लापरवाही पर डीएम साहिला सख्त, अनुपस्थित अफसरों से मांगा जवाब
जिले में सरकारी योजनाओं और विकास कार्यों को गति देने को लेकर जिलाधिकारी साहिला ने सोमवार को समाहरणालय सभाकक्ष में जिला समन्वय समिति की महत्वपूर्ण बैठक की। बैठक में कार्यों की समीक्षा के दौरान लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों पर डीएम ने सख्त रुख अपनाया। बैठक से अनुपस्थित रहने वाले अधिकारियों से कारण पृच्छा करने का निर्देश दिया गया।

__ समन्वय समिति की बैठक में विकास कार्यों की समीक्षा, शिविरों में कोताही पर कार्रवाई की चेतावनी
केटी न्यूज/बक्सर
जिले में सरकारी योजनाओं और विकास कार्यों को गति देने को लेकर जिलाधिकारी साहिला ने सोमवार को समाहरणालय सभाकक्ष में जिला समन्वय समिति की महत्वपूर्ण बैठक की। बैठक में कार्यों की समीक्षा के दौरान लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों पर डीएम ने सख्त रुख अपनाया। बैठक से अनुपस्थित रहने वाले अधिकारियों से कारण पृच्छा करने का निर्देश दिया गया।बैठक में कार्यपालक अभियंता, लोक स्वास्थ्य प्रमंडल बक्सर एवं अंचलाधिकारी ब्रह्मपुर के अनुपस्थित रहने को गंभीरता से लेते हुए संबंधित पदाधिकारियों से स्पष्टीकरण मांगने का निर्देश दिया गया। वहीं अंचलाधिकारी सिमरी द्वारा वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के दौरान अन्य लोगों से बातचीत करने और पूछे गए कार्यों की जानकारी नहीं दे पाने पर भी डीएम ने नाराजगी जताई तथा कारण पृच्छा करने का आदेश दिया।

__शिविरों में अव्यवस्था पर बीडीओ चौगाई से जवाब तलब
जिले में आयोजित सहयोग शिविरों की समीक्षा के दौरान मूलभूत सुविधाओं की कमी पाए जाने पर प्रखंड विकास पदाधिकारी चौगाई से जवाब मांगा गया। जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि सहयोग शिविर आम जनता की समस्याओं के त्वरित समाधान और लोगों को सुविधा उपलब्ध कराने के उद्देश्य से लगाए जा रहे हैं। ऐसे में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।डीएम ने अनुमंडल पदाधिकारी बक्सर और डुमरांव को शिविरों से अनुपस्थित रहने वाले पदाधिकारियों की सूची और प्रतिवेदन उपलब्ध कराने का निर्देश दिया। उन्होंने सभी प्रखंड स्तरीय अधिकारियों को चेतावनी दी कि शिविरों में अनुपस्थित रहने या लापरवाही बरतने पर कठोर अनुशासनिक कार्रवाई की जाएगी। वहीं बीडीओ डुमरांव, चौसा और सिमरी द्वारा किए जा रहे कार्यों की सराहना भी की गई।

__ सरकारी भवनों के लिए भूमि उपलब्ध कराने का निर्देश
बैठक में सरकारी भूमि की उपलब्धता की समीक्षा करते हुए सभी अंचलाधिकारियों, भूमि सुधार उप समाहर्ताओं और अनुमंडल पदाधिकारियों को निर्देश दिया गया कि विभिन्न सरकारी भवनों के निर्माण के लिए भूमि चिह्नित कर प्रस्ताव उपलब्ध कराएं। यदि निर्धारित मानक के अनुसार भूमि उपलब्ध नहीं है तो नियमानुसार भूमि खरीद का प्रस्ताव एक सप्ताह के अंदर भेजने को कहा गया।
__ डिग्री कॉलेज और अपार आईडी पर जोर
जिलाधिकारी ने आगामी 1 जुलाई 2026 से शुरू होने वाले डिग्री कॉलेज की तैयारियों को समय पर पूरा करने का निर्देश जिला शिक्षा पदाधिकारी को दिया। साथ ही सभी सरकारी और निजी विद्यालयों में शत-प्रतिशत छात्र-छात्राओं का अपार आईडी बनाने के लिए विशेष अभियान चलाने और विद्यालयों के साथ बैठक करने का निर्देश दिया गया।

__ स्वास्थ्य केंद्रों में सुविधाएं दुरुस्त करने का आदेश
सिविल सर्जन बक्सर को जिले के सभी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों में मरीजों के लिए पेयजल, शौचालय, रैंप, बिजली, जेनरेटर समेत सभी आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया।जिला कल्याण पदाधिकारी को ऐसे महादलित टोलों को चिह्नित करने को कहा गया जहां अभी तक मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध नहीं हो पाई हैं और जल्द प्रस्ताव उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया।
__सड़क, अतिक्रमण और दाखिल-खारिज मामलों पर सख्ती
ज्योति चौक से बाईपास गोलंबर तक सड़क की खराब स्थिति को देखते हुए तत्काल मोटरेबल बनाने का निर्देश दिया गया, ताकि यातायात सुचारू रूप से संचालित हो सके।अतिक्रमण से जुड़े लंबित मामलों की समीक्षा करते हुए भूमि सुधार उप समाहर्ताओं को सरकारी भूमि पर अतिक्रमण के सभी मामलों का शीघ्र निष्पादन सुनिश्चित करने को कहा गया। वहीं दाखिल-खारिज के 75 दिनों से अधिक लंबित मामलों को प्राथमिकता के आधार पर निपटाने का निर्देश दिया गया।

__ समन्वय और संवेदनशीलता के साथ काम करने की अपील
सीडब्ल्यूजेसी और एमजेसी मामलों की समीक्षा करते हुए संबंधित अधिकारियों को समय पर तथ्य विवरणी तैयार करने का निर्देश दिया गया। विधि शाखा के प्रभारी पदाधिकारी को लंबित मामलों का शीघ्र निष्पादन कराने को कहा गया।बैठक के अंत में जिलाधिकारी साहिला ने सभी जिला और प्रखंड स्तरीय अधिकारियों को आपसी समन्वय के साथ विकास कार्यों में तेजी लाने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि अधिकारी संवेदना, सम्मान और पूरी निष्ठा के साथ आम लोगों की समस्याओं का समाधान सुनिश्चित करें, ताकि जिले में सुशासन और विकास की गति और मजबूत हो सके।

