बक्सर में गैस आपूर्ति पर प्रशासन की कड़ी नजर, कालाबाजारी पर शिकंजा तेज

बक्सर जिले में रसोई गैस आपूर्ति व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने और जमाखोरी-कालाबाजारी पर लगाम कसने के लिए जिला प्रशासन पूरी तरह सक्रिय हो गया है। जिला आपूर्ति पदाधिकारी ने बताया कि जिले में इंडियन ऑयल, भारत पेट्रोलियम और हिंदुस्तान पेट्रोलियम की कुल 27 गैस एजेंसियां कार्यरत हैं, जिनके माध्यम से लाखों उपभोक्ताओं तक गैस सिलेंडर पहुंचाया जा रहा है।

बक्सर में गैस आपूर्ति पर प्रशासन की कड़ी नजर, कालाबाजारी पर शिकंजा तेज

__ 27 एजेंसियों से घरेलू सिलेंडर वितरण जारी, 1245 शिकायतों में 1205 का निपटारा, शादी-श्राद्ध के लिए अलग व्यवस्था लागू

केटी न्यूज/बक्सर

बक्सर जिले में रसोई गैस आपूर्ति व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने और जमाखोरी-कालाबाजारी पर लगाम कसने के लिए जिला प्रशासन पूरी तरह सक्रिय हो गया है। जिला आपूर्ति पदाधिकारी ने बताया कि जिले में इंडियन ऑयल, भारत पेट्रोलियम और हिंदुस्तान पेट्रोलियम की कुल 27 गैस एजेंसियां कार्यरत हैं, जिनके माध्यम से लाखों उपभोक्ताओं तक गैस सिलेंडर पहुंचाया जा रहा है।जिले में इंडियन ऑयल की 13, भारत पेट्रोलियम की 6 तथा हिंदुस्तान पेट्रोलियम की 8 एजेंसियां संचालित हैं। घरेलू उपभोक्ताओं की संख्या भी बड़ी है। इंडियन ऑयल के 2 लाख 2 हजार 360, भारत पेट्रोलियम के 57 हजार 517 और हिंदुस्तान पेट्रोलियम के 90 हजार 668 उपभोक्ता जिले में पंजीकृत हैं।

13 मार्च 2026 से 25 अप्रैल तक कुल 2 लाख 4 हजार 846 गैस सिलेंडरों का वितरण किया जा चुका है। वहीं 25 अप्रैल तक एजेंसियों के पास 6 हजार 562 सिलेंडरों का भंडार उपलब्ध है। जिले में प्रतिदिन औसत मांग 6419 सिलेंडर है, जबकि प्रतिदिन औसत रीफिल आपूर्ति 5535 सिलेंडर की हो रही है। फिलहाल 23 हजार 209 बुकिंग लंबित हैं, जिससे करीब 4 दिन का बैकलॉग बना हुआ है।प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि शहरी उपभोक्ताओं को अंतिम डिलीवरी के 25 दिन बाद तथा ग्रामीण उपभोक्ताओं को 45 दिन बाद ही नया सिलेंडर बुक करने की अनुमति है। यह व्यवस्था अनावश्यक बुकिंग रोकने और सभी तक समान आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए लागू की गई है।

एलपीजी की जमाखोरी और कालाबाजारी रोकने के लिए सभी गैस एजेंसियों पर दंडाधिकारी और पुलिस पदाधिकारियों की प्रतिनियुक्ति की गई है। जिले के वरीय अधिकारी, अनुमंडल पदाधिकारी, सहायक जिला आपूर्ति पदाधिकारी तथा प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारी लगातार एजेंसियों और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों की जांच कर रहे हैं। अब तक ऐसे मामलों में दो प्राथमिकी दर्ज की जा चुकी हैं।25 अप्रैल को 10 गैस एजेंसियों और अन्य प्रतिष्ठानों का औचक निरीक्षण किया गया। जिला प्रशासन ने साफ चेतावनी दी है कि गैस, पेट्रोलियम पदार्थ या आवश्यक वस्तुओं को लेकर अफवाह फैलाने वालों पर त्वरित कार्रवाई होगी। सोशल मीडिया की लगातार निगरानी की जा रही है।जन शिकायतों के त्वरित समाधान के लिए जिला नियंत्रण कक्ष भी बनाया गया है। गैस आपूर्ति से जुड़ी शिकायतों के लिए लोग दूरभाष संख्या 06183-223333 पर संपर्क कर सकते हैं।

अब तक कुल 1245 शिकायतें मिली हैं, जिनमें 1205 का निपटारा कर दिया गया है, शेष मामलों पर कार्रवाई जारी है।शादी और श्राद्ध कार्यक्रमों के लिए वाणिज्यिक गैस की अलग व्यवस्था की गई है। संबंधित व्यक्ति को निमंत्रण पत्र के साथ अनुमंडल पदाधिकारी कार्यालय में आवेदन देना होगा। मांग और उपलब्धता के आधार पर रसोइयों व कैटरर्स को सिलेंडर उपलब्ध कराया जाएगा।अब तक बक्सर अनुमंडल से 337 और डुमरांव अनुमंडल से 306 आवेदन प्राप्त हुए हैं। जिला पदाधिकारी लगातार वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से अधिकारियों और तेल कंपनियों के प्रतिनिधियों को आवश्यक निर्देश दे रहे हैं। प्रशासन का दावा है कि हर हाल में आम उपभोक्ताओं को राहत पहुंचाई जाएगी।