बक्सर में एलपीजी आपूर्ति पर सख्ती, कालाबाजारी पर कड़ा शिकंजा
जिला आपूर्ति पदाधिकारी राज कुमार की अध्यक्षता में समाहरणालय स्थित कार्यालय कक्ष में एलपीजी गैस आपूर्ति एवं वितरण व्यवस्था को लेकर प्रेस वार्ता आयोजित की गई। बैठक में जिले में गैस वितरण की स्थिति, उपलब्धता, निगरानी व्यवस्था तथा कालाबाजारी रोकने के लिए किए जा रहे उपायों की विस्तृत जानकारी दी गई।

__ 113486 सिलेंडर वितरित, 27 एजेंसियों की निगरानी तेज, शिकायतों के त्वरित निपटारे के लिए कंट्रोल रूम सक्रिय
केटी न्यूज/बक्सर
जिला आपूर्ति पदाधिकारी राज कुमार की अध्यक्षता में समाहरणालय स्थित कार्यालय कक्ष में एलपीजी गैस आपूर्ति एवं वितरण व्यवस्था को लेकर प्रेस वार्ता आयोजित की गई। बैठक में जिले में गैस वितरण की स्थिति, उपलब्धता, निगरानी व्यवस्था तथा कालाबाजारी रोकने के लिए किए जा रहे उपायों की विस्तृत जानकारी दी गई।जिला आपूर्ति पदाधिकारी ने बताया कि बक्सर जिले में इंडियन ऑयल, भारत पेट्रोलियम एवं हिंदुस्तान पेट्रोलियम के अंतर्गत कुल 27 गैस एजेंसियां संचालित हो रही हैं। इनमें इंडियन ऑयल की 13, भारत पेट्रोलियम की 6 तथा हिंदुस्तान पेट्रोलियम की 8 एजेंसियां शामिल हैं। इन एजेंसियों के माध्यम से जिले में लाखों उपभोक्ताओं तक घरेलू गैस सिलेंडर की आपूर्ति की जा रही है।

कंपनीवार उपभोक्ताओं की संख्या पर नजर डालें तो इंडियन ऑयल के 2,02,360, भारत पेट्रोलियम के 57,517 तथा हिंदुस्तान पेट्रोलियम के 90,668 घरेलू उपभोक्ता हैं। 13 मार्च से 6 अप्रैल तक कुल 1,13,486 गैस सिलेंडरों का वितरण किया जा चुका है, जबकि 6 अप्रैल तक एजेंसियों के पास 3,074 सिलेंडर का भंडार उपलब्ध था।जिले में प्रतिदिन औसतन 6,419 सिलेंडरों की मांग है, जबकि औसतन 5,750 सिलेंडरों की आपूर्ति हो रही है। वर्तमान में 27,372 गैस बुकिंग लंबित हैं, जिससे लगभग 4.8 दिनों का बैकलॉग बना हुआ है। इस स्थिति को सुधारने के लिए विभाग लगातार प्रयासरत है।

गैस वितरण व्यवस्था को सुव्यवस्थित बनाए रखने के लिए बुकिंग प्रक्रिया में भी स्पष्ट नियम लागू किए गए हैं। शहरी क्षेत्र के उपभोक्ता अंतिम सिलेंडर की आपूर्ति के 25 दिनों बाद ही नया सिलेंडर बुक कर सकते हैं, जबकि ग्रामीण क्षेत्रों में यह अवधि 45 दिन निर्धारित की गई है। इससे अनावश्यक बुकिंग पर रोक लगेगी और सभी उपभोक्ताओं को समय पर गैस उपलब्ध हो सकेगी।कालाबाजारी और जमाखोरी पर रोक लगाने के लिए जिला प्रशासन ने सख्त कदम उठाए हैं। सभी गैस एजेंसियों पर दंडाधिकारी और पुलिस पदाधिकारियों की प्रतिनियुक्ति की गई है। साथ ही जिले के वरीय पदाधिकारी, अनुमंडल पदाधिकारी, सहायक जिला आपूर्ति पदाधिकारी और प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारी लगातार गैस एजेंसियों और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों का भौतिक निरीक्षण कर रहे हैं।

जांच के दौरान जिन प्रतिष्ठानों में गैस सिलेंडर की जमाखोरी या कालाबाजारी पाई जा रही है, उन्हें चिन्हित कर सख्त कार्रवाई की जा रही है। अब तक इस मामले में बक्सर सदर अनुमंडल में दो प्राथमिकी दर्ज की जा चुकी हैं। 6 अप्रैल को भी जिले की सभी 27 गैस एजेंसियों सहित अन्य प्रतिष्ठानों का औचक निरीक्षण किया गया।आम उपभोक्ताओं की समस्याओं के समाधान के लिए जिला प्रशासन ने नियंत्रण कक्ष की स्थापना की है। एलपीजी आपूर्ति से संबंधित किसी भी शिकायत या सूचना के लिए लोग 06183-223333 पर संपर्क कर सकते हैं। 6 अप्रैल तक नियंत्रण कक्ष में कुल 823 शिकायतें प्राप्त हुई हैं, जिनमें से 746 का त्वरित निष्पादन किया जा चुका है, जबकि शेष शिकायतों पर कार्रवाई जारी है।

प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि एलपीजी, पेट्रोलियम पदार्थों या आवश्यक वस्तुओं की उपलब्धता और वितरण को लेकर किसी भी प्रकार की भ्रामक या अफवाह फैलाने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। इसके लिए सोशल मीडिया की लगातार निगरानी की जा रही है।अधिकारियों ने यह भी बताया कि निर्धारित प्रक्रिया के तहत तय अंतराल पर घर-घर आपूर्ति के माध्यम से ही गैस सिलेंडर उपलब्ध कराया जा रहा है। प्रशासन का लक्ष्य है कि हर उपभोक्ता तक समय पर और पारदर्शी तरीके से गैस पहुंचाई जाए तथा किसी भी स्तर पर अनियमितता को सख्ती से रोका जाए।

