आंधी-पानी का डुमरांव में पड़ा व्यापक असर, कई जगहों पर पेड़ गिरने से ठप रहा परिचालन
बुधवार की शाम आई आंधी-पानी का डुमरांव में व्यापक असर पड़ा है। तेज आंधी में स्टेशन रोड, राजगढ़ चौक, नहर मार्ग, सुप्रभात कॉलोनी समेत आधा दर्जन से अधिक जगहों पर पेड़ उखड़ कर सड़क पर गिर गए थे, जिस कारण देर तक परिचालन विद्युत आपूर्ति बाधित रहा। कई जगहों पर तो पेड़ या शेड उखड़कर विद्युत तार पर पर गिर गए थे।
-- शहर के कई हिस्सों में मध्य रात्रि तक ठप रही विद्युत आपूर्ति, दूसरे दिन भी स्टेशन रोड में पसरा रहा कीचड़
केटी न्यूज/डुमरांव
बुधवार की शाम आई आंधी-पानी का डुमरांव में व्यापक असर पड़ा है। तेज आंधी में स्टेशन रोड, राजगढ़ चौक, नहर मार्ग, सुप्रभात कॉलोनी समेत आधा दर्जन से अधिक जगहों पर पेड़ उखड़ कर सड़क पर गिर गए थे, जिस कारण देर तक परिचालन विद्युत आपूर्ति बाधित रहा। कई जगहों पर तो पेड़ या शेड उखड़कर विद्युत तार पर पर गिर गए थे।आंधी-तूफान से विद्युत विभाग को भारी क्षति पहुंची है, करीब दो-तीन पोल भी टूट गए है, जबकि उपकरणों को भी क्षति पहुंची है। जिसका सीधा असर विद्युत आपूर्ति पर पड़ा।मिली जानकारी के अनुसार स्टेशन रोड में पुराने प्रखंड कार्यालय कार्यालय के सामने सड़क किनारे स्थित एक कदंब का पेड़ आंधी में जड़ से उखड़ सड़क पर गिर गया था। जिस कारण स्टेशन रोड में परिचालन पूरी तरह से ठप हो गया था। करीब दो घंटे बाद सड़क पर गिरे पेड़ को हटाया गया।

इस दौरान स्टेशन रोड में करीब दो तीन किलोमीटर लंबा जाम लग गया था।हालांकि, स्थानीय पुलिस की तत्परता से तुरंत परिचालन बहाल हो गया। डुमरांव थाने के एसआई रविशंकर पांडेय बारिश के बीच प्रखंड कार्यालय पहुंच ट्रैफिक व्यवस्था को सुचारू कराते रहे।वहीं, राजगढ़ के पास सैकड़ो वर्ष पुराना एक पाकड़ का पेड़ भी उखड़ गया था, गनीमत रही कि इस दौरान जान-माल की क्षति नहीं हुई। बता दें कि राजगढ़ चौक डुमरांव का सबसे रिहायशी इलाका है। वहीं, डुमरांव राजवाहा मार्ग पर टेढ़की पुल से आगे जामुन का एक विशाल पेड़ उखड़कर डुमरांव राजवाहा में गिर गया था। जबकि सुप्रभात कॉलोनी, कृषि कॉलेज के पीछे आदि जगहों पर पेड़ तथा शेड विद्युत तार पर गिर गए थे, जिस कारण विद्युत आपूर्ति चरमरा गई थी।

-- अंधेरे में डूबा रहा शहर
आंधी-पानी के बाद विद्युत आपूर्ति ठप होने से पूरा शहर अंधेरे में डूबा रहा। यही हाल ग्रामीण क्षेत्रों का भी रहा। हालांकि, शहरी क्षेत्र मंे मध्य रात्रि के बाद बिजली आपूर्ति बहाल हो गई थी, लेकिन ग्रामीण क्षेत्रों में पूरी रात बिजली गायब थी। जिस कारण लोगों को भारी कठिनाई का सामना करना पड़ा।
-- नहीं उठ रहा था जेई का फोन
इस दौरान बिजली आपूर्ति से महरूम उपभोक्ता बार-बार पॉवर सब स्टेशन तथा विद्युत विभाग के अधिकारियों के पास फोन लगा रहे थे, लेकिन न तो पॉवर सब स्टेशन का फोन उठ रहा था और न ही डुमरांव शहरी क्षेत्र के जेई। जिस कारण उपभोक्ताओं की परेशानी बढ़ गई थी। हालांकि, इस दौरान सहायक विद्युत अभियंता राकेश कुमार दूबे जरूर उपभोक्ताओं को राहत का मरहम लगा रहे थे, लेकिन सीमित संसाधनों व मानबलो की कमी से लोग घंटो विद्युत आपूर्ति से महरूम रहे।

-- स्टेशन रोड में दूसरे दिन भी पसरा रहा कीचड़
आंधी-बारिश का असर दूसरे दिन भी देखने को मिला। गुरूवार को दोहपर तक जहां ग्रामीण क्षेत्रों में विद्युत आपूर्ति बाधित रही, वहीं, सड़कों पर जलजमाव, कीचड़ तथा पेड़ गिरने से राहगीरों की मुश्किलेें बढ़ी रही। डुमरांव के स्टेशन रोड में गुरूवार को पूरे दिन कीचड़ पसरा रहा, जिसमें बाइक चालक फिसलकर गिरते रहे। मौसम की पहली आंधी-बारिश ने ही विद्युत विभाग और परिवहन विभाग की पोल खोल कर रख दी है।

