शहीदों की शहादत से नई पीढ़ी ले प्रेरणा : रवि उज्ज्वल कुशवाहा
डुमरांव के इतिहास में 16 अगस्त का दिन वीरता, संघर्ष और बलिदान की अमिट स्मृति के रूप में दर्ज है। भारत छोड़ो आंदोलन के दौरान अंग्रेजी हुकूमत के खिलाफ डुमरांव में हुए संघर्ष में शहीद हुए वीर सपूतों की याद में शनिवार को शहीद दिवस मनाया गया। इस अवसर पर जदयू नेता रवि उज्ज्वल कुशवाहा ने शहीद पार्क पहुंचकर वीर शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित की और उनके बलिदान को नमन किया।


__ 16 अगस्त को डुमरांव में गूंजा आजादी के रणबांकुरों का बलिदान, शहीद पार्क में जदयू नेता ने अर्पित की श्रद्धांजलि
केटी न्यूज/डुमरांव।
डुमरांव के इतिहास में 16 अगस्त का दिन वीरता, संघर्ष और बलिदान की अमिट स्मृति के रूप में दर्ज है। भारत छोड़ो आंदोलन के दौरान अंग्रेजी हुकूमत के खिलाफ डुमरांव में हुए संघर्ष में शहीद हुए वीर सपूतों की याद में शनिवार को शहीद दिवस मनाया गया। इस अवसर पर जदयू नेता रवि उज्ज्वल कुशवाहा ने शहीद पार्क पहुंचकर वीर शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित की और उनके बलिदान को नमन किया। कार्यक्रम में जदयू कार्यकर्ताओं के साथ बड़ी संख्या में स्थानीय लोग भी शामिल हुए।इस मौके पर रवि उज्ज्वल कुशवाहा ने कहा कि डुमरांव के शहीदों का बलिदान केवल इतिहास का हिस्सा नहीं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा का स्रोत है। उन्होंने कहा कि भारत छोड़ो आंदोलन के दौरान जब पूरे देश में अंग्रेजी हुकूमत के खिलाफ आंदोलन तेज था, तब डुमरांव के लोगों ने भी अदम्य साहस का परिचय दिया था।

उन्होंने बताया कि 16 अगस्त को आजादी के दीवानों का जत्था तत्कालीन डुमरांव थाना परिसर में तिरंगा फहराने के उद्देश्य से पहुंचा था। आंदोलनकारियों को रोकने के लिए अंग्रेजी पुलिस ने गोलीबारी की, जिसमें कई वीर सपूत शहीद हो गए। बावजूद इसके आंदोलनकारियों का हौसला नहीं टूटा और उन्होंने पीछे हटने के बजाय थाना परिसर में तिरंगा फहराकर अपने साहस और देशभक्ति का परिचय दिया।रवि उज्ज्वल कुशवाहा ने कहा कि 16 अगस्त डुमरांव के लिए गौरव और बलिदान का ऐतिहासिक दिवस है। शहीदों की कुर्बानी को याद करना और उनके आदर्शों को नई पीढ़ी तक पहुंचाना हम सभी की जिम्मेदारी है।

उन्होंने कहा कि आजादी की कीमत समझने के लिए युवाओं को स्वतंत्रता संग्राम के स्थानीय नायकों के संघर्ष और त्याग से परिचित कराना जरूरी है।कार्यक्रम में जदयू जिला उपाध्यक्ष वीरेंद्र कुशवाहा, नगर अध्यक्ष गोपाल प्रसाद गुप्ता, सरोज मौर्य, मिथिलेश कुशवाहा, मुखिया सिंह कुशवाहा, गोरख चौधरी, पूर्व नगर अध्यक्ष अनिल केशरी, ललित कुशवाहा सहित अन्य लोग मौजूद रहे। वक्ताओं ने शहीदों के योगदान को याद करते हुए नई पीढ़ी से उनके आदर्शों को आत्मसात करने का आह्वान किया।

