बक्सर में सौंदर्यीकरण और एआई खेती पर फोकस, डीएम ने दिए सख्त निर्देश
जिलाधिकारी साहिला की अध्यक्षता में समाहरणालय स्थित सभाकक्ष में शनिवार को एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई, जिसमें जिले के प्रमुख स्थलों के सौंदर्यीकरण और कृषि में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) के उपयोग पर व्यापक चर्चा की गई। बैठक में विभिन्न विभागों के अधिकारियों को समयबद्ध और परिणामोन्मुखी कार्य करने के सख्त निर्देश दिए गए।

__ पर्यटन स्थलों के विकास, नालियों की सफाई और प्लास्टिक पर रोक के लिए 10 दिनों में ठोस कार्ययोजना बनाने का निर्देश
केटी न्यूज/बक्सर
जिलाधिकारी साहिला की अध्यक्षता में समाहरणालय स्थित सभाकक्ष में शनिवार को एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई, जिसमें जिले के प्रमुख स्थलों के सौंदर्यीकरण और कृषि में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) के उपयोग पर व्यापक चर्चा की गई। बैठक में विभिन्न विभागों के अधिकारियों को समयबद्ध और परिणामोन्मुखी कार्य करने के सख्त निर्देश दिए गए।पर्यटन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से गोलंबर स्थित पार्क के विकास पर विशेष जोर दिया गया। जिलाधिकारी ने नगर परिषद बक्सर के कार्यपालक पदाधिकारी को निर्देश दिया कि एक सप्ताह के भीतर विस्तृत कार्ययोजना तैयार कर प्रस्तुत करें। पार्क में हाईमास्ट लाइट, रंगीन लाइटिंग, आकर्षक दीवार लेखन और पौधरोपण जैसे कार्यों को प्राथमिकता देने को कहा गया।

आगामी मानसून को देखते हुए सभी नगर निकायों को पुराने कचरे की सफाई अभियान चलाने का निर्देश दिया गया। साथ ही वार्ड स्तर पर नालियों की सफाई के लिए योजना बनाने को कहा गया। इस कार्य की निगरानी अनुमंडल पदाधिकारी और भूमि सुधार उप समाहर्ता द्वारा की जाएगी।डुमरांव में काव नदी की सफाई को लेकर डीएम ने नाराजगी जाहिर की। पूर्व में निर्देश के बावजूद ठोस कार्रवाई नहीं होने पर खेद व्यक्त करते हुए तत्काल सफाई सुनिश्चित करने का आदेश दिया गया।ब्रह्मपुर स्थित बाबा ब्रह्ममेश्वर नाथ मंदिर परिसर की नियमित सफाई और सौंदर्यीकरण को लेकर भी निर्देश दिए गए। विशेष रूप से श्रावणी मेले के दौरान जल निकासी की समस्या को दूर करने के लिए मंदिर समिति के साथ समन्वय कर आवश्यक कदम उठाने को कहा गया, ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की परेशानी न हो।

जिलाधिकारी ने सिंगल यूज प्लास्टिक पर रोक लगाने के लिए स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से जागरूकता अभियान चलाने और नियमों का उल्लंघन करने वाले दुकानदारों पर जुर्माना लगाने का निर्देश दिया। साथ ही सभी प्रमुख चौक-चौराहों के सौंदर्यीकरण पर भी ध्यान देने को कहा गया।बैठक में कृषि क्षेत्र में एआई के उपयोग पर भी विशेष चर्चा हुई। जिला कृषि पदाधिकारी को इस दिशा में आवश्यक कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया। वहीं नीति आयोग के फेलो को कृषि विभाग के साथ समन्वय कर 10 दिनों के भीतर किसानों के हित में एआई आधारित कार्ययोजना प्रस्तुत करने को कहा गया।जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि सभी योजनाओं का क्रियान्वयन तय समय सीमा के भीतर होना चाहिए, ताकि जिले के विकास को नई गति मिल सके।

