युवक के टूटे जबड़े का सफल सर्जरी कर युवा डेंटल सर्जन डॉ. हिमांशु पांडेय ने दिया नया जीवन
डुमरांव के युवा डेंटल एवं मैक्सिलोफेशियल सर्जन डॉ. हिमांशु पांडेय ने एक अत्यंत जटिल सर्जरी को सफलतापूर्वक अंजाम देकर सड़क दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल युवक के टूटे जबड़े और चेहरे की क्षतिग्रस्त हड्डियों का पुनर्निर्माण किया है। करीब चार घंटे तक चले ऑपरेशन के बाद मरीज की स्थिति स्थिर बताई जा रही है।

-- सड़क दुर्घटना में टूट गई थी जबड़े की कई हड्डियां, चार घंटे चली जटिल मैक्सिलोफेशियल सर्जरी, डॉ. हिमांशु पांडेय की टीम ने युवक को दी नई मुस्कान और राहत
केटी न्यूज/डुमरांव
डुमरांव के युवा डेंटल एवं मैक्सिलोफेशियल सर्जन डॉ. हिमांशु पांडेय ने एक अत्यंत जटिल सर्जरी को सफलतापूर्वक अंजाम देकर सड़क दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल युवक के टूटे जबड़े और चेहरे की क्षतिग्रस्त हड्डियों का पुनर्निर्माण किया है। करीब चार घंटे तक चले ऑपरेशन के बाद मरीज की स्थिति स्थिर बताई जा रही है। सफल सर्जरी के बाद परिजनों ने राहत की सांस लेते हुए चिकित्सक और उनकी टीम के प्रति आभार व्यक्त किया।प्राप्त जानकारी के अनुसार डुमरांव प्रखंड के नेनुआ गांव निवासी विक्रमा पाठक के 35 वर्षीय पुत्र राजीव पाठक सड़क दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल हो गए थे। दुर्घटना में उनके चेहरे और जबड़े की कई महत्वपूर्ण हड्डियां टूट गई थीं।

चोट इतनी गंभीर थी कि उन्हें बोलने, भोजन करने और सामान्य रूप से मुंह खोलने में भी कठिनाई हो रही थी।डॉ. हिमांशु पांडेय ने बताया कि जांच के दौरान मरीज में दोनों ओर की कॉनडायलर फ्रैक्चर, निचले जबड़े की मैंडिबुलर सिम्फाइसिस फ्रैक्चर, ऊपरी जबड़े के दाहिने हिस्से में मैक्सिलरी साइनस फ्लोर फ्रैक्चर, ऑर्बिटल फ्लोर फ्रैक्चर तथा जाइगोमैटिक बोन (गाल की हड्डी) फ्रैक्चर पाया गया। यह चेहरे की बहुस्तरीय और जटिल चोटों में शामिल मामला था, जिसके लिए उच्चस्तरीय ओरल एंड मैक्सिलोफेशियल सर्जरी की आवश्यकता थी।

उन्होंने बताया कि ऑपरेशन के दौरान आधुनिक शल्य तकनीकों का उपयोग करते हुए टूट चुकी हड्डियों को उनकी मूल स्थिति में स्थापित किया गया तथा विशेष फिक्सेशन तकनीक की मदद से स्थिर किया गया। सर्जरी का मुख्य उद्देश्य चेहरे की संरचना को पुनर्स्थापित करना, जबड़े की कार्यक्षमता को सुरक्षित रखना तथा भविष्य में किसी प्रकार की विकृति या जटिलता को रोकना था।डॉ. पांडेय ने कहा कि यह उनके करियर की चुनौतीपूर्ण सर्जरियों में से एक थी, लेकिन पूरी टीम के समन्वित प्रयास से ऑपरेशन सफल रहा। इस जटिल प्रक्रिया में उनके साथ जूनियर चिकित्सक डॉ. हितेश रंजन तथा सहयोगी सतीश तिवारी ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

गौरतलब है कि मूल रूप से सिमरी प्रखंड के निवासी डॉ. हिमांशु पांडेय डुमरांव के स्टेशन रोड स्थित पाल कटरा में अपना दंत एवं मैक्सिलोफेशियल सर्जरी केंद्र संचालित करते हैं। वे बक्सर जिले में जटिल चेहरे और जबड़े की सर्जरी के लिए विशेष पहचान रखते हैं। अब तक वे सड़क दुर्घटनाओं और अन्य कारणों से घायल हुए अनेक मरीजों का सफल उपचार कर चुके हैं, जिससे लोगों को पटना और वाराणसी जैसे बड़े शहरों का रुख करने की आवश्यकता नहीं पड़ती।मरीज राजीव पाठक के परिजनों तथा उनके रिश्तेदार आशुतोष तिवारी ने सफल उपचार के लिए डॉ. हिमांशु पांडेय और उनकी पूरी टीम के प्रति धन्यवाद ज्ञापित किया है। चिकित्सकों के अनुसार उचित देखभाल और नियमित फॉलो-अप के बाद मरीज शीघ्र ही सामान्य जीवन की ओर लौट सकेगा।

