जेल परिसर से बाहर आएगा ऐतिहासिक वामन मंदिर, श्रद्धालुओं को मिलेगी बड़ी राहत

बक्सर केंद्रीय कारा परिसर में स्थित करीब 140 वर्ष पुराने ऐतिहासिक वामन भगवान मंदिर को जेल परिसर से अलग करने की दिशा में प्रशासनिक कवायद तेज हो गई है। लंबे समय से श्रद्धालुओं द्वारा उठाई जा रही मांग अब पूरी होती नजर आ रही है।

जेल परिसर से बाहर आएगा ऐतिहासिक वामन मंदिर, श्रद्धालुओं को मिलेगी बड़ी राहत

--मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के बक्सर दौरे में हो सकती है बड़ी घोषणा, प्रशासनिक तैयारी तेज

केटी न्यूज/बक्सर

बक्सर केंद्रीय कारा परिसर में स्थित करीब 140 वर्ष पुराने ऐतिहासिक वामन भगवान मंदिर को जेल परिसर से अलग करने की दिशा में प्रशासनिक कवायद तेज हो गई है। लंबे समय से श्रद्धालुओं द्वारा उठाई जा रही मांग अब पूरी होती नजर आ रही है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के 23 मई को प्रस्तावित बक्सर दौरे के दौरान इस संबंध में महत्वपूर्ण पहल होने की संभावना जताई जा रही है।धार्मिक मान्यताओं के अनुसार बक्सर, जिसे प्राचीन काल में सिद्धाश्रम के नाम से जाना जाता था, भगवान विष्णु के पांचवें अवतार वामन भगवान की अवतरण स्थली माना जाता है। वर्ष 1880 में अंग्रेजी शासनकाल के दौरान जब बक्सर केंद्रीय कारा का निर्माण कराया गया, तब यह प्राचीन मंदिर जेल परिसर की चारदीवारी के भीतर चला गया।

इसके बाद से आम श्रद्धालुओं को मंदिर में दर्शन-पूजन के लिए जेल प्रशासन की अनुमति और सुरक्षा नियमों का पालन करना पड़ता था। खासकर महिलाओं और बुजुर्ग श्रद्धालुओं को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ता था।इसी समस्या को लेकर भाजपा नेताओं ने पूर्व में सरकार के समक्ष मंदिर को जेल परिसर से मुक्त कराने की मांग उठाई थी। भाजपा जिलाध्यक्ष ओम प्रकाश भुवन ने बताया कि उन्होंने पार्टी कार्यकर्ताओं के साथ तत्कालीन उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी को ज्ञापन सौंपकर श्रद्धालुओं की भावनाओं से अवगत कराया था। अब सरकार द्वारा इस दिशा में सकारात्मक पहल किए जाने से लोगों में खुशी का माहौल है।

भाजपा नेताओं का कहना है कि वामन भगवान मंदिर केवल आस्था का केंद्र ही नहीं बल्कि बक्सर की धार्मिक और सांस्कृतिक पहचान का महत्वपूर्ण हिस्सा भी है। मंदिर को जेल परिसर से अलग किए जाने के बाद श्रद्धालुओं को बिना किसी बाधा के दर्शन-पूजन की सुविधा मिल सकेगी। साथ ही बक्सर के धार्मिक पर्यटन को भी नई पहचान मिलने की उम्मीद है।भाजपा जिलाध्यक्ष ने मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के प्रति आभार जताते हुए कहा कि एनडीए सरकार बक्सर की धार्मिक विरासत और जनभावनाओं का सम्मान कर रही है। उन्होंने उम्मीद जताई कि आने वाले समय में बक्सर को बड़े आध्यात्मिक एवं पर्यटन केंद्र के रूप में विकसित करने की दिशा में भी ठोस कदम उठाए जाएंगे।