भागवत कथा में उमड़ रही आस्था, सत्संग के संदेश से भक्तिमय हुआ चौगाई
चौगाई प्रखंड के स्थानीय खेल मैदान में आयोजित श्रीमद्भागवत कथा ज्ञान यज्ञ इन दिनों क्षेत्र में आस्था और भक्ति का प्रमुख केंद्र बना हुआ है। प्रतिदिन बड़ी संख्या में श्रद्धालु कथा स्थल पर पहुंचकर भागवत कथा का श्रवण कर रहे हैं। कथा पंडाल में सुबह से लेकर देर रात तक धार्मिक वातावरण बना रहता है, जहां भजन-कीर्तन और प्रवचन से पूरा परिसर भक्तिमय हो उठता है।

__ मुरार थानाध्यक्ष ने आरती में की सहभागिता, 21 जुलाई को पूर्णाहुति; कथा के साथ मेले में भी जुट रही लोगों की भीड़
केटी न्यूज/चौगाई :
चौगाई प्रखंड के स्थानीय खेल मैदान में आयोजित श्रीमद्भागवत कथा ज्ञान यज्ञ इन दिनों क्षेत्र में आस्था और भक्ति का प्रमुख केंद्र बना हुआ है। प्रतिदिन बड़ी संख्या में श्रद्धालु कथा स्थल पर पहुंचकर भागवत कथा का श्रवण कर रहे हैं। कथा पंडाल में सुबह से लेकर देर रात तक धार्मिक वातावरण बना रहता है, जहां भजन-कीर्तन और प्रवचन से पूरा परिसर भक्तिमय हो उठता है।शुक्रवार को मुरार थानाध्यक्ष नेहा कुमारी कथा स्थल पहुंचीं और भगवान की आरती में शामिल होकर पूजा-अर्चना की। इस दौरान उन्होंने आयोजन समिति और ग्रामीणों द्वारा धार्मिक एवं सांस्कृतिक परंपराओं को जीवंत बनाए रखने के प्रयास की सराहना करते हुए आयोजन की सफलता के लिए शुभकामनाएं दीं। उनके आगमन पर आयोजन समिति के सदस्यों ने उनका स्वागत किया।

कथा वाचक हलचल बाबा ने अपने प्रवचन में सत्संग के महत्व पर विस्तार से प्रकाश डालते हुए कहा कि मनुष्य के जीवन को सही दिशा देने में सत्संग की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। उन्होंने कहा कि सत्संग व्यक्ति के भीतर सकारात्मक सोच, सदाचार, संयम और सेवा भाव का विकास करता है। जीवन की कठिन परिस्थितियों में भी सत्संग मनुष्य को धैर्य और आत्मबल प्रदान करता है। उन्होंने श्रद्धालुओं से धार्मिक मूल्यों को अपनाकर समाज में प्रेम, सद्भाव और नैतिकता का संदेश फैलाने का आह्वान किया।प्रवचन के दौरान श्रद्धालु पूरे मनोयोग से कथा का श्रवण करते नजर आए। कथा पंडाल में महिलाओं, युवाओं और बुजुर्गों की उल्लेखनीय उपस्थिति रही। श्रद्धालुओं ने भजन-कीर्तन में भी बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया, जिससे पूरा वातावरण भक्तिमय बना रहा।

आयोजन समिति के सदस्यों ने बताया कि श्रीमद्भागवत कथा ज्ञान यज्ञ की पूर्णाहुति 21 जुलाई को वैदिक विधि-विधान के साथ होगी। इस अवसर पर विशेष पूजा-अर्चना, हवन और प्रसाद वितरण का कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के शामिल होने की संभावना है।धार्मिक आयोजन के साथ कथा स्थल पर लगे मेले में भी लोगों की अच्छी-खासी भीड़ उमड़ रही है। गाजीपुर, बलिया और बिक्रमगंज सहित विभिन्न क्षेत्रों से पहुंचे दुकानदारों ने सजावटी एवं घरेलू उपयोग की वस्तुओं की दुकानें लगाई हैं। बच्चों और युवाओं के आकर्षण के लिए चरखी, झूले तथा अन्य मनोरंजन के साधन भी उपलब्ध हैं। कथा और मेले के इस संगम ने पूरे क्षेत्र को उत्सवमय बना दिया है, वहीं आयोजन की सफलता में ग्रामीणों का उत्साहपूर्ण सहयोग लगातार बना हुआ है।

