, चंद्रकांत राय और उनके पक्षकार कोर्ट से मिले आदेश का हवाला देकर दखल की मांग कर रहे हैं। इस कारण मामला लगातार पेचीदा होता जा रहा है।
-- माहौल तनावपूर्ण, पर काबू में
पथराव और रोड़ेबाजी के कारण रविवार को पूरे इलाके में तनाव और दहशत का माहौल रहा। देर शाम तक पुलिस बल गांव में कैंप करता रहा और प्रशासनिक अधिकारियों ने हालात पर नजर रखी। हालांकि स्थिति नियंत्रण में है, लेकिन गांव में तनाव का माहौल बरकरार है।
समहुता की यह जमीन न केवल कानूनी विवाद का हिस्सा है, बल्कि ग्रामीणों की भावनाओं से भी जुड़ी हुई है। यही कारण है कि कोर्ट और प्रशासनिक आदेश के बावजूद दखल कराना प्रशासन के लिए चुनौती बना हुआ है। रविवार की घटना ने यह स्पष्ट कर दिया कि समाधान सिर्फ कानूनी कार्रवाई से नहीं, बल्कि ग्रामीणों की भावनाओं को ध्यान में रखते हुए संवाद से ही संभव होगा।
बयान
समहुता में जमीन पर कब्जा दिलाने गई प्रशासनिक टीम पर ग्रामीणों ने मब बनाकर हमला किया है। जख्मियों का इलाज इटाढ़ी सीएचसी में चल रहा है। स्थिति नियंत्रण में है। मौके पर पुलिस टीम कैंप कर रही है। हमलावरों की पहचान की जा रही है, उन्हें शीघ्र गिरफ्तार किया जाएगा। किसी को भी कानून हाथ में लेने की छूट नहीं दी जाएगी। - गौरव पांडेय, सदर डीएसपी, बक्सर