बक्सर स्टेशन से अंतरराज्यीय महिला झपटमार गिरोह को आरपीएफ-जीआरपी ने दबोचा
बक्सर रेलवे स्टेशन पर रेल सुरक्षा बल और राजकीय रेल पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में अंतरराज्यीय महिला झपटमार गिरोह का पर्दाफाश हुआ है। प्लेटफॉर्म संख्या-02 पर चेकिंग अभियान के दौरान तीन महिलाओं को गिरफ्तार किया गया, जिनके पास से चोरी के दो सोने के लॉकेट बरामद किए गए। बताया जा रहा है कि तीनों महिलाओं ने चलती ट्रेन में एक यात्री को निशाना बनाकर झपटमारी की वारदात को अंजाम दिया था।


__ चलती ट्रेन में यात्री का सोने का लॉकेट उड़ाया, तीन महिलाओं के पास से दो लॉकेट बरामद
केटी न्यूज/बक्सर
बक्सर रेलवे स्टेशन पर रेल सुरक्षा बल और राजकीय रेल पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में अंतरराज्यीय महिला झपटमार गिरोह का पर्दाफाश हुआ है। प्लेटफॉर्म संख्या-02 पर चेकिंग अभियान के दौरान तीन महिलाओं को गिरफ्तार किया गया, जिनके पास से चोरी के दो सोने के लॉकेट बरामद किए गए। बताया जा रहा है कि तीनों महिलाओं ने चलती ट्रेन में एक यात्री को निशाना बनाकर झपटमारी की वारदात को अंजाम दिया था।जानकारी के अनुसार 12 मई की शाम करीब साढ़े छह बजे रेल सुरक्षा बल बक्सर और राजकीय रेल पुलिस बक्सर की टीम स्टेशन परिसर में सघन जांच अभियान चला रही थी। इसी दौरान ट्रेन संख्या 22670 से यात्रा कर रहे एक यात्री का माला सहित दो सोने के लॉकेट झपट लिए जाने की सूचना मिली।

सूचना मिलते ही पुलिस टीम सक्रिय हुई और प्लेटफॉर्म संख्या-02 पर संदिग्ध महिलाओं को घेराबंदी कर पकड़ लिया। तलाशी लेने पर उनके पास से चोरी किए गए दोनों सोने के लॉकेट बरामद कर लिए गए।गिरफ्तार महिलाओं की पहचान संत कबीर नगर निवासी दुर्गावती देवी, मऊ निवासी नंदिता देवी तथा खुशबू कुमारी के रूप में हुई है। पुलिस जांच में खुलासा हुआ कि तीनों महिलाएं अंतरराज्यीय अपराधी गिरोह से जुड़ी हैं और पहले भी कई जिलों में चोरी तथा झपटमारी के मामलों में जेल जा चुकी हैं।

पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार दुर्गावती देवी के खिलाफ जहानाबाद टाउन थाना में मामला दर्ज है, जबकि नंदिता देवी और खुशबू कुमारी के खिलाफ नालंदा जिले के दीपनगर थाना में चोरी और आपराधिक षड्यंत्र से जुड़े मामले पहले से दर्ज हैं। तीनों पर भारतीय न्याय संहिता की विभिन्न धाराओं के तहत कार्रवाई की गई है।राजकीय रेल पुलिस बक्सर ने तीनों महिलाओं के विरुद्ध मामला दर्ज कर उन्हें न्यायालय में पेश किया, जहां से आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई। घटना के बाद रेलवे स्टेशन और ट्रेनों में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर जांच एजेंसियां और सतर्क हो गई हैं।

