लुंबिनी में तिरंगा लहराने वाली बेटी पंचरत्ना के स्वागत में उमड़ा बक्सर

अंतरराष्ट्रीय मंच पर स्वर्ण पदक जीतकर लौटी तियरा गांव की बेटी और बिहार पुलिस की महिला सिपाही पंचरत्ना कुमारी के स्वागत में बक्सर शहर ऐतिहासिक उत्सव का साक्षी बना। बक्सर रेलवे स्टेशन पर सैकड़ों लोगों ने फूल-मालाओं और जयघोष के साथ उनका भव्य अभिनंदन किया। खुले वाहन में हाथ में तिरंगा लिए जब उनका काफिला शहर की सड़कों से गुजरा तो हर ओर देशभक्ति और गर्व का माहौल दिखा।

लुंबिनी में तिरंगा लहराने वाली बेटी पंचरत्ना के स्वागत में उमड़ा बक्सर

केटी न्यूज/बक्सर

अंतरराष्ट्रीय मंच पर स्वर्ण पदक जीतकर लौटी तियरा गांव की बेटी और बिहार पुलिस की महिला सिपाही पंचरत्ना कुमारी के स्वागत में बक्सर शहर ऐतिहासिक उत्सव का साक्षी बना। बक्सर रेलवे स्टेशन पर सैकड़ों लोगों ने फूल-मालाओं और जयघोष के साथ उनका भव्य अभिनंदन किया। खुले वाहन में हाथ में तिरंगा लिए जब उनका काफिला शहर की सड़कों से गुजरा तो हर ओर देशभक्ति और गर्व का माहौल दिखा।शहर के अंबेडकर चौक पर उन्होंने भीमराव अंबेडकर की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि अर्पित की।

इसके बाद ज्योति चौक स्थित ज्योति प्रकाश की प्रतिमा पर भी माल्यार्पण किया गया। पूरे शहर में ढोल-नगाड़ों और गाजे-बाजे के साथ जश्न का माहौल रहा।गौरतलब है कि नेपाल के ऐतिहासिक नगर लुंबिनी में आयोजित साउथ एशिया कॉम्बैट कुश्ती चैंपियनशिप 2026 में 75 किलोग्राम भार वर्ग में पंचरत्ना कुमारी ने शानदार प्रदर्शन करते हुए स्वर्ण पदक अपने नाम किया। इस प्रतियोगिता में दक्षिण एशिया के आठ देशों की महिला पहलवानों ने हिस्सा लिया था। फाइनल मुकाबले में निर्णायक जीत के बाद समापन समारोह में नेपाल सरकार के खेल मंत्री संतोष पांडे ने उन्हें स्वर्ण पदक पहनाकर सम्मानित किया।

नालंदा जिला बल (बैच 14–15) में कार्यरत पंचरत्ना कुमारी ग्राम तियरा, थाना राजपुर, जिला बक्सर की निवासी हैं। मजदूर पिता राधेश्याम प्रसाद और गृहिणी माता सरस्वती बौद्ध की बेटी पंचरत्ना ने सीमित संसाधनों के बावजूद कठिन परिश्रम और दृढ़ संकल्प से यह मुकाम हासिल किया।उनकी इस उपलब्धि से न केवल परिवार बल्कि पूरे बक्सर और बिहार पुलिस महकमे में गर्व की लहर है। पंचरत्ना कुमारी की सफलता यह साबित करती है कि ग्रामीण पृष्ठभूमि की बेटियां भी अंतरराष्ट्रीय मंच पर देश का नाम रोशन कर सकती हैं।