लोक शिकायतों पर सख्त दिखीं डीएम साहिला, तीन मामलों का मौके पर निपटारा
समाहरणालय परिसर स्थित सभाकक्ष में गुरुवार को जिलाधिकारी साहिला ने लोक शिकायत निवारण अधिकार अधिनियम के तहत द्वितीय अपील मामलों की सुनवाई की। सुनवाई ऑफलाइन और वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग—दोनों माध्यमों से की गई, जिससे विभिन्न प्रखंडों और नगर निकायों के पदाधिकारी भी सीधे तौर पर जुड़े रहे।
केटी न्यूज/बक्सर
समाहरणालय परिसर स्थित सभाकक्ष में गुरुवार को जिलाधिकारी साहिला ने लोक शिकायत निवारण अधिकार अधिनियम के तहत द्वितीय अपील मामलों की सुनवाई की। सुनवाई ऑफलाइन और वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग—दोनों माध्यमों से की गई, जिससे विभिन्न प्रखंडों और नगर निकायों के पदाधिकारी भी सीधे तौर पर जुड़े रहे।इस दौरान कुल 09 मामलों पर विस्तार से विचार किया गया। सभी मामले लोक शिकायत अधिकार निवारण से संबंधित थे। जिलाधिकारी ने प्रत्येक परिवाद की बिंदुवार समीक्षा करते हुए संबंधित विभागों से जवाब तलब किया और लंबित मामलों में अनावश्यक देरी पर नाराजगी जताई।

सुनवाई के क्रम में 03 मामलों का निष्पादन मौके पर ही कर दिया गया, जबकि शेष मामलों में संबंधित पदाधिकारियों को समयबद्ध कार्रवाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया।डीएम ने स्पष्ट कहा कि लोक शिकायत निवारण व्यवस्था आम नागरिकों को त्वरित न्याय दिलाने का प्रभावी माध्यम है, इसलिए इसमें किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि प्रथम स्तर पर ही शिकायतों का गुणवत्तापूर्ण समाधान करें, ताकि मामलों को द्वितीय अपील तक न आना पड़े।

बैठक में स्थापना उप समाहर्ता बक्सर एवं कार्यपालक अभियंता, लोक स्वास्थ्य प्रमंडल बक्सर सभाकक्ष में उपस्थित रहे। वहीं वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से कार्यपालक पदाधिकारी नगर परिषद बक्सर, अंचलाधिकारी बक्सर, इटाढ़ी व नावानगर तथा थानाध्यक्ष वासुदेवा ओपी जुड़े रहे।जिलाधिकारी ने सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि शिकायतों के निष्पादन में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित की जाए तथा निर्धारित समय-सीमा के भीतर कार्रवाई कर अनुपालन प्रतिवेदन प्रस्तुत किया जाए। उन्होंने दोहराया कि जन समस्याओं के समाधान में प्रशासन की संवेदनशीलता ही सुशासन की पहचान है।

