शीतलहर का कहर, बक्सर में कक्षा 1 से 8 तक की पढ़ाई एक जनवरी तक बंद
जिले में लगातार बढ़ रही ठंड और गिरते तापमान को देखते हुए जिला प्रशासन ने स्कूली बच्चों के हित में बड़ा फैसला लिया है। अत्यधिक ठंड और सुबह-शाम कम तापमान की स्थिति से बच्चों के स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव की आशंका को ध्यान में रखते हुए जिला दंडाधिकारी बक्सर ने कक्षा 1 से 8 तक के सभी निजी विद्यालयों (प्री-स्कूल एवं आंगनबाड़ी केंद्रों सहित) में पठन-पाठन कार्य पर 1 जनवरी 2026 तक पूर्णतः प्रतिबंध लगा दिया है।
केटी न्यूज/बक्सर।
जिले में लगातार बढ़ रही ठंड और गिरते तापमान को देखते हुए जिला प्रशासन ने स्कूली बच्चों के हित में बड़ा फैसला लिया है। अत्यधिक ठंड और सुबह-शाम कम तापमान की स्थिति से बच्चों के स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव की आशंका को ध्यान में रखते हुए जिला दंडाधिकारी बक्सर ने कक्षा 1 से 8 तक के सभी निजी विद्यालयों (प्री-स्कूल एवं आंगनबाड़ी केंद्रों सहित) में पठन-पाठन कार्य पर 1 जनवरी 2026 तक पूर्णतः प्रतिबंध लगा दिया है।

जिला विधि प्रशाखा द्वारा जारी आदेश में कहा गया है कि मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार जिले में अभी भी अत्यधिक ठंड पड़ने की संभावना बनी हुई है। इससे छोटे बच्चों के बीमार पड़ने का खतरा बढ़ गया है। इसी को देखते हुए पहले जारी आदेश में आंशिक संशोधन करते हुए अवकाश की अवधि बढ़ाई गई है। पहले यह प्रतिबंध 25 व 27 दिसंबर तक लागू था, जिसे अब बढ़ाकर अब 1 जनवरी कर दिया गया है।

हालांकि आदेश में यह भी स्पष्ट किया गया है कि विद्यालयों में प्रशासनिक कार्य पूर्ववत संचालित होते रहेंगे। शिक्षकों और कर्मियों को विद्यालय से जुड़े अन्य कार्यों के लिए उपस्थित रहना होगा। आदेश का उल्लंघन करने वाले विद्यालयों के खिलाफ आपदा प्रबंधन अधिनियम एवं भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता की सुसंगत धाराओं के तहत कार्रवाई की चेतावनी भी दी गई है।

जिला प्रशासन के इस निर्णय से अभिभावकों ने राहत की सांस ली है। ठंड के प्रकोप में बच्चों को स्कूल भेजने की मजबूरी से निजात मिलने पर अभिभावकों ने प्रशासन के फैसले का स्वागत किया है। वहीं शिक्षा विभाग और संबंधित अधिकारियों को आदेश का सख्ती से अनुपालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।
