होल्डिंग रेट कहा से आईल..., - प्रदीप शरण

नगर के एक सभागार में होल्डिंग टैक्स को लेकर सामाजिक मंच की तरफ से एक प्रेसवार्ता का आयोजन किया गया था। इस प्रेसवार्ता में सामाजिक मंच के सदस्यों सहित नगर के बुद्धीजिवी लोग मौजूद रहे। इस दौरान सभी ने अपनी-अपनी बातों को रखा।

होल्डिंग रेट कहा से आईल..., - प्रदीप शरण

- सामाजिक मंच के बैनर तले होल्डिंग टैक्स को लेकर प्रेसवार्ता आयोजित

- प्रेसवार्ता में पांच बिन्दुओं पर किया गया विचार

- होल्डिंग टैक्स रेट कैसे और कहां से लाया गया, जमकर हुई बहस

केटी न्यूज, डुमरांव। 

नगर के एक सभागार में होल्डिंग टैक्स को लेकर सामाजिक मंच की तरफ से एक प्रेसवार्ता का आयोजन किया गया था। इस प्रेसवार्ता में सामाजिक मंच के सदस्यों सहित नगर के बुद्धीजिवी लोग मौजूद रहे। इस दौरान सभी ने अपनी-अपनी बातों को रखा। 

मंच के संयोजक प्रदीप शरण ने डुमरांव नगर परिषद द्वारा जबरन थोपे गए होल्डिंग टैक्स पर कटाक्ष करते हुए कहा कि ’होल्डिंग टैक्स के रेट कहवा से आईल..., उन्होंने कहा कि यह टैक्स नगर परिषद कहां से लाकर डुमरांव वासियों पर लाद दिया है, इसका कोई जवाब नहीं दे रहा है।

टैक्स की जानकारी देने के लिये पिछले साल के नवंबर माह में नप ईओ मनीष कुमार को एक मांग पत्र भी सौंपा गया था, लेकिन छह माह बितने के बाद भी नहीं दिया गया। फिर इनको जवाब देने के लिये 5 अप्रैल 2025 तक का समय दिया गया है। तय सीमा पर जवाब नहीं दिया जाताह है तो मंच धरना-प्रदर्शन के साथ ही आमरण अनशन शुरू करेगा।

सामाजिक मंच ने सवालों के जवाब में बताया कि मानक नियम को दरकिनार करते हुए बजट को पास कर दिया है। बजट पास करने से पहले प्रावधानों के तहत आम नागरिकों के साथ बैठक कर अस्पतालों, व्यवसायिक प्रतिष्ठानों, स्कूल, कॉलेजों, सरकारी संस्थानों के साथ निजी शिक्षण संस्थानों के संबंध में आम राय को अंकित किया जाता है, लेकिन ऐसा नहीं किया गया। लिहाजा लाए गए बजट को रद्द करते हुए नए सिरे से इस पर काम किया जाए।

इतना ही नहीं मंच द्वारा 28 मार्च 2025 को एक पत्र नप ईओ मनीष कुमार को दिया गया था, लेकिन उसका जवाब तक नहीं दिया गया। नप को डुमरांव शहर सहित विस्तारित क्षेत्र की जनता के साथ विश्वसघात करने नहीं दिया जाएगा। 5 अप्रैल तक जो भी जानकारी मंच द्वारा मांगा गया है, नहीं दिया जाता है तो धरना, प्रदर्शन और आमरण अनशन शुरू कर दिया जाएगा। इसकी सारी जवाबदेही नप की होगी।