बक्सर में जन्म–मृत्यु पंजीकरण को लेकर एक दिवसीय अनुमंडलीय प्रशिक्षण आयोजित
जन्म एवं मृत्यु पंजीकरण व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ व प्रभावी बनाने के उद्देश्य से सोमवार को अनुमंडल बक्सर अंतर्गत एक दिवसीय क्षमतावर्धन प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन नगर भवन, बक्सर में किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता जिला सांख्यिकी पदाधिकारी सह अपर जिला रजिस्ट्रार (जन्म एवं मृत्यु) मोती कुमार दिनकर ने की।
केटी न्यूज/बक्सर
जन्म एवं मृत्यु पंजीकरण व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ व प्रभावी बनाने के उद्देश्य से सोमवार को अनुमंडल बक्सर अंतर्गत एक दिवसीय क्षमतावर्धन प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन नगर भवन, बक्सर में किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता जिला सांख्यिकी पदाधिकारी सह अपर जिला रजिस्ट्रार (जन्म एवं मृत्यु) मोती कुमार दिनकर ने की।प्रशिक्षण कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्ज्वलन के साथ किया गया। अपने उद्घाटन संबोधन में जिला सांख्यिकी पदाधिकारी ने जन्म एवं मृत्यु पंजीकरण को प्रशासनिक एवं सामाजिक दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण बताते हुए समयबद्ध, शुद्ध एवं पूर्ण पंजीकरण पर बल दिया।

उन्होंने कहा कि यह न केवल नागरिकों के लिए आवश्यक दस्तावेज है, बल्कि सरकारी योजनाओं, जनगणना एवं नीति निर्धारण में भी इसकी अहम भूमिका है।प्रशिक्षण सत्र का संचालन हेमंत कुमार चौबे, सहायक सांख्यिकी पदाधिकारी, इटाढ़ी तथा अभय प्रताप सिंह, सहायक सांख्यिकी पदाधिकारी, जिला सांख्यिकी कार्यालय, बक्सर द्वारा किया गया। प्रशिक्षण के दौरान जन्म एवं मृत्यु पंजीकरण का प्रशासनिक ढांचा, रजिस्ट्रीकरण खंड, रजिस्ट्रार की नियुक्ति, अनुज्ञा, विशेष कार्यपालक दंडाधिकारी के आदेश, विलंब पंजीकरण, त्रुटि सुधार, प्रावधानों के उल्लंघन पर दंड, प्रयुक्त प्रपत्रों की जानकारी दी गई।

इसके साथ ही जन्म एवं मृत्यु अधिनियम 1969, संशोधित जन्म एवं मृत्यु अधिनियम 2023, बिहार राज्य जन्म एवं मृत्यु अधिनियम 1999 तथा संशोधित नियमावली 2025 के प्रावधानों पर विस्तार से प्रकाश डाला गया। बक्सर जिला अंतर्गत जीवनांक उपलब्धियों की भी समीक्षा की गई। प्रशिक्षण के दौरान पोर्टल पर निबंधन की तकनीकी जानकारी दी गई तथा प्रशिक्षणार्थियों द्वारा पूछे गए प्रश्नों का नियमसंगत समाधान किया गया।अनुमंडल स्तरीय इस प्रशिक्षण में प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी, राजपुर, बक्सर सदर एवं इटाढ़ी, प्रखंड पंचायती राज पदाधिकारी, चौसा, बक्सर व इटाढ़ी, सहायक एवं प्रखंड सांख्यिकी पदाधिकारी, पंचायत सचिव-सह-रजिस्ट्रार (जन्म एवं मृत्यु), कार्यपालक सहायक, डाटा एंट्री ऑपरेटर सहित अन्य संबंधित पदाधिकारी एवं कर्मी उपस्थित रहे।

